देश में कोरोना का कहर जारी - Live Aaryaavart

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बुधवार, 2 दिसंबर 2020

देश में कोरोना का कहर जारी

पटना में कोरोना का केस कम नहीं हो रहा है. 24 घंटे में पटना में 233 नए मामले आए हैं जबकि पूरे प्रदेश 680 लोगों में संक्रमण की पुष्टि हुई है.कोरोना संक्रमण को लेकर बुधवार को स्वास्थ्य विभाग के प्रधान सचिव ने अधिकारियों के साथ बैठक में जांच बढ़ाने का निर्देश दिया है.....

covid-india
पटना. देश में कोरोना का कहर जारी है. देश में कोरोना मरीजों की कुल संख्या बढ़कर 95 लाख के करीब पहुंच चुकी है. वहीं पिछले 24 घंटे में कोरानावायरस संक्रमण के नये मामले 40 हजार से कम आये हैं. देश में कोरोना की जांच में भी दिन ब दिन बढ़ोतरी हो रही है. वहीं इस बीच दिल्ली-यूपी और देश के तमाम राज्यों के बाद अब ओडिशा सरकार ने कोरोना वायरस के सबसे सटीक आरटीपीसीआर टेस्ट (RT-PCR Test) को सस्ता कर दिया है. कोरोना जांच (Corona Test) की तकनीकों में इजाफा होने से लोगों को भी बड़ा राहत मिली है. कोरोना की जांच और इलाज लगातार सस्ता हो रहा है. राज्य सरकारों में जांच सस्ती करने का एक तरह का कंपटीशन सा छिड़ा हुआ है. इस कड़ी में ओडिशा ने महज 400 रुपये में आरटी-पीसीआर जांच (RT-PCR test) करने का ऐलान किया है.  कोरोना की आरटी-पीसीआर जांच (RT-PCR test rate) अभी तक 2000 से 2400 रुपये में हो रही थी. पिछले दिनों दिल्ली सरकार ने इस जांच की कीमत (Covid-19 Test Price) करने ऐलान करते हुए जांच की दर 800 रुपये कर दी थी. दिल्ली (Delhi) के बाद राजस्थान और फिर गुजरात सरकार ने प्राइवेट लैब में होने वाली कोरोना जांच की दरें कम करने का ऐलान किया.  ओडिशा सरकार (Odisha Government) ने इन सभी राज्यों को पीछे छोड़ते हुए अब तक की सबसे सस्ती जांच का ऐलान किया. ओडिशा में अब कोरोना की आरटी-पीसीआर जांच (Corona Test Charge) महज 400 रुपये में करवाई जा सकेगी. राज्य सरकार ने इस बारे में तमाम प्राइवेट लैब को नोटिफिकेशन जारी कर दिया है.  दो दिन पहले दिल्ली सरकार ने आरटी-पीसीआर जांच की दरें 2400 रुपये से घटाकर 800 रुपये की थीं. घर से सैंपल लेने का चार्ज 1200 रुपये तय किया था. दिल्ली में कोरोना महामारी (corona epidemic) के बढ़ते मामलों को ध्यान में रखते हुए दिल्ली सरकार (Delhi government) ने आम लोगों को राहत पहुंचाने के लिए यह फैसला किया था. दिल्ली में प्राइवेट लैब में RT-PCR टेस्ट कराने के लिए 2400 रुपये देने होते थे. सरकार ने इसे घटा कर अब 800 रुपये कर दिया है. अब कोई प्राइवेट लैब वाला टेस्ट के लिए 800 रुपये से ज्यादा नहीं ले सकेगी. अगर कोई व्यक्ति प्राइवेट लैब वाले को अपने घर बुला कर सैंपल देता है तो लैब वाला अधिकतम 1200 रुपये चार्ज कर सकेगा.  दिल्ली, गुजरात को देखते हुए उत्तर प्रदेश सरकार ने इन राज्यों से एक कदम आगे निकलते हुए आरटी-पीसीआर जांच के चार्ज 700 रुपये फिक्स कर दिए. यूपी की किसी भी प्राइवेट लैब में कोरोना की जांच के लिए 700 रुपये से ज्यादा चार्ज नहीं वसूल किया जकता है.  पटना में कोरोना का केस कम नहीं हो रहा है. 24 घंटे में पटना में 233 नए मामले आए हैं जबकि पूरे प्रदेश 680 लोगों में संक्रमण की पुष्टि हुई है.कोरोना संक्रमण को लेकर बुधवार को स्वास्थ्य विभाग के प्रधान सचिव ने अधिकारियों के साथ बैठक में जांच बढ़ाने का निर्देश दिया है.


