बिहार : उद्यमियों को दी जाएगी हरसंभव सुविधाएं : नीतीश - Live Aaryaavart

Breaking

प्रबिसि नगर कीजै सब काजा I ह्रदय राखि कौसलपुर राजा II, हरिजन जानि प्रीति अति गाढ़ी। सजल नयन पुलकावलि बाढ़ी॥, मंगल भवन अमंगल हारी I द्रवहु सुदसरथ अजिर बिहारी II, हरि अनंत हरि कथा अनंता I कहहि सुनहि बहुबिधि सब संता II, दीन दयाल बिरिदु संभारी । हरहु नाथ मम संकट भारी।I, माता पिता की सेवा करें....बुजुर्गों का ख्याल रखें...अपनी प्रतिभा और आचरण से देश का नाम रौशन करें...

गुरुवार, 31 दिसंबर 2020

बिहार : उद्यमियों को दी जाएगी हरसंभव सुविधाएं : नीतीश

industrialist-will-get-facility-nitish
पटना :
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने आज पश्चिम चंपारण जिले के चनपटिया बाजार समिति स्थित जिला औद्योगिक नवप्रवर्तन योजना अंतर्गत नवप्रवर्तन स्टार्टअप जोन का निरीक्षण एवं परिभ्रमण किया। इस नवप्रवर्तन स्टार्टअप जोन में नोएडा, सूरत, लुधियाना, दिल्ली, अमृतसर, जैतपुर (गुजरात), कतर आदि जगहों से लॉकडाउन के दौरान बिहार वापस आये हुनरमंद लोगों द्वारा उद्यम कार्यों एवं बनाये गए उत्पादों से सुसज्जित स्टॉल का मुख्यमंत्री ने मुआयना कर पूरी जानकारी ली। निरीक्षण के क्रम में मुख्यमंत्री ने उद्यमियों से रॉ मेटेरियल, उत्पादों की मार्केटिंग, उत्पादों की गुणवत्ता एवं उनकी कीमत, नई तकनीक एवं मशीनों के माध्यम से प्रतिदिन बनाये जा रहे तरह-तरह के उत्पादों की संख्या के साथ ही उद्यमियों की जरूरतों एवं उनके दिक्कतों के विषय में विस्तृत जानकारी ली। मुख्यमंत्री ने अधिक से अधिक स्थानीय एवं नए लोगों को प्रशिक्षित करने हेतु उद्यमियों से आग्रह किया। बाजार समिति परिभ्रमण के क्रम में मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि बाजार समिति के पुराने स्ट्रक्चर का भी उपयोग उद्योग को और बढ़ावा देने के लिए किया जाय। उन्होंने कहा कि यहां काफी जगह है, जरूरत के मुताबिक इसे उपयोग में लाने की व्यवस्था सुनिश्चित करें। निरीक्षण के बाद पत्रकारों से बातचीत करते हुए सीएम नीतीश ने कहा कि कोरोना काल में लॉकडाउन के दौरान काफी तादाद में लोग बाहर से बिहार आये। हमलोगों की कोशिश रही है कि किसी को भी मजबूरी में बिहार से बाहर जाना नहीं पड़े, कोई अगर अपनी स्वेच्छा से जाना चाहता है तो वो उनका अधिकार है। बाहर से आने वाले लोगों को हमने क्वारंटाइन सेंटरों पर रखा। बाहर से आए लोगों को बिहार में ही रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने को लेकर हमने औद्योगिक नीति में बदलाव किया। औद्योगिक नीति में नया प्रावधान जोड़ा गया कि जो लोग बाहर से आयेंगे उनको यहां पर काम शुरु करने को लेकर मदद की जायेगी। बाहर से आने वाले कई लोगों ने यहां पर काम करने की इच्छा व्यक्त की। नई पॉलिसी के तहत कई जगहों पर काम शुरु किया गया।


उन्होंने कहा कि यहां आकर मुझे काफी प्रसन्नता हुई। यहां एक सेंटर बनाकर काम किया जा रहा है। यहां बढ़िया तरीके से लोग काम कर रहे हैं। यहां के उत्पाद को बिहार और देश के बाहर भी भेजा जा रहा है। नई पॉलिसी के तहत हम यहां पर काम में लगे लोगों की मदद करेंगे। यहां पर बहुत लोगों ने उद्योग लगाने की इच्छा व्यक्त की है, हमलोग हर तरह से सहयोग करेंगे। पश्चिम चंपारण में ठीक ढंग से काम शुरु हो गया है जिसको देखने हमलोग आये हैं। इन लोगों को जो भी आवश्यकता होगी उसको पूरा किया जायेगा। नई औद्योगिक नीति में यह प्रावधान किया गया है कि उद्योग शुरु करने के लिए जिनको भी जगह की आवश्यकता होगी उनको सरकार जगह उपलब्ध करायेगी। जगह उपलब्ध कराने के बाद उसको ठीक ढंग से विकसित किया जायेगा ताकि जल्द काम शुरु किया जा सके। निर्माण कार्य शुरु होने से स्थानीय लोगों को भी रोजगार मिलेगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि यहां निर्माण कार्य में नई टेक्नोलॉजी का प्रयोग किया जा रहा है। नई टेक्नोलॉजी से तैयार सामान महंगी नहीं होती और इसकी डिमांड हर जगह होती है। नई पॉलिसी के तहत उद्योग लगाने को लेकर व्यवहारिक रुप से मदद करने का प्रयास किया जा रहा है। यहां की तरह ही सभी जिलों में काम किया जाएगा। कई जिलों में काम शुरु भी हुआ है। उद्योग लगाने वालों को सरकार के द्वारा मदद भी की जा रही है। बाहर से सामान मंगवाने और यहां के माल को बाहर भेजने में भी सरकार सहयोग करेगी। इसको लेकर सारी बातें हो चुकी है। हमलोगों का मकसद है कि बिहार में रोजगार के अवसर तेजी से पैदा किये जायें। पहले से ही हमारी सरकार कीे कोशिश रही है कि बिहार में उद्योगों को बढ़ावा मिले। उन्होंने कहा कि छोटे-छोटे उद्योग के जरिये बहुत सारे लोगों को रोजगार के अवसर मिलेंगे। सात निश्चय-2 के तहत नई टेक्नोलॉजी को लेकर लोगों को ट्रेंड किया जाएगा। इससे राज्य में उद्योग एवं रोजगार के अवसर बढ़ेंगे। उन्होंने कहा कि यहां हमने लोगों से बातचीत की, सभी लोग संतुष्ट हैं, इन्हें सहयोग किया जाएगा और इसे और आगे बढ़ाया जाएगा। उन्होंने कहा कि यहां पर काम करने वाले लोगों से बात करने पर यह विश्वास पैदा हुआ है कि यहां भी अन्य जगहों की तरह बेहतर कार्य किये जा सकते हैं। बेहतर तरीके से काम हो इसके लिए सभी स्तर पर काम किये जा रहे हैं। इस तरह के उद्योग को प्रोत्साहित किया जाएगा।

कोई टिप्पणी नहीं: