- गांव-गांव एवं घर-घर पहुंचेगा जागरूकता का संदेश, नशे के दुष्प्रभावों के विरुद्ध चलेगा व्यापक जन-जागरूकता अभियान, जिलेवासियों से नशा मुक्त बिहार के निर्माण में योगदान देने की अपील
27 अक्टूबर से 26 नवंबर 2026 तक चलेगा अभियान
नशा मुक्त बिहार अभियान 27 अक्टूबर से 26 नवंबर 2026 तक संचालित किया जाएगा। इस दौरान जिले के शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों में व्यापक जन-जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। अभियान का उद्देश्य आम लोगों को नशे के दुष्प्रभावों से अवगत कराना, नशीले पदार्थों के सेवन से दूर रहने के लिए प्रेरित करना तथा नशा मुक्त समाज के निर्माण में जनभागीदारी सुनिश्चित करना है। कार्यक्रम के दौरान उपस्थित लोगों को नशा मुक्त बिहार के निर्माण में सक्रिय योगदान देने की शपथ दिलाई गई। शपथ में किसी भी प्रकार के नशीले पदार्थ का सेवन नहीं करने, दूसरों को भी नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करने, नशीले पदार्थों से संबंधित कानूनों एवं नियमों का पालन करने तथा जागरूक, सशक्त और नशा मुक्त बिहार के निर्माण के लिए निरंतर प्रयास करने का संकल्प शामिल रहा।जिलाधिकारी ने अभियान के प्रभावी संचालन के लिए संबंधित अधिकारियों को प्रत्येक कार्यक्रम एवं गतिविधि का दिवसवार कार्ययोजना (डे-वाइज वर्क प्लान) तैयार करने का निर्देश दिया है। इसका उद्देश्य सभी कार्यक्रमों के आयोजन में एकरूपता बनाए रखने के साथ उन्हें सुव्यवस्थित, आकर्षक एवं प्रभावशाली स्वरूप प्रदान करना है। जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया है कि अभियान के सफल एवं सुचारु क्रियान्वयन के लिए सभी संबंधित विभाग अपने-अपने निर्धारित दायित्वों का समयबद्ध तरीके से निर्वहन करें। कार्यक्रमों के आयोजन, विभागीय समन्वय, जनभागीदारी तथा जागरूकता गतिविधियों के प्रभावी संचालन पर विशेष ध्यान देने का निर्देश दिया गया है।
नशे का सेवन व्यक्ति के शारीरिक एवं मानसिक स्वास्थ्य के साथ-साथ उसके पारिवारिक, सामाजिक और आर्थिक जीवन पर भी प्रतिकूल प्रभाव डालता है। इससे परिवार की आर्थिक स्थिति प्रभावित होने के साथ सामाजिक संबंधों एवं सामाजिक व्यवस्था पर भी नकारात्मक असर पड़ सकता है। ऐसे में नशा मुक्ति के प्रति जागरूकता, सामुदायिक सहभागिता तथा नशे से दूर रहने के लिए लोगों को प्रेरित करना अत्यंत आवश्यक है। इस अभियान के माध्यम से आम लोगों को नशे के दुष्परिणामों की जानकारी देने, विशेषकर युवाओं को नशीले पदार्थों से दूर रहने के लिए प्रेरित करने तथा परिवार एवं समाज में सकारात्मक वातावरण तैयार करने का प्रयास किया जाएगा।
जिले में नशीले पदार्थों से संबंधित सूचना देने के लिए एंटी नारकोटिक हेल्पलाइन नंबर 90316 26043 जारी किया गया है। इस नंबर पर मैसेज के माध्यम से सूचना दी जा सकती है, जिसके आधार पर त्वरित एवं प्रभावी कार्रवाई की जा सकती है। इसके अतिरिक्त टोल-फ्री नंबर 15545 एवं 18003456268 भी उपलब्ध हैं। जिलाधिकारी ने जिलेवासियों से अपील की है कि वे नशा मुक्त बिहार अभियान में सक्रिय भागीदारी निभाएं तथा स्वयं नशीले पदार्थों से दूर रहने के साथ अपने परिवार, मित्रों और आसपास के लोगों को भी इसके दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करें। उन्होंने कहा कि नशा मुक्त समाज का निर्माण केवल प्रशासन के प्रयासों से नहीं, बल्कि आम नागरिकों, युवाओं, महिलाओं, शैक्षणिक संस्थानों एवं सामाजिक संगठनों की सामूहिक सहभागिता से ही संभव है। जिलाधिकारी ने जिलेवासियों से अभियान को जन आंदोलन का स्वरूप प्रदान करने, नशा मुक्ति के संदेश को प्रत्येक घर तक पहुंचाने तथा स्वस्थ, जागरूक, सुरक्षित एवं नशा मुक्त समाज के निर्माण में अपना महत्वपूर्ण योगदान देने की अपील की है।



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