दुर्गीपट्टी/मधुबनी (रजनीश के झा)। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की प्रगति यात्रा के तहत रविवार को मधुबनी जिले के खुटौना प्रखंड स्थित दुर्गीपट्टी में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे। हालांकि, इस दौरान स्थानीय ग्रामीणों को कई तरह की समस्याओं का सामना करना पड़ा। पत्रकार द्वारा की गई पड़ताल में सामने आया कि सुरक्षात्मक व्यवस्थाओं के नाम पर ग्रामीणों के साथ दुर्व्यवहार किया गया। दुर्गीपट्टी निवासी सुरेश मंडल ने बताया कि शनिवार देर रात उनके घर को पुलिस द्वारा बंद कर दिया गया, जिससे उनके परिवार को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा।
सुरेश मंडल ने कहा, “मेरे बच्चों को शौच के लिए जाने की जरूरत हुई, तो प्रशासन ने उन्हें बाहर जाने दिया, लेकिन कुछ दूरी पर रोक लिया और घेर कर रखा। जब मुख्यमंत्री जी का कार्यक्रम समाप्त हुआ, तब जाकर हमें राहत मिली।” इस घटना के संबंध में अन्य ग्रामीणों ने भी प्रशासन पर दुर्व्यवहार का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि सुरक्षा के नाम पर उनकी स्वतंत्रता को बाधित किया गया। जब प्रशासन से इस मामले पर सवाल पूछा गया, तो अधिकारियों ने बताया कि उन्हें "ऊपर से आदेश" मिले थे और वे केवल उन्हीं का पालन कर रहे थे। इस घटना ने ग्रामीणों के बीच नाराजगी पैदा कर दी है। उन्होंने मुख्यमंत्री की यात्रा के दौरान इस तरह के व्यवहार की कड़ी निंदा की और प्रशासन से जवाबदेही की मांग की है।

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