शराब की दुकानें केजरीवाल सरकार ने 31 अगस्त तक बढ़ाया लाइसेंस - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

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सोमवार, 1 अगस्त 2022

शराब की दुकानें केजरीवाल सरकार ने 31 अगस्त तक बढ़ाया लाइसेंस

  • एक के साथ एक फ्री का ऑफर देकर शराब की दुकानों ने जनता को ओवर चार्जिंग करके जमकर लुटा

शराब विक्रेताओं ने अपना स्टॉक 31 जुलाई तक खाली करने के लिए एक के साथ एक फ्री का ऑफर देकर जहाँ बिक्री बढ़ायी वहीँ 110/- रूपए के क्वाटर को 150 और 210/-  के अद्धे को 300 रूपए और 205 /- का अधा 250/- रूपए में बेचा हालाँकि कई जगह एक फ्री के साथ फ्री का ऑफर भी नहीं था। कई जगह शराब का स्टॉक ही नहीं था। दो दिन तक हुई दिल्ली की जनता के साथ लूट की जाँच अब कौन करेगा यह बड़ा सवाल यहाँ खड़ा होता है क्योंकि आबकारी निति में पहले ही भ्रष्टाचार की बदबू के चलते उपराज्यपाल ने जांच सी बी आई को सौंप दी है और दिल्ली सरकार अपने उप मुख्यमंत्री को बचाने के लिए बैकफुट पर आ गयी है। 

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नई दिल्ली। दिल्ली में शराब की सभी दुकानों पर 30 और 31 जुलाई को शराब विक्रेताओं ने जमकर दिल्ली की जनता को एक के साथ एक फ्री का ऑफर देकर लूटा और यह खेल दो दिन तक चलता रहा है। केजरीवाल की दिल्ली सरकार और आबकारी विभाग के अफसर इस लूट पर सोते रहे और वहीँ , स्थानीय प्रशासन भी आंखे बंद करके इस लूट को देखता रहा। अगर किसी ग्राहक ने विरोध जताया तो ठेके पर तैनात बदमाश जैसे दिखने वाले बाउंसर ने बाहर धकेल दिया। कई - जगह झड़प भी हुई लेकिन ग्राहकों की किसी ने नहीं सुनी और दो दिन का दिल्ली की जनता इन शराब विक्रेताओं की ओवर चार्जिग का शिकार होती रही।  शराब की पुरानी व्यवस्था लौटने की घोषणा के साथ शराब विक्रेताओं ने अपना स्टॉक 31 जुलाई तक खाली करने के लिए एक के साथ एक फ्री का ऑफर देकर जहाँ बिक्री बढ़ायी वहीँ 110/- रूपए के क्वाटर को 150 और 210/-  के अद्धे को 300 रूपए और 205 /- का अधा 250/- रूपए में बेचा हालाँकि कई जगह एक फ्री के साथ फ्री का ऑफर भी नहीं था। कई जगह शराब का स्टॉक ही नहीं था। दो दिन तक हुई दिल्ली की जनता के साथ लूट की जाँच अब कौन करेगा यह बड़ा सवाल यहाँ खड़ा होता है क्योंकि आबकारी निति में पहले ही भ्रष्टाचार की बदबू के चलते उपराज्यपाल ने जांच सी बी आई को सौंप दी है और दिल्ली सरकार अपने उप मुख्यमंत्री को बचाने के लिए बैकफुट पर आ गयी है।   लेकिन शराब माफिया को दिल्ली की जनता से लूट की खुली छूट देकर एक बार फिर साबित हो गया है की दिल्ली सरकार शराब माफिया के साथ खड़ी है। और दिल्ली के युवाओं को नशे की लत की तरफ धकेलने पर आमादा भी है। गौतरलब है शराब के ठेकों को बंद होने की अफवाह और कवायद के बीच ही दिल्ली सरकार ने राष्ट्रीय राजधानी में शराब की दुकानों के मौजूदा लाइसेंस की अवधि को 31 अगस्त तक बढ़ाने का रविवार को फैसला किया। सरकार ने यह फैसला शराब की किल्लत को देखते हुए लिया है। दिल्ली में शराब की 468 निजी दुकानें 31 जुलाई को लाइसेंस की समाप्ति के बाद सोमवार से बंद होने वाली थीं। हालांकि, उपराज्यपाल की मंजूरी के बाद ही आबकारी विभाग के आदेश से शराब की दुकानें खुलेंगी।  ज्ञात हो कि दिल्ली सरकार ने पुरानी आबकारी नीति फिर से लागू करने और छह महीने तक खुद दुकानें चलाने का निर्णय शनिवार को लिया था। आबकारी नीति 2021-22 के तहत शहर में 468 दुकानें संचालित हो रही हैं, जिनका लाइसेंस 31 जुलाई के बाद खत्म हो जाएगा दिल्ली में कई शराब की दुकानों में, कीमतों में छूट देकर और एक के साथ दो मुफ्त जैसी नई योजनाएं पेश कर पहले का भंडार खत्म किया गया और दुकानें बंद कर दी गईं।  

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