- आईएएस संतोष वर्मा पर एफआईआर दर्ज कर कठोर कार्रवाई की मांग
आईएएस संतोष वर्मा का बयान उनकी 'ओछी मानसिकताÓ को दर्शाता है। उन्होंने अजाक्स के सार्वजनिक मंच से ब्राह्मण बेटियों के खिलाफ जो बयान दिया, वह घोर निंदनीय है। संतोष वर्मा अपने कार्यकाल के दौरान हमेशा विवादों में रहे हैं। उनके खिलाफ पहले से दो आपराधिक मामले दर्ज हैं। इसके अलावा, उन्होंने पदोन्नति पाने के लिए विशेष न्यायाधीश के फर्जी हस्ताक्षर कर पदोन्नति ली थी, जिसके बाद उन्हें निलंबित भी किया गया था। इतने बड़े पद पर बैठे अधिकारी द्वारा ब्राह्मण बेटियों के खिलाफ दिए गए बयान से पूरे ब्राह्मण समाज की बेटियों और महिलाओं का अपमान हुआ है। सर्व ब्राह्मण समाज के मीडिया प्रभारी प्रियांशु दीक्षित ने बताया कि ब्राह्मण समाज मांग करता है कि उन्हें तत्काल बर्खास्त कर समाज का अपमान करने, समाज में वैमनस्य फैलाने, पद का दुरुपयोग करने और शासकीय कर्मचारी के रूप में संविधान की मूल भावना का अपमान करने के आरोप में कठोर धाराओं में प्रकरण दर्ज किया जाए। समाज ने इन प्रकरणों को फास्ट ट्रैक कोर्ट के माध्यम से चलाकर सख्त से सख्त सजा दिलाने की मांग की है। ब्राह्मण समाज के लोगों ने सरकार को चेतावनी दी है कि यदि आईएएस संतोष वर्मा के खिलाफ जल्द कार्रवाई नहीं की गई, तो समाज उग्र आंदोलन करेगा।

कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें