झारखंड : होली फैमिली अस्पताल कोविड-19 अस्पताल के रूप में परिणत - Live Aaryaavart

Breaking

प्रबिसि नगर कीजै सब काजा I ह्रदय राखि कौसलपुर राजा II, हरिजन जानि प्रीति अति गाढ़ी। सजल नयन पुलकावलि बाढ़ी॥, मंगल भवन अमंगल हारी I द्रवहु सुदसरथ अजिर बिहारी II, हरि अनंत हरि कथा अनंता I कहहि सुनहि बहुबिधि सब संता II, दीन दयाल बिरिदु संभारी । हरहु नाथ मम संकट भारी।I, माता पिता की सेवा करें....बुजुर्गों का ख्याल रखें...अपनी प्रतिभा और आचरण से देश का नाम रौशन करें...

शुक्रवार, 3 अप्रैल 2020

झारखंड : होली फैमिली अस्पताल कोविड-19 अस्पताल के रूप में परिणत

holy-faimily-hospital-kodarma
कोडरमा,03 अप्रैल (आर्यावर्त संवाददाता)। झारखंड के मुख्यमंत्री है हेमंत सोरेन। इनके राज्य में वैश्विक महामारी कोरोना कहर अधिक नहीं है फिर भी सुरक्षात्मक कदम उठाने में पीछे नहीं हैं। उन्होंने होली फैमिली मिशन द्वारा संचालित होली फैमिली अस्पताल को अधिग्रहण करके कोविड-19 अस्पताल के रूप में परिणत कर दिया है। इसके साथ ही अब नवजात बच्चों की किलकारियां नहीं गूंजेंगी। जिले में सबसे ज्यादा प्रसव करानेवाला अस्पताल होली फैमिली अस्पताल ही है। इस अस्पताल को सरकार ने अधिग्रहण कर इसे कोविड-19 अस्पताल के रूप में परिणत कर दिया है। यहां से सभी मरीजों को दूसरे अस्पताल में शिफ्ट कर दिया गया है। अस्पताल में बेड की संख्या लगभग 150 है, जिसमें 100 बेड का कोविड अस्पताल होगा। इसके अलावा यहां मौजूद करीब 50 केबिन को आइसोलेशन सेंटर बना दिया गया है। यहां कार्यरत डॉक्टरों की संख्या करीब पांच हैं, जबकि नर्स और पारा मेडिकल स्टॉफ मिलाकर इनकी संख्या करीब 100 है। मंगलवार को यहां डब्ल्यूएचओ की टीम के द्वारा यहां के चिकित्सकों एवं चिकित्साकर्मियों को कोरोना वायरस कोविड-19 के संबंध में प्रशिक्षण दिया गया। अस्पताल के कर्मी अब आनेवाले दिनों में कोविड-19 के मरीजों के इलाज में लगेंगे। इसके अलावा कोडरमा जिला अस्पताल के डॉक्टरों को भी यहां प्रतिनियुक्त किया जाएगा। कोडरमा के सिविल सर्जन पार्वती नाग ने बताया कि अस्पताल में आइसीयू व वेंटिलेटर की व्यवस्था फिलहाल नहीं है। ऐसे में वेंटिलेटर की जरूरत वाले मरीजों को मेडिकल कॉलेज हजारीबाग में शिफ्ट करने की व्यवस्था की जाएगी। उन्होंने कहा कि इसके अलावा जो भी आवश्यक सुविधाओं एवं संसाधनों की जरूरत होगी, उसकी व्यवस्था स्वास्थ्य विभाग के द्वारा की जाएगी। कोविड-19 के तीन संदिग्ध मरीजों का सैंपल गुरुवार को जांच के लिए रिम्स भेजा गया है। बुधवार को ही इनका सैंपल जांच के लिए लिया गया था। ऐसे लोगों को कोडरमा सदर अस्पताल के आइसोलेशन वार्ड में रखा गया है। माना जा रहा है कि एक-दो दिनों में इसकी रिपोर्ट आ जाएगी। प्रवासी मजदूरों का आवागमन रुकने और जिले की सीमा सील होने के बाद कोडरमा सदर अस्पताल व अन्य स्वास्थ्य केंद्रों में स्क्रिनिग के लिए आनेवालों की तादाद में काफी कमी आयी है। गुरुवार को जिले में यह आंकड़ा 100 से भी नीचे रहा। जबकि इससे पहले कई दिनों तक प्रतिदिन 800 से 1000 तक की संख्या में लोग पहुंच रहे थे।

कोई टिप्पणी नहीं:

Loading...