पूर्व रेल मंत्री और राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर सत्ता में वापसी के लिए तंत्रमंत्र का सहारा लेने का आरोप लगाया है। लालू प्रसाद ने कहा कि नीतीश मारक मंत्र का जाप करा रहे हैं।
लालू ने कहा कि नीतीश कुमार मंदिर- मंदिर जाकर मत्था टेक रहे हैं। नीतीश कहां- कहां और किस- किस पीठ में पंडितों को लगाए हुए हैं, उन्हें मालूम है। समय आने पर पंडितजी को भी हाजिर कर देंगे। लालू ने खुद पर दैव कृपा का दावा करते हुए कहा कि उनके ऊपर शंकर भगवान की कृपा है। उन्होंने थावे मां से आशीर्वाद मांगा है।
उधर, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने लालू की टिप्पणी को उनके ही ऊपर उड़ेल दिया। नीतीश ने कहा कि लालू का रोम-रोम अंधविश्वास में समाया हुआ है। जनता का विश्वास खो दिए हैं तो अंधविश्वास की शरण में चले गए। नीतीश ने लालू को तंत्रमंत्र वाला आदमी करार दिया। इसीलिए सूर्यग्रहण में बिस्कुट खाने जैसी बातें करते हैंै। नीतीश ने कहा कि सुबह-शाम पार्टी कार्यालय आकर लालू ड्रामा कर रहे हैं, फोटो खिंचवा रहे हैं।
लालू प्रसाद और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को विधानसभा चुनाव के ऐन पहले कार्यकर्ताओं की याद मानो सताने लगी हो। बिहार के ये दोनांे दिग्गज पिछले दो दिनों से अपने- अपने पार्टी कार्यालयों में आने लगे हैं। लालू प्रसाद तो नियमपूर्वक सुबह- शाम आने लगे हैं। वहीं नीतीश कुमार भी गुरुवार को पटना में जदयू कार्यालय पहुंचे। बुधवार को उन्होंने दो दफे पार्टी कार्यालय का चक्कर लगाया था। गुरुवार को नीतीश के पहुंचने पर पार्टी कार्यकर्ताओं ने दो पूर्व मंत्रियों श्याम रजक और रामलखन महतो को टिकट देने का विरोध किया। कार्यकर्ताओं ने मुख्यमंत्री के सामने नारेबाजी कर इन दोनों नेताओं को पार्टी टिकट नहीं देने की मांग की।
श्याम रजक पटना से सटे फुलवारी शरीफ से राजद विधायक रहते हुए पार्टी और विधानसभा से इस्तीफा देकर जदयू में शामिल हुए थे। विधानसभा उपचुनाव में उन्हें राजद उम्मीदवार उदय मांझी ने हरा दिया था। इस बार फिर वे जदयू के टिकट पर ताल ठोंकने वाले हैं। वहीं उजियारपुर विधानसभा क्षेत्र से दावेदार और वहां के सीटिंग विधायक रामलखन महतो हाल ही में राजद छोड़ जदयू में आए हैं।
राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद ने झारखंड में भाजपा की सत्ता में वापसी के लिए कांग्रेस को ही जिम्मेवार बताया है। लालू ने कहा कि कांग्रेस के ढुलमुल रवैये के कारण ही ऐसा हुआ। वहीं जातीय जनगणना के केंद्र के फैसले को अपनी जीत बताते हुए लालू ने कहा कि उन्होंने ही सबसे पहले इसकी मांग उठाई थी। इस मसले पर सीपीएम महासचिव प्रकाश करात के विरोध पर तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए लालू ने कहा कि इन्हीं वजहों से उनकी पार्टी की दुर्दशा हो रही है।
पटना. बिहार विधानसभा में चुनाव लड़ने वाले सीपीआईएम प्रत्याशियों की अंतिम सूची तैयार हो गई है। इसकी घोषणा वामपंथी पार्टियों की बैठक के बाद की जाएगी। बिहार में सीपीएम लगभग 30 सीटों पर चुनाव लड़ेगी। चुनाव का मुद्दा महंगाई, विकास, बेरोजगारी और कृषि संकट होगा। सीपीएम अन्य वामपंर्थी पार्टियां के गठजोड़ के साथ चुनाव में उतरेगी। गुरुवार को प्रेस से बात करते हुए यह बात सीपीआईएम महासचिव प्रकाश करात ने कही।
उन्होंने कहा कि बिहार में सुखाड़ की समस्या को देखते हुए केन्द्र सरकार को एफसीआई गोदामों में सड़ रहे अनाजों को यहां के गरीबों में मुफ्त में बांटा जाना चाहिए। उन्होंने बिहार सरकार को इसकी मांग करने की सलाह भी दी।
नंदीग्राम घटना के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा कि यह पार्टी की गलती थी। इसे पार्टी ने मान लिया है। पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री ने भी इस गलती को माना है। बंगाल में सीपीएम पर हमले की चर्चा करते हुए प्रकाश करात ने कहा कि पश्चिम बंगाल में वामपंथी गठबंधन पर तृणमुल कांग्रेस और माओवादियों के जानलेवा हमले जारी है। अबतक हुए हमलों में लगभग 272 सीपीएम कार्यकत्र्ताओं की जानें गई हैं।
पटना. बांका के पूर्व सांसद गिरधारी यादव ने गुरुवार को कांग्रेस पार्टी को अलविदा कह दिया। उन्होंने इसी दिन अपने समर्थकों के साथ जदयू की सदस्यता ग्रहण कर ली। इस मौके पर गिरधारी यादव ने कहा कि बिहार में दो ही धाराएं हैं। एक लालू की दूसरी नीतीश की। उन्होंने कहा कि पिछले लोकसभा चुनाव के समय टिकट नहीं मिलने पर उन्होंने राजद छोड़कर कांग्रेस का हाथ पकड़ा था, लेकिन पार्टी के खराब प्रदर्शन से उनका मनोबल टूट गया। अब वे दूसरी धारा जदयू में शामिल हो गए हैं।
गिरधारी ने कहा कि नीतीश सरकार के कामकाज से प्रभावित होकर उन्होंने यह फैसला लिया है। इस मौके पर मौजूद जदयू प्रदेश अध्यक्ष विजय कुमार चौधरी और मंत्री नरेंद्र सिंह ने कहा कि गिरधारी के आने से बांका क्षेत्र में पार्टी को मजबूती मिली है।
शुक्रवार, 10 सितंबर 2010
नीतीश कुमार मंदिर- मंदिर जाकर मत्था टेक रहे हैं:-लालू प्रसाद यादव
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