मजबूत जनलोकपाल कानून के लिए आंदोलन कर रहे गांधीवादी नेता अन्ना हजारे तिरंगा फहराने को लेकर कानूनी पचड़े में फंस गए हैं। उनपर बिहार की एक अदालत में मुकदमा राष्ट्रीय ध्वज के अपमान का मुकदमा दर्ज कराया गया है। अन्ना के साथ सामाजिक कार्यकर्ता अरविंद केजरीवाल पर भी मुकदमा दर्ज किया गया है।
12 अगस्त 2011 की रात्रि जीटीवी पर दिखाये गये लिट्लि चैंप्स कार्यक्रम में अन्ना हजारे द्वारा रात में तिरंगा फहराया जाने और राष्ट्रीय ध्वज का व्यवसायीकरण किये जाने को लेकर सुधीर कुमार ओझा ने गुरूवार को मुजफ्फरपुर के सीजेएम एसपी सिंह के न्यायालय में अन्ना हजारे सहित आठ लोगों पर मुकदमा दर्ज कराया है।
सीजेएम श्री सिंह ने मुकदमा का संज्ञान लेते हुए प्रथम न्यायिक दंडाधिकारी रत्नेश कुमार को जांच के आदेश दिये हैं। वहीं मुकदमे की सुनवाई के लिए अगली तिथि 12 सितम्बर 2011 को मुकर्रर की गई है। इस बाबत सुधीर कुमार ओझा ने बताया कि हजारे द्वारा तिरंगा को रात्रि पहर में फहराया गया, जो गलत था। वहीं कार्यक्रम में जो झंडे लगे थे उससे तिरंगा का अपमान हुआ है, जिससे उन्हें काफी आघात पहुंचा है। जिसके बाद उन्होंनें अन्ना हजारे, अरविंद केजरीवाल, अल्का यागनिक, जावेद अली, अदनान शामी, जीटीवी के निदेशक जय सोनी व कार्यक्रम के निदेशक सहित आठ लोगों पर मुकदमा दर्ज कराया है।

1 टिप्पणी:
Jahan tak meri jaankari hai. besak wo program raat ko telecast hua tha, lekin uski shooting kuch din pahle din ke samay hui hai.
Eise to kai filmo main gunde, nakli raajneta aadi ke dwara ye kaam kiya jata raha hai.. tab aap kahan the??
एक टिप्पणी भेजें