प्रोफ़ेसर ने पूछे अश्लील प्रश्न. - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

Breaking

प्रबिसि नगर कीजै सब काजा । हृदय राखि कौशलपुर राजा।। -- मंगल भवन अमंगल हारी। द्रवहु सुदसरथ अजिर बिहारी ।। -- सब नर करहिं परस्पर प्रीति । चलहिं स्वधर्म निरत श्रुतिनीति ।। -- तेहि अवसर सुनि शिव धनु भंगा । आयउ भृगुकुल कमल पतंगा।। -- राजिव नयन धरैधनु सायक । भगत विपत्ति भंजनु सुखदायक।। -- अनुचित बहुत कहेउं अग्याता । छमहु क्षमा मंदिर दोउ भ्राता।। -- हरि अनन्त हरि कथा अनन्ता। कहहि सुनहि बहुविधि सब संता। -- साधक नाम जपहिं लय लाएं। होहिं सिद्ध अनिमादिक पाएं।। -- अतिथि पूज्य प्रियतम पुरारि के । कामद धन दारिद्र दवारिके।।

शनिवार, 25 दिसंबर 2010

प्रोफ़ेसर ने पूछे अश्लील प्रश्न.

कश्मीर युनिवर्सिटी के एक प्रोफेसर पर अश्लील पेपर बनाने का आरोप लगाया गया है। प्रो. शाद रमजान पर पेपर में अश्लील सवाल पूछने का आरोप है। कश्मीर जोन के आईजी एस.एम. सहाय के अनुसार अभी तक प्रोफेसर को गिरफ्तार नहीं किया गया है। गौरतलब है कि प्रो. रमजान को 2009 में साहित्य अकादमी अवॉर्ड मिल चुका है। उन्होंने बैचलर ऑफ आर्टस के पहले साल के पेपर में अंग्रेजी के पैराग्राफ को कश्मीर में अनुवाद करने को कहा था।

प्रो. रमजान ने खुद पर लगाए आरोप को शैक्षणिक आतंकवाद करार दिया है। उनके अनुसार उनके द्वारा पूछा गया सवाल महिलाओं के शरीर से जुड़ा बॉयोलॉजिकल फैक्ट था। इस फैक्ट के बारे में कक्षा सातवीं से लेकर एमबीबीएस तक पढ़ाया जाता है। प्रोफेसर के अनुसार उन्होंने ये पैराग्राफ यूनानी मेडिसीन की किताब से लिया था। रमजान के अनुसार पुलिस को पहले पहले किताब के लेखक को पकड़ना चाहिए। किताब को मेडिकल कॉलेज में बैन करना चाहिए। प्रोफेसर के मुताबिक सरकार को गालिब, रसूल मीर और सदाहत हसन मंटो जैसे लेखकों को भी बैन करना चाहिए। पुलिस ने दिसंबर महीने में श्रीनगर के कश्मीर युनिवर्सिटी के गांधी मेमोरियल कॉलेज के लेक्चरर को पत्थरबाजों से जुड़ा एक सवाल पूछने के आरोप में गिरफ्तार किया था।

कोई टिप्पणी नहीं: