नीतीश का पूर्व मंत्री जेल में, जमानत ख़ारिज. - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

Breaking

प्रबिसि नगर कीजै सब काजा । हृदय राखि कौशलपुर राजा।। -- मंगल भवन अमंगल हारी। द्रवहु सुदसरथ अजिर बिहारी ।। -- सब नर करहिं परस्पर प्रीति । चलहिं स्वधर्म निरत श्रुतिनीति ।। -- तेहि अवसर सुनि शिव धनु भंगा । आयउ भृगुकुल कमल पतंगा।। -- राजिव नयन धरैधनु सायक । भगत विपत्ति भंजनु सुखदायक।। -- अनुचित बहुत कहेउं अग्याता । छमहु क्षमा मंदिर दोउ भ्राता।। -- हरि अनन्त हरि कथा अनन्ता। कहहि सुनहि बहुविधि सब संता। -- साधक नाम जपहिं लय लाएं। होहिं सिद्ध अनिमादिक पाएं।। -- अतिथि पूज्य प्रियतम पुरारि के । कामद धन दारिद्र दवारिके।।

शुक्रवार, 27 मई 2011

नीतीश का पूर्व मंत्री जेल में, जमानत ख़ारिज.

बिहार के पूर्व सहकारिता मंत्री रामधार सिंह ने गुरुवार को यहां एक कोर्ट में आत्मसमर्पण कर दिया। उन पर भड़काऊ भाषण देने का आरोप है और वह लंबे समय से फरार चल रहे थे। कोर्ट ने उनकी जमानत अर्जी खारिज करते हुए उन्हें न्यायिक हिरासत में भेज दिया है।

पुलिस के अनुसार, पूर्व मंत्री सिंह ने गुरुवार सुबह औरंगाबाद के सीजेएम की अदालत में आत्मसमर्पण किया। कोर्ट के एक अधिकारी के अनुसार, आत्मसमर्पण के बाद उन्होंने अदालत में जमानत की अर्जी दी। सीजेएम आशुतोष खेतान ने अर्जी खरिज करते हुए उन्हें न्यायिक हिरासत में भेज दिया।

उल्लेखनीय है कि सिंह के खिलाफ वर्ष 1992 में औरंगाबाद के मदनपुर थाने में भड़काऊ भाषण देने के आरोप में एक मामला दर्ज कराया गया था। इसके बाद उन्हें जमानत मिल गई थी, लेकिन मामले की सुनवाई के दौरान उन्हें मौजूद रहने के लिए कहा गया था। उनके अदालत में हाजिर न होने के कारण कोर्ट ने वर्ष 1995 में उन्हें फरार घोषित कर दिया था।

राज्य के औरंगाबाद के एक कोर्ट द्वारा उन्हें फरार घोषित किए जाने की बात सामने आने के बाद 19 मई को सिंह ने सहकारिता मंत्री के पद से इस्तीफा दे दिया था। इसके पूर्व पटना होई कोर्ट ने भी उनकी जमानत की याचिका खारिज करते हुए उन्हें निचली अदालत में आत्मसमर्पण करने का निर्देश दिया था।

कोई टिप्पणी नहीं: