बिहार : शुभानंद सिंह जी का जदयू परिवार के हो गये - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

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रविवार, 12 दिसंबर 2021

बिहार : शुभानंद सिंह जी का जदयू परिवार के हो गये

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पटना. आज गांधी मैदान स्थित एस.के मेमोरियल सभागार में भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के नेतागण का जदयू मे मिलन समारोह का आयोजन किया गया.कांग्रेस के वरिष्ठ नेता स्वर्गीय सदानंद सिंह जी के सुपुत्र श्री शुभानंद सिंह जी का जदयू परिवार में उनके और उनकी पार्टी के नेतागण के साथ हार्दिक अभिनंदन और स्वागत किया गया.जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं सांसद श्री ललन सिंह जी, प्रदेश अध्यक्ष उमेश सिंह कुशवाहा जी के साथ पार्टी के अन्य वरिष्ठ नेता इस मिलन समारोह में उपस्थित रहे. बिहार विधान सभा के पूर्व अध्यक्ष सदानंद सिंह बीमार थे.उस समय वरिष्ठ कांग्रेसी नेता सदानंद बाबू की सुधि कांग्रेस आलाकमान के द्वारा नहीं ली गयी.उसी समय कांग्रेस के नेताओं के व्यवहार को लेकर शुभानंद सिंह ने असंतोष जताया था. सदानंद सिंह पटना के एक निजी अस्पताल में भर्ती थे. उसी समय शुभानंद ने कहा था कि कांग्रेस के बड़े से बड़े नेता ने भी उनकी मदद नहीं की और ना ही कोई देखने आया था. इस बात की जानकारी नीतीश कुमार को लगी तो उन्होंने दिल्ली से लेकर पटना तक इलाज की व्यवस्था की थी.उसी समय अटकले तेज था कि शुभानंद सिंह जदयू में जाएंगे.जो आज पूरा हो गया. इस तरह बिहार कांग्रेस को एकबार फिर झटका लगा है. इस बार जदयू ने कांग्रेस में तोड़-फोड़ किया है. कांग्रेस के वरिष्ठ व दिग्गज नेता रहे सदानंद सिंह के पुत्र शुभानंद सिंह अब जदयू के हो गये हैं. रविवार को पटना में अपने समर्थकों के साथ शुभानंद मुकेश ने जदयू का दामन थामा है. कांग्रेस के दो उम्मीदवारों को जदयू ने पार्टी में शामिल किया है. भागलपुर से शुभानंद मुकेश तो कैमूर से शम्भू सिंह पटेल ने कांग्रेस छोड़कर जदयू ज्वाइन कर लिया. दरअसल सदानंद सिंह के बेटे ने कांग्रेस से आहत होकर कांग्रेस छोड़ने का फैसला लिया है. वरिष्ठ कांग्रेसी नेता सदानंद सिंह जिस समय बीमार थे उसी समय कांग्रेस के नेताओं के व्यवहार को लेकर उनके पुत्र ने असंतोष जताया था. जब सदानंद सिंह पटना के एक निजी अस्पताल में जिंदगी और मौत से जूझ रहे थे तब तब उन्होंने साफ-साफ कहा था कि कांग्रेस के बड़े से बड़े नेता ने भी उनकी मदद नहीं की और ना ही कोई देखने आया था. जब इस बात की जानकारी नीतीश कुमार को लगी थी तो दिल्ली से लेकर पटना तक सदानंद सिंह का बेहतर से बेहतर इलाज की व्यवस्था की गई थी लेकिन सदानंद सिंह की सेहत नहीं सुधरी और वो चल बसे. इसी घटना के बाद से सदानंद सिंह के बेटे का कांग्रेस से मोहभंग भी हो गया. लंबी अवधि के बाद राजधानी में कोई मिलन समारोह एसके मेमोरियल हाल में आयोजित हो रहा है. जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजीव रंजन सिंह उर्फ ललन सिंह और प्रदेश अध्यक्ष उमेश सिंह कुशवाहा विशेष रूप से मिलन समारोह में मौजूद रहेंगे। शुभानंद के साथ उनके कई समर्थक और पंचायती राज के प्रतिनिधि भी जदयू की सदस्यता ग्रहण करेंगे. शुभानंद को कांग्रेस ने पार्टी विरोधी गतिविधियों के चलते 6 साल के लिए निलंबित कर दिया है. शुभानंद के साथ ही उनके समर्थक कहलगांव, सनहौला और गोराडीह प्रखंड के ब्लॉक अध्यक्ष को भी कांग्रेस ने निलंबित किया है. सदानंद सिंह का प्रभाव भागलपुर में काफी माना जाता रहा है और अब शुभानंद के जेडीयू में शामिल होने पर JDU को फायदा मिलने की सम्भावना है. शुभानंद मुकेश लंबे समय तक टाटा स्टील में बड़े पद पर अधिकारी रह चुके हैं और पिता के आग्रह पर उन्होंने कहलगांव से विधानसभा चुनाव में कांग्रेस के टिकट पर लड़ा था लेकिन तब उन्हें चुनाव में हार मिली थी.

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