पूर्णिया से पांच गुना अधिक मामले पटना में

स्वास्थ्य विभाग द्वारा जारी आंकड़ों की बात करें तो सूबे में 24 घंटे में कुल 680 संक्रमित पाए गए हैं इसमें पटना टॉप पर है.पटना में 233 मामले आए जो पूर्णिया से पांच गुना अधिक है.पटना के बाद पूर्णिया का नंबर है, यहां 50 नए मामले आए हैं.इसके बाद तीसरे नंबर पर सहरसा है जहां 34 नए मामले आए हैं.बेगूसराय में 26 और सारण में 25 लोगों में संक्रमण की पुष्टि हुई है.भागलपुर में 24 और मधुबनी में 22 नए मामले सामने आए हैं.पूर्वी चंपारण में 24 घंटे में 21 नए संक्रमित मिले हैं. स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों का दावा है कि जांच बढ़ाने से ही कोरोना का संक्रमण कम हो रहा है. जांच से संक्रमण का पता चलते ही उसे फैलने से रोका जा रहा है.सिविल सर्जन डॉ. विभा कुमारी का कहना है कि कोरोना की जांच रिपोर्ट आने के बाद संक्रमित को लेकर गंभीरता बरती जा रही है. बिहार के निजी लैब में भी अन्य राज्यों की तरह कोरोना महामारी की आरटीपीसीआर जांच में 800 रुपये में होगी. स्वास्थ्य विभाग ने इस संबंध में आदेश पारित कर दिया है.स्वास्थय विभाग ने बिहार में कोरोना की दूसरी हल को देखते हुए कुछ महीने पर निजी लैब में आरटीपीसीआर जांच की दर निर्धारित करने का आदेश दिया था. पहले ही 1500 की दर से जांच करने की अनुमति दी गई थी. लेकिन अन्य राज्यों में जांच की दर की कमी को देखते हुए अब बिहार में कोरोना टेस्ट का रेट 800 रुपये कर दिया गया है. मरीज के घर से सैंपल ले जाने पर 300 रुपए अधिक देना होगा.वहीं रैपिड एंटीजन टेस्ट की कीमत अभी 150 रुपये से कम हो गई इसलिए अब एंटीजन टेस्ट की कीमत 250 रुपये रखी गई जबकि पहले इसका रेट 600 रुपये रखा गया था. इसके साथ ही ICMR के पोर्टल पर कोरोना टेस्ट रिपोर्ट दर्ज करवाना अनिवार्य होगा.इसके साथ ही सभी पॉजिटिव केस की जानकारी संबंधित जिला के सिविल सर्जन और जिला सर्विलांस अधिकारी को देना होगा. बिहार के निजी लैब में भी अन्य राज्यों की तरह कोरोना महामारी की आरटीपीसीआर जांच 800 रुपये में होगी. स्वास्थ्य विभाग के निदेशक प्रमुख (रोग नियंत्रण, लोक स्वास्थ्य, पारा मेडिकल) स्वास्थ्य सेवाएं ने मंगलवार को इस संबंध में आदेश जारी किया.स्वास्थ्य विभाग ने बिहार में कोरोना संक्रमण के बढ़ते प्रसार को देखते हुए कुछ माह पहले निजी लैब में आरटीपीसीआर जांच की दर निर्धारित करने का आदेश जारी किया था. इसके अनुसार निजी लैब में आरटीपीसीआर जांच 1500 रुपये की दर से करने की अनुमति दी गई थी. अन्य राज्यों में निर्धारित शुल्क में कमी को देखते हुए अब बिहार में भी 800 रुपये प्रति जांच संशोधित दर निर्धारित की गई है. मरीज के निवास से सैंपल को लैब ले जाने के लिए 300 रुपये की राशि पूर्ववत निर्धारित रखी गयी है. रैपिड एंटीजन टेस्ट किट की कीमत अभी 150  रुपये से कम हो गई है, इसलिए रैपिड एंटीजन किट से जांच की निर्धारित दर 250 रुपये प्रति जांच निर्धारित की गई है.पूर्व में एंटीजन किट से जांच के लिए 600 रुपये प्रति जांच की दर निर्धारित थी. आईसीएमआर के पोर्टल पर जांच की रिपोर्ट दर्ज कराना अनिवार्य होगा.जांच से संबंधित सूचना स्टेट सर्विलांस अधिकारी के ई-मेल पर रोज संध्या पांच बजे तक देना अनिवार्य होगा. सभी पॉजिटिव केस की सूचना तत्काल संबंधित जिला के सिविल सर्जन तथा जिला सर्विलांस अधिकारी को देना अनिवार्य किया गया है.


800 से अधिक राशि लेना प्रावधानों का उल्लंघन

आरटीपीसीआर जांच के लिए 800 रुपये से अधिक राशि लिए जाने और अन्य प्रावधानों का उल्लंघन करना एपीडेमिक डिजीज एक्ट और बिहार महामारी कोविड 19 नियमावली, 2020 के प्रावधानों का उल्लंघन माना जाएगा.

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