प्रतिनिधिमंडल ने डीजीपी के समक्ष रखीं ये मांगे।
1. मामले की निष्पक्ष एवं समयबद्ध जांच के लिए वरिष्ठ अधिकारियों की निगरानी में SIT का गठन किया जाए व घटना में शामिल आरोपियों की पहचान कर उनकी गिरफ्तारी हो
2. होटल हिडेन विला के मालिक, प्रबंधक एवं कर्मचारियों की भूमिका की विस्तृत जांच की जाए और यह पता लगाया जाए कि आरोपी की कमरे तक पहुंच कैसे हुई तथा सुरक्षा प्रोटोकॉल का उल्लंघन क्यों हुआ?
3. यदि जांच में होटल परिसर में अनैतिक या अवैध गतिविधियों के संचालन की पुष्टि होती है तो संबंधित धाराओं के तहत कठोर कानूनी कार्रवाई करते हुए होटल का लाइसेंस रद्द करने की प्रक्रिया शुरू की जाए।
4. पीड़िता एवं उसके परिवार को तत्काल पुलिस सुरक्षा उपलब्ध कराई जाए तथा धमकी देने वाले व्यक्तियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर सख्त कार्रवाई की जाए।
5. राज्यव्यापी होटल सुरक्षा ऑडिट: राजधानी पटना सहित राज्य के सभी होटलों, लॉज एवं गेस्ट हाउसों का विशेष सुरक्षा ऑडिट कराया जाए ताकि भविष्य में किसी छात्रा, महिला या परिवार के साथ ऐसी घटना दोबारा न हो।
किशोर कुमार मुन्ना ने आगे कहा कि इस मामले में त्वरित एवं कठोर कार्रवाई न केवल पीड़िता को न्याय दिलाएगी, बल्कि बिहार में महिलाओं और छात्राओं की सुरक्षा के प्रति जनता का विश्वास भी मजबूत करेग। बिहार में कहीं भी किसी बेटी के साथ अन्याय होगा तो जन सुराज अब चुप नहीं बैठेगा। वहीं, जन सुराज के प्रदेश उपाध्यक्ष ललन यादव ने कहा कि आप लोग जानते हैं कि बेगूसराय निवासी पीड़ित पिता अपनी पुत्री को पॉलिटेक्निक परीक्षा दिलाने के लिए पटना आए थे। सुरक्षा की दृष्टि से उन्होंने रूपसपुर थाना क्षेत्र स्थित होटल हिडेन विला में कमरा संख्या 103 लिया था, तभी रात्रि लगभग 12:45 बजे एक अज्ञात युवक कमरे का दरवाजा खोलकर घुस आया और छात्रा के साथ छेड़खानी करते हुए उसे जबरन बाहर ले जाने की प्रयास किया। उसी घटना को लेकर जन सुराज का प्रतिनिधिमंडल डीजीपी से मुलाकात किया। मामले में आरोपी के खिलाफ आवश्यक कार्रवाई की जाए।

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