दिल्ली कॉमनवेल्थ खेलों की खराब तैयारी पर अपने पिछले बयान से पलटते हुए हुए माइक हूपर ने फेडरेशन की जिम्मेदारी भी मानी है. इससे पहले अपने बयान में हूपर ने गड़बड़ियों के लिए भारत और दिल्ली की सरकार को दोषी ठहराया था.न्यूजीलैंड के पत्रकारों से बातचीत में माइक हूपर ने पहले कहा था कि सारी गड़बड़ियों की जिम्मेदारी भारत सरकार की है लेकिन अब उन्होंने ये कह कर जिम्मेदारी फेडरेशन के ऊपर ले ली है कि कॉमनवेल्थ गेम्स फेडरेशन भी इन सबके के लिए उतना ही जिम्मेदार है. इधर खेलगांव की साफ सफाई पर नजर रख रहे अधिकारियों के मुताबिक खेलगांव के 100 से ज्यादा अपार्टमेंट अभी भी रहने के काबिल नहीं हैं और उनमें कई तरह की समस्याएं हैं.इनमें से कुछ में बिजली का कनेक्शन नहीं है तो कुछ में पानी की पाइपलाइन में गड़बड़ी है. प्रधानमंत्री कार्यालय ने दिल्ली सरकार को इस परिसर की जिम्मेदारी डीडीए से अपने हाथों में लेने का आदेश दिया. दिल्ली सरकार ने 1500 लोगों को इस काम में लगाया है. मुख्यमंत्री शीला दीक्षित का कहना है कि बुधवार तक सबकुछ तैयार हो जाएगा.
दिल्ली कॉमनवेल्थ खेलों की खराब तैयारी पर अपने पिछले बयान से पलटते हुए हुए माइक हूपर ने फेडरेशन की जिम्मेदारी भी मानी है. इससे पहले अपने बयान में हूपर ने गड़बड़ियों के लिए भारत और दिल्ली की सरकार को दोषी ठहराया था.न्यूजीलैंड के पत्रकारों से बातचीत में माइक हूपर ने पहले कहा था कि सारी गड़बड़ियों की जिम्मेदारी भारत सरकार की है लेकिन अब उन्होंने ये कह कर जिम्मेदारी फेडरेशन के ऊपर ले ली है कि कॉमनवेल्थ गेम्स फेडरेशन भी इन सबके के लिए उतना ही जिम्मेदार है. इधर खेलगांव की साफ सफाई पर नजर रख रहे अधिकारियों के मुताबिक खेलगांव के 100 से ज्यादा अपार्टमेंट अभी भी रहने के काबिल नहीं हैं और उनमें कई तरह की समस्याएं हैं.इनमें से कुछ में बिजली का कनेक्शन नहीं है तो कुछ में पानी की पाइपलाइन में गड़बड़ी है. प्रधानमंत्री कार्यालय ने दिल्ली सरकार को इस परिसर की जिम्मेदारी डीडीए से अपने हाथों में लेने का आदेश दिया. दिल्ली सरकार ने 1500 लोगों को इस काम में लगाया है. मुख्यमंत्री शीला दीक्षित का कहना है कि बुधवार तक सबकुछ तैयार हो जाएगा.
कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें