बिहार : विधायकों के साथ हाथापाई करने वाले पुलिसकर्मियों पर होगी कार्रवाई - Live Aaryaavart

Breaking

प्रबिसि नगर कीजै सब काजा I ह्रदय राखि कौसलपुर राजा II, हरिजन जानि प्रीति अति गाढ़ी। सजल नयन पुलकावलि बाढ़ी॥, मंगल भवन अमंगल हारी I द्रवहु सुदसरथ अजिर बिहारी II, हरि अनंत हरि कथा अनंता I कहहि सुनहि बहुबिधि सब संता II, दीन दयाल बिरिदु संभारी । हरहु नाथ मम संकट भारी।I, माता पिता की सेवा करें....बुजुर्गों का ख्याल रखें...अपनी प्रतिभा और आचरण से देश का नाम रौशन करें...

गुरुवार, 25 मार्च 2021

बिहार : विधायकों के साथ हाथापाई करने वाले पुलिसकर्मियों पर होगी कार्रवाई

action-on-police-said-dgp
पटना : बिहार विधानसभा में माननीयों के साथ हुए हाथापाई को लेकर बिहार के डीजीपी ने कड़ा एक्शन लिया है।बिहार के गृह विभाग के अपर मुख्य सचिव चैतन्य प्रसाद और पुलिस के मुखिया एसके सिंघल ने कहा है कि जिन पुलिसवालों ने विधायकों के खिलाफ आवश्यकता से अधिक बल का प्रयोग किया है, उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। जानकारी हो कि मंगलवार को बिहार विधानसभा में बिहार के सदन के लिए सबसे बड़ी ऐतिहासिक घटना हुई। बिहार विधानसभा में विधानसभा अध्यक्ष विजय चौधरी को बंधक बना लिया गया जिसके बाद उनके द्वारा पुलिस कर्मियों को सदन के अंदर बुला लिया गया। पुलिसबल की एक बड़ी टीम ने विपक्ष के विधायकों को घसीट-घसीट कर लात-जूते और घूंसों से मारा था। इसके साथ ही इस दौरान महिला विधायकों के साथ भी काफी बर्बरता की गई थी। पुलिसवालों ने महिलाओं को भी नहीं छोड़ा और उन्हें बलपूर्वक घसीटते हुए सदन से बाहर फेंक दिया। जिसके बाद आज इस गंभीर मामले पर बिहार के गृह विभाग के अपर मुख्य सचिव चैतन्य प्रसाद और डीजीपी एसके सिंघल ने संयुक्त रूप से प्रेस कांफ्रेस किया। अपर मुख्य सचिव चैतन्य प्रसाद ने कहा कि बिहार विधानसभा के परिसर में वहां के अध्यक्ष के आदेश पर बाहर से पुलिसबल को भेजा गया था। ताकि वे सदन में मार्शल को असिस्ट कर सके। लेकिन फिर भी अगर वहां किसी भी पुलिसवाले ने आवश्यकता से अधिक विधायकों के खिलाफ बल का प्रयोग किया तो उनके खिलाफ निश्चित तौर पर कार्रवाई की जाएगी। हालांकि उन्होंने कहा कि लेकिन इसके लिए खुद विधानसभा के स्पीकर को ही कहना पडेगा क्योंकि ये उनके अधिकार क्षेत्र में आता है। अगर वो जांच की बात कहेंगे तब ही दोषी पुलिसवालों के खिलाफ एक्शन लिया जायेगा। वहीं डीजीपी सिंघल ने कहा कि चूंकि ये घटना विधानसभा में हुई और स्पीकर ने खुद पुलिस कर्मियों को बुलाया। ऐसे में स्पीकर विजय सिन्हा के आदेश पर ही जांच या कार्रवाई की जाएगी। हालांकि उन्होंने स्पष्ट तौर पर कहा कि अभी तक कोई भी मीडिया फुटेज या अन्य किसी भी व्यक्ति के आरोपों को लेकर अब तक पुलिस की ओर से कोई भी जांच की पहल नहीं की गई है।

कोई टिप्पणी नहीं: