प्रधानमंत्री मोदी ने वैटिकन में पोप फ्रांसिस से मुलाकात की - Live Aaryaavart

Breaking

प्रबिसि नगर कीजै सब काजा I ह्रदय राखि कौसलपुर राजा II, हरिजन जानि प्रीति अति गाढ़ी। सजल नयन पुलकावलि बाढ़ी॥, मंगल भवन अमंगल हारी I द्रवहु सुदसरथ अजिर बिहारी II, हरि अनंत हरि कथा अनंता I कहहि सुनहि बहुबिधि सब संता II, दीन दयाल बिरिदु संभारी । हरहु नाथ मम संकट भारी।I, माता पिता की सेवा करें....बुजुर्गों का ख्याल रखें...अपनी प्रतिभा और आचरण से देश का नाम रौशन करें...

शनिवार, 30 अक्तूबर 2021

प्रधानमंत्री मोदी ने वैटिकन में पोप फ्रांसिस से मुलाकात की

pm-modi-meet-pope
वैटिकन सिटी, 30 अक्टूबर, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार वैटिकन पहुंचकर पोप फ्रांसिस से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने कोविड, सामान्य वैश्विक परिदृश्य और शांति एवं स्थिरता बरकरार रखने समेत विभिन्न मुद्दों पर बात की। प्रधानमंत्री मोदी और कैथोलिक चर्च के प्रमुख पोप फ्रांसिस के बीच आमने-सामने यह पहली बैठक थी। मोदी पहले भारतीय प्रधानमंत्री हैं, जिनसे फ्रांसिस ने 2013 में पोप बनने के बाद मुलाकात की है। वैटिकन में राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल और विदेश मंत्री एस जयशंकर भी मोदी के साथ मौजूद थे। प्रधानमंत्री ने वैटिकन सिटी के विदेश मंत्री कार्डिनल पिएत्रो पारोलिन से भी मुलाकात की। ऐतिहासिक बैठक से पहले विदेश सचिव हर्षवर्धन श्रृंगला ने शुक्रवार को कहा था कि प्रधानमंत्री की पोप के साथ अलग से बैठक होगी। रोम में एक संवाददाता सम्मेलन के दौरान उन्होंने कहा, 'वह पोप से व्यक्तिगत मुलाकात करेंगे।' श्रृंगला ने कहा था, 'कल, प्रधानमंत्री परम पावन पोप फ्रांसिस से वैटिकन सिटी में भेंट करेंगे, और उसके बाद वह जी 20 सत्रों में भाग लेंगे, जहां वह और भी द्विपक्षीय बैठकें करेंगे। हम आपको जानकारी देते रहेंगे।' उन्होंने कहा था कि बैठक के बाद प्रतिनिधिमंडल स्तर की वार्ता हो सकती है। श्रृंगला ने बताया था कि वैटिकन ने वार्ता के लिए कोई एजेंडा तय नहीं किया है। उन्होंने कहा था, ‘‘ मेरा मानना है कि पंरपरा है कि जब परम पावन (पोप) से चर्चा होती है तो कोई एजेंडा नहीं होता और हम इसका सम्मान करते हैं। मैं आश्वस्त हूं कि इस दौरान आम तौर पर वैश्विक परिदृश्य और उन मुद्दों को लेकर जो हमारे लिए महत्वपूर्ण है चर्चा में शामिल होंगे।’’ उन्होंने कहा, ‘‘कोविड-19, स्वास्थ्य के मुद्दे, कैसे हम साथ काम कर सकते हैं...ये कुछ विषय हैं जिनपर मेरा मानना है कि आमतौर पर चर्चा होगी।’’

कोई टिप्पणी नहीं: