जमशेदपुर : जनता कर्फ्यू में लोगों ने निभाई अपनी जिम्मेदारी, शहर में छाया रहा सन्नाटा - Live Aaryaavart

Breaking

प्रबिसि नगर कीजै सब काजा I ह्रदय राखि कौसलपुर राजा II, हरिजन जानि प्रीति अति गाढ़ी। सजल नयन पुलकावलि बाढ़ी॥, मंगल भवन अमंगल हारी I द्रवहु सुदसरथ अजिर बिहारी II, हरि अनंत हरि कथा अनंता I कहहि सुनहि बहुबिधि सब संता II, दीन दयाल बिरिदु संभारी । हरहु नाथ मम संकट भारी।I, माता पिता की सेवा करें....बुजुर्गों का ख्याल रखें...अपनी प्रतिभा और आचरण से देश का नाम रौशन करें...

रविवार, 22 मार्च 2020

जमशेदपुर : जनता कर्फ्यू में लोगों ने निभाई अपनी जिम्मेदारी, शहर में छाया रहा सन्नाटा

जनता कर्फ्यू को लेकर जमशेदपुर में हर तरफ सन्नाटा छाया रहा. सुबह से ही लोग घर से बाहर नहीं निकले. लोगों ने इस कर्फ्यू का दिलो-जान से समर्थन किया है.
janta-curfew-jamshedpur
जमशेदपुर (आर्यावर्त संवाददाता)  कोरोना वायरस से बचने के लिए प्रधानमंत्री की ओर से जनता कर्फ्यू की अपील की गई थी. जिसके बाद जमशेदपुर में सन्नाटा पसरा रहा. हवाई सेवा, सड़क मार्ग और रेल सेवाएं भी बंद रही. इस दौरान लोग अपने घरों में रहे.कर्फ्यू को लेकर पीसीआर वैन में ड्यूटी देने वाले पुलिस अधिकारी का कहना है कि जनता कर्फ्यू में जनता अपने घरों में हैं और वे भी सावधानी बरतते हुए जनता की सेवा में अपनी जिम्मेदारी निभा रहे हैं, ताकि वे जनता की सेवा कर सके. वहीं, टाटानगर रेलवे स्टेशन पर आने वाले यात्रियों का मेडिकल जांच किया जा रहा था. मामले में डॉक्टर कल्याण कुमार साहू ने बताया कि कम संख्या में पैसेंजर आ रहे हैं, लेकिन उनकी जांच पूरी तरह से की जा रही है. जनता कर्फ्यू के दिन शहर के सभी अस्पताल और नर्सिंग होम खुले रहे. सदर अस्पताल में आपातकालीन सेवा में डॉक्टर तैनात थे. हालांकि, आम दिनों की अपेक्षा बहुत ही कम संख्या में मरीज आ रहे थे. इस जनता कर्फ्यू में मेडिकल दुकानदार ने बताया कि जनता कर्फ्यू एक दिन नहीं, बल्कि इसे और बढ़ाना चाहिए, जिससे कोरोना वायरस को फैलने से रोका जा सके. शहर के सभी थाना में पुलिसकर्मी जनता कर्फ्यू के दौरान डयूटी पर तैनात रहे. उनका मानना है कि सावधानी बरतने से वायरस से बचा जा सकता है.

कोई टिप्पणी नहीं:

Loading...