रेलवे बोर्ड करेगा एसी बोगियों में बिस्तरबंद देने का निर्णय - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

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गुरुवार, 3 मार्च 2022

रेलवे बोर्ड करेगा एसी बोगियों में बिस्तरबंद देने का निर्णय

  • दुरंतो राजधानी में मिलने लगा खाना

बेंगलुरु ,2 मार्च। विजय सिंह ,लाइव आर्यावर्त , ट्रेनों के वातानुकूलित बोगियों में मिलने वाले बेडरोल के लिए अभी यात्रियों को और इंतजार करना होगा क्योंकि अब रेलवे बोर्ड ही निर्णय लेगा कि बेडरोल की आपूर्ति करनी है या नहीं।  हाँ ,ट्रेनों में खान पान की सुविधा अब बहाल कर दी गयी है। मार्च 2020 में  देश में बृहतर पैमाने पर कोरोना संक्रमण के प्रसार के बाद सरकार ने देश में तालाबंदी के साथ साथ रेलवे के परिचालन पर भी प्रतिबंध लगा दिया था और उसके बाद जब स्पेशल ट्रेनों की बदले स्वरूप में यात्री ट्रेनों की शुरुआत हुई तो काफी कुछ बदलाव था जिनमें कोविड 19 नवाचार मापदंडों के पालन के साथ ही पैंट्री कार मनाही और वातानुकूलित बोगियों में  बिस्तरबंद ( बेडरोल ) की आपूर्ति पर प्रतिबंध लगा दिया गया था। साधारण ट्रेनों के साथ साथ राजधानी ,दुरंतो ,शताब्दी जैसी प्रीमियम ट्रेनों , जिनमें आरक्षित टिकट पर यात्रियों को नाश्ता ,भोजन आदि परोसा जाता था ,पर भी प्रतिबंध लागू कर दिया गया था। अब जबकि परिचालित ट्रेनों से स्पेशल स्वरूप को समाप्त कर दिया गया है ,उसके बावजूद राजधानी या दुरंतो ट्रेनों में खाना यहाँ तक कि पानी के बोतल तक नहीं दिए जाने की शिकायतें मिल रही थी तो हमने दक्षिण पूर्व रेलवे की महाप्रबंधक सुश्री अर्चना जोशी से इस विषय पर जानना चाहा। इस सन्दर्भ में कोलकाता स्थित दक्षिण पूर्व रेलवे ,महाप्रबंधक कार्यालय ने 'लाइव आर्यावर्त' को बताया कि दुरंतो ,राजधानी व अन्य प्रीमियम ट्रेनों सहित सभी ट्रेनों में पके हुए भोजन की व्यवस्था  11  जनवरी  2022  से शुरू कर दी गयी है ,इसके पहले ट्रेनों में 'रेडी टू  ईट' खाद्य पदार्थ उपलब्ध कराया जा रहा था। बेडरोल  संबंधी प्रश्न के जवाब में उन्होंने कहा कि चूँकि यह नीतिगत मामला है ,इसलिए रेलवे बोर्ड ही इसका फैसला करेगा। हमें जानकारी दी गयी कि जिन ट्रेनों में यात्रियों ने यात्री भाड़े के साथ कैटरिंग सेवा का भुगतान किया है ,उन्हें खाने के साथ पानी के बोतल भी उपलब्ध कराये जा रहे हैं। महाप्रबंधक कार्यालय ने बताया कि जब राजधानी,दुरंतो ,शताब्दी जैसी ट्रेनों में कैटरिंग सुविधा बंद थी तब यात्रियों के यात्री किराये में कैटरिंग सेवा शुल्क नहीं वसूला गया है। रेलवे ने यात्रियों से बेडरोल के लिए किसी भी तरह के शुल्क शामिल किये जाने से इंकार किया है। दक्षिण पूर्व रेलवे का कहना है कि जब यात्रियों से तालाबंदी के दौरान यात्रियों से सुविधाओं के बंद रहने के कारण कैटरिंग या बेडरोल सेवा के लिए कोई शुल्क नहीं लिया गया तो यात्री किराये में कटौती किये जाने का प्रश्न ही नहीं है। हालांकि तालाबंदी के कुछ महीनों बाद स्पेशल ट्रेन के रूप में शुरू किये गए ट्रेनों के परिचालन के समय से यात्रियों से सामान्य से अधिक किराया  लिया जा रहा है।

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