दिल्ली : कार्तिकेय वाजपेयी ने वर्ल्ड बुक फ़ेयर 2026 में पाठकों से की सार्थक बातचीत - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

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रविवार, 11 जनवरी 2026

दिल्ली : कार्तिकेय वाजपेयी ने वर्ल्ड बुक फ़ेयर 2026 में पाठकों से की सार्थक बातचीत

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नई दिल्ली, 11 जनवरी (रजनीश के झा) : वर्ल्ड बुक फ़ेयर 2026 में लेखक कार्तिकेय वाजपेयी ने अपने प्रथम उपन्यास   'द अनबिकमिंग' पर पाठकों के साथ एक संवादात्मक मुलाक़ात की। भारत मंडपम स्थित पेंगुइन इंडिया स्टॉल पर आयोजित इस सत्र में वाजपेयी ने साहित्य, आत्म-चिंतन और व्यक्तिगत परिवर्तन से जुड़े विषयों पर पाठकों से खुलकर बातचीत की। औपचारिक मंचन से अलग, यह आयोजन सहज बातचीत के रूप में विकसित हुआ, जिसमें पुस्तक प्रेमियों से लेकर उत्सुक आगंतुकों तक ने शामिल होकर उपन्यास के विषयों और उसके सृजन की प्रक्रिया पर प्रश्न किए। महत्वाकांक्षा, सफलता और बदलती पहचान जैसे मुद्दों पर चर्चा के दौरान वाजपेयी ने “अनबेकमिंग ” की अवधारणा को एक ऐसे आंतरिक परिवर्तन के रूप में रेखांकित किया जो स्थापित पहचान और अपेक्षाओं के पुनर्विचार की ओर ले जाता है। इस अवसर पर वाजपेयी ने कहा,  'द अनबिकमिंग  कोई निष्कर्ष नहीं बल्कि एक निमंत्रण है। यह हमें ठहरकर देखने को कहता है कि हम किन पहचानों को निभा रहे हैं और जब हम उन्हें छोड़ देते हैं तो क्या शेष रह जाता है। पाठकों से हुई बातचीत इस जिज्ञासा को और गहरा करती है।” पेंगुइन रैंडम हाउस इंडिया द्वारा प्रकाशित  यह उपन्यास अपने संयत लेखन और दार्शनिक दृष्टि के लिए आलोचकों और गंभीर पाठकों के बीच लगातार ध्यान आकर्षित कर रही है। वर्ल्ड बुक फ़ेयर में वाजपेयी की उपस्थिति ने पुस्तक की बढ़ती लोकप्रियता और साहित्यिक विमर्श में उसकी प्रासंगिकता को और सुदृढ़ किया।


विश्व पुस्तक मेला 2026 में शैलेंद्र झा की ‘प्रेस 9 फॉर अ क्राइम’ ने खींचा पाठकों का ध्यान

नई दिल्ली विश्व पुस्तक मेला 2026 के दूसरे दिन, पुरस्कार विजेता लेखक शैलेंद्र झा ने पेंगुइन रैंडम हाउस इंडिया के स्टॉल पर पाठकों के बीच उत्साही संवाद किया। बातचीत के दौरान उन्होंने कहानी कहने की कला, सिनेमा और क्राइम फ़िक्शन के बदलते परिदृश्य पर अपने विचार साझा किए। झा की बहुप्रतीक्षित नई पुस्तक ‘प्रेस 9 फॉर अ क्राइम’ मेले में प्रमुख आकर्षण के रूप में उभरी है। यह उपन्यास डिजिटल अरेस्ट और साइबर ठगी जैसे विषयों पर केंद्रित है, जो आज के समय में ऑनलाइन धोखाधड़ी और उसके मानवीय प्रभाव पर विचारोत्तेजक विमर्श खोलता है। पाठकों और आगंतुकों ने चर्चाओं में सक्रिय रूप से भाग लिया, जो उपन्यास की समकालीन मुद्दों से गहरी प्रासंगिकता को दर्शाता है। अपने अनुभव को साझा करते हुए शैलेंद्र झा ने कहा, “नई दिल्ली विश्व पुस्तक मेले से जो मैं अपने साथ ले जा रहा हूँ, वह है पाठकों का प्रेम। पेंगुइन रैंडम हाउस इंडिया का आभार और हर उस आगंतुक का धन्यवाद जिसने ‘प्रेस 9 फॉर ए क्राइम’, कहानी कहने, वेब सीरीज़ और सिनेमा पर चर्चा में हिस्सा लिया।

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