लोकतंत्र बचाने का अंतिम अवसर 2022 है : अखिलेश - Live Aaryaavart

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शुक्रवार, 23 जुलाई 2021

लोकतंत्र बचाने का अंतिम अवसर 2022 है : अखिलेश

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लखनऊ, 23 जुलाई, समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने शुक्रवार को कहा कि लोकतंत्र बचाने का अंतिम अवसर 2022 है और उत्तर प्रदेश में चुनाव की जनप्रतिक्रिया शुरू हो चुकी है, भाजपा ने राज्य की जनता का चार वर्ष से अधिक समय बर्बाद कर दिया है। अखिलेश ने कहा कि भाजपा की चालों से सावधान रहना है, भाजपा राग-द्वेष से सरकार चला रही है और विधानसभा चुनाव आने तक भाजपा कई रंग दिखाएगी। समाजवादी पार्टी कार्यालय के राममनोहर लोहिया सभागार में कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुये यादव ने कहा कि पार्टी के कार्यकर्ता निष्ठा से सक्रिय रहें और राज्य में 350 सीट का लक्ष्य प्राप्त करने के लिए रात-दिन काम करना पड़ेगा। प्रदेश के मुख्यमंत्री रह चुके अखिलेश ने आरोप लगाया कि केन्द्र और राज्य की भाजपा सरकार का चरित्र जनविरोधी है। उन्होंने कहा, ‘‘किसान बिल के द्वारा भाजपा किसानों का भविष्य खराब कर पूंजीपतियों को लाभ पहुंचाना चाहती है। काले कृषि कानून से खेत का मालिकाना अधिकार किसानों के हाथ से निकल जाएगा। भाजपा सुविधा के नाम पर असुविधा की व्यवस्था करती है। सरकार ने मण्डी व्यवस्था की उपेक्षा की है। अन्नदाता को उसकी फसल का न्यूनतम समर्थन मूल्य (एम.एस.पी.) नहीं मिला। किसानों की आय दूर-दूर तक दोगुनी होने की कोई सम्भावना नहीं है।’’ उन्होंने कहा कि भाजपा जनता को तात्कालिक लालच में फंसा कर लोकतंत्र की हत्या का इंतजाम कर रही है और आत्मनिर्भर भारत की सरकार में भाजपा के कुछ पूंजीपतियों की दौलत कई गुना बढ़ गई है और यह कौन सी अर्थव्यवस्था है, जो देश को खोखला कर रही है?

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