दिल्ली : भारत-अमेरिका मुक्त व्यापार समझौता हुआ तो देशव्यापी प्रदर्शन करेंगे : संयुक्त किसान मोर्चा - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

Breaking

प्रबिसि नगर कीजै सब काजा । हृदय राखि कौशलपुर राजा।। -- मंगल भवन अमंगल हारी। द्रवहु सुदसरथ अजिर बिहारी ।। -- सब नर करहिं परस्पर प्रीति । चलहिं स्वधर्म निरत श्रुतिनीति ।। -- तेहि अवसर सुनि शिव धनु भंगा । आयउ भृगुकुल कमल पतंगा।। -- राजिव नयन धरैधनु सायक । भगत विपत्ति भंजनु सुखदायक।। -- अनुचित बहुत कहेउं अग्याता । छमहु क्षमा मंदिर दोउ भ्राता।। -- हरि अनन्त हरि कथा अनन्ता। कहहि सुनहि बहुविधि सब संता। -- साधक नाम जपहिं लय लाएं। होहिं सिद्ध अनिमादिक पाएं।। -- अतिथि पूज्य प्रियतम पुरारि के । कामद धन दारिद्र दवारिके।।

गुरुवार, 18 जून 2026

दिल्ली : भारत-अमेरिका मुक्त व्यापार समझौता हुआ तो देशव्यापी प्रदर्शन करेंगे : संयुक्त किसान मोर्चा

Farmar-will-protest-on-indo-us-trade-deal
नई दिल्ली । संयुक्त किसान मोर्चा (एसकेएम) ने बुधवार को केंद्र सरकार को अमेरिका के साथ प्रस्तावित मुक्त व्यापार समझौते (एफटीए) पर हस्ताक्षर करने के खिलाफ चेतावनी दी और देश भर के किसानों से कहा कि वे इस समझौते पर हस्ताक्षर होने के अगले दिन देशव्यापी विरोध प्रदर्शन के लिए तैयार रहें। यह फैसला यहां हुई एसकेएम की राष्ट्रीय परिषद की बैठक में लिया गया। बैठक में 10 अगस्त को देशव्यापी आंदोलन की घोषणा भी की गई, जिसमें सी2 प्लस 50 प्रतिशत पर न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) की कानूनी गारंटी और पक्की खरीद, मुक्त व्यापार समझौतों को रद्द करने और किसानों का पूरा कर्ज माफ करने की मांग की जाएगी। ‘सी2 प्लस 50 प्रतिशत’ फॉर्मूला, भारत में फसलों के लिए उचित एमएसपी तय करने के लिए स्वामीनाथन आयोग द्वारा सुझाया गया एक कृषि मूल्य निर्धारण मानक है। यहां सी2 का अर्थ ‘व्यापक लागत’ है। किसान संगठन ने कहा कि अगर सरकार भारत-अमेरिका मुक्त व्यापार समझौते पर हस्ताक्षर करती है, तो राज्य समन्वय समितियां और सदस्य संगठन विरोध प्रदर्शन के स्वरूप और स्थान का निर्णय करेंगे।  इस अभियान के तहत, एसकेएम 10 अगस्त को देशव्यापी विरोध दिवस के तौर पर मनाएगा। इसके तहत अलग-अलग राज्यों में ‘रेल रोको’, ‘रास्ता रोको’ और ‘जेल भरो’ जैसे कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। संगठन ने कहा कि आंदोलन की रूपरेखा और विवरण उसकी राज्य इकाइयों और सहयोगी संगठनों द्वारा तय किए जाएंगे।

कोई टिप्पणी नहीं: