सरकार महंगाई रोकने में पूरी तरह से असफल है. तरक्की का अर्थ अगर महंगाई है तो ऐसी तरक्की हमें नहीं चाहिए. भाजपा ने संसद के मानसून सत्र के तीसरे दिन बुधवार को लोकसभा में महंगाई पर नियम-184 के तहत चर्चा के दौरान यह बातें कहीं.
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के वरिष्ठ नेता यशंवत सिन्हा ने महंगाई रोकने पर सरकार की नाकामी की खिंचाई करते हुए कहा कि सरकार गंभीर नहीं है. आम आदमी परेशान है. महंगाई की वजह से पांच करोड़ लोग गरीबी रेखा से नीचे चले गए है. अर्थात पांच करोड़ नए गरीब पैदा हो गए हैं. यशंवत सिन्हा ने कहाकि महंगाई पर तत्काल कदम उठाने की जरूरत है.उन्होंने कहाकि महंगाई पर सिर्फ चर्चा नहीं हो इस पर कुछ उपाय करने की जरूरत है.
दबाव में आई सरकार ने भी महंगाई पर नियम-184 के तहत बहस करने की बात मान ली. आजादी के बाद या यू कहें कि यह पहला मौका है जब संसद में महंगाई पर बहस होगी. इस नियम के तहत महंगाई पर बहस के बाद इस पर संसद में वोटिंग होगी. इससे पूर्व सरकार और विपक्षी दलों के सदस्यों ने बातचीत के बाद तय किया था कि लोकसभा में महंगाई पर नियम-184 के तहत चर्चा होगी, जबकि राज्य सभा में पहले आंतरिक सुरक्षा के नियम के 176 के तहत फिर महंगाई के मुद्दे पर नियम-167 के तहत बहस होगी, जिसमें वोटिंग का प्रावधान है.
गौरतलब है कि इस मुद्दे पर चर्चा की मांग को लेकर राज्यसभा तथा लोकसभा में विपक्ष के भारी हंगामे के बाद सदन की कार्यवाही मंगलवार को स्थगित करनी पड़ी.

कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें