मधुबनी : कृषि कानून वापस लेने की घोषणा किसान आंदोलनकी ऐतिहासिक जीत - Live Aaryaavart

Breaking

प्रबिसि नगर कीजै सब काजा I ह्रदय राखि कौसलपुर राजा II, हरिजन जानि प्रीति अति गाढ़ी। सजल नयन पुलकावलि बाढ़ी॥, मंगल भवन अमंगल हारी I द्रवहु सुदसरथ अजिर बिहारी II, हरि अनंत हरि कथा अनंता I कहहि सुनहि बहुबिधि सब संता II, दीन दयाल बिरिदु संभारी । हरहु नाथ मम संकट भारी।I, माता पिता की सेवा करें....बुजुर्गों का ख्याल रखें...अपनी प्रतिभा और आचरण से देश का नाम रौशन करें...

शुक्रवार, 19 नवंबर 2021

मधुबनी : कृषि कानून वापस लेने की घोषणा किसान आंदोलनकी ऐतिहासिक जीत

farmer-historical-win-suci
मधुबनी, 19 नवम्बर : एसयूसीआई (कम्युनिस्ट) बिहार राज्य सचिव अरुण कुमार सिंह ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा तीनों कृषि कानून वापस लेने की घोषणा को किसान आंदोलन व जन आंदोलन की ऐतिहासिक जीत बताया है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री द्वारा आज कृषि कानूनों को वापस लेने की घोषणा ने यह साबित कर दिया कि यह कानून किसानों के हित के विपरीत था। उन्होंने कहा कि बारह महीने से चले आ रहे इस देशव्यापी किसान आंदोलन में 700 किसान शहीद हुए। लेकिन किसानों ने अंततः कारपोरेट घरानों के हमलों को विफल कर दिया। उन्होंने कहा कि इतिहास आखिर जनता ही लिखती है। इसके साथ ही श्री सिंह ने मांग की कि सरकार इसी तरह बिजली बिल भी वापस ले और 50 प्रतिशत लाभकारी मूल्य पर एमएसपी पर किसानों की उपज खरीद की गारंटी करे। एसयूसीआई (सी) के केंद्रीय कमेटी सदस्य श्री सिंह ने राज्य के किसान, मजदूर, छात्र, नौजवान, महिलाओं, बुद्धीजीवियों समेत आम नागरिकों को इस जीत की बधाई देते हुए कहा कि लड़ाई आगे भी है, हमें आगे भी इसके लिए तैयार रहने की जरूरत है।

कोई टिप्पणी नहीं: