मