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बुधवार, 1 दिसंबर 2021

भाजपा के शासन में उत्तर प्रदेश के लोग डर के साये में हैं : भूपेश बघेल

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नयी दिल्ली, एक दिसंबर, छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने बुधवार को आरोप लगाया कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के शासन में उत्तर प्रदेश के लोग डर के साये में जी रहे हैं क्योंकि यह ‘तानाशाहों की पार्टी है’ जहां असहमति की आवाज दबा दी जाती है। उत्तर प्रदेश में अगले साल होने वाले विधानसभा चुनावों के लिए कांग्रेस के वरिष्ठ पर्यवेक्षक नियुक्त किए गए बघेल ने दावा किया कि भाजपा ने कोई भी चुनावी वादा पूरा नहीं किया है, इसके बजाय वह मजहबी टिप्पणियों के माध्यम से लोगों का ध्यान बंटाने की कोशिश कर रही है। बघेल ने कहा ‘‘कांग्रेस एकमात्र पार्टी है जो उत्तर प्रदेश में भाजपा शासन के खिलाफ लड़ रही है। ऐसा लग रहा है कि दो अन्य विपक्षी दल...समाजवादी पार्टी और बहुजन समाजवादी पार्टी ने भाजपा के पक्ष में समझौता कर लिया है।’’ बघेल ने कहा कि उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनावों के नतीजे पिछले चुनावों से बिल्कुल अलग होंगे और कई चुनावी विश्लेषकों को हैरत में डाल सकते हैं। उन्होंने कहा ‘‘यह तथ्य है कि उत्तर प्रदेश में लोग भाजपा के शासन में डर के साये में जी रहे हैं। अगर एक पंक्ति में मैं अपने विचार व्यक्त करूं तो उत्तर प्रदेश में तानाशाहों की पार्टी शासन कर रही है जहां असहमति व्यक्त करने वालों को दंडित किया जाता है।’’ छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री ने कहा कि तीनों कृषि कानूनों को वापस लेने का केंद्र सरकार का फैसला एक ‘‘राजनीतिक कदम’’ है और दावा किया कि किसानों का नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार पर से भरोसा खत्म हो गया है। बघेल ने दावा किया, ‘‘यह पूरी तरह साफ है कि नरेंद्र मोदी नीत सरकार पर से किसानों का भरोसा खत्म हो गया है। अब वे भाजपा पर बिल्कुल भरोसा नहीं करते। राजनीतिक नुकसान स्थायी है। कृषि कानूनों को वापस लेने का फैसला भाजपा को किसान हितैषी पार्टी नहीं बना सकता।’’ बघेल ने कहा, ‘‘बेशक, उत्तर प्रदेश और पंजाब सहित कुछ महत्वपूर्ण राज्यों में विधानसभा चुनाव भाजपा नेतृत्व के दिमाग में होगा। इस मुकाम तक पहुंचने में उन्हें 12 महीने लगे। उनके पास कोई विकल्प नहीं था।’’ कांग्रेस के वरिष्ठ नेता ने कहा कि किसानों के इस आंदोलन ने साबित कर दिया है कि लोकतंत्र की जड़ें इतनी गहरी हैं कि भाजपा इसे समझ नहीं सकती।


बघेल ने कहा यह सच है कि उत्तर प्रदेश में कांग्रेस पिछले 32 साल से सत्ता में नहीं है लेकिन प्रियंका गांधी वाद्रा के राज्य में पार्टी की प्रभारी महासचिव के तौर पर काम करने के बाद पिछले दो साल में कई चीजें बदली हैं। बघेल ने कहा, ‘‘वह जमीनी स्तर पर पार्टी संगठन को फिर से खड़ा करने के लिए बहुत मेहनत कर रही हैं और वह लोगों के हितों के लिए लड़ रही हैं।’’ कांग्रेस में पार्टी नेतृत्व में बदलाव के खिलाफ उठने वाली आवाजों को खारिज करते हुए बघेल ने कहा कि उनकी पार्टी लोकतंत्र में विश्वास करती है न कि भाजपा की तरह तानाशाही में। बघेल ने कहा, ‘‘जहां तक राहुल जी के नेतृत्व की बात है तो वे अकेले विपक्षी नेता हैं जो नरेंद्र मोदी के खिलाफ राजनीतिक लड़ाई लड़ रहे हैं। वह निडर और निस्वार्थ है। कोरोना से लेकर लॉकडाउन तक, चीन से लेकर किसानों के आंदोलन तक, उनका राजनीतिक आकलन और अनुमान बिल्कुल सटीक साबित हुए हैं।’’ बघेल ने कहा कि राफेल सौदे के मामले में भी राहुल गांधी सही साबित होंगे। उन्होंने कहा, ‘‘बस समय की प्रतीक्षा करें।’’ बघेल ने कहा कि कांग्रेस पार्टी उत्तर प्रदेश में ग्रामीण स्तर पर काफी सक्रिय है। उन्होंने कहा, ‘‘हमारी पार्टी के कार्यकर्ता अब हर स्तर पर मुखर हैं और बहुत मेहनत कर रहे हैं। हमने हाल के दिनों में तीन बड़ी रैलियां की थीं, एक वाराणसी में जो कि प्रधानमंत्री का निर्वाचन क्षेत्र है, दूसरी गोरखपुर में जो कि उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री का गृह जिला है और तीसरी बुंदेलखंड में। तीनों रैलियों को हमारी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने आयोजित किया। कई लोग इन सभाओं में उमड़ी भीड़ और उसके उत्साह से हैरान हैं।’’

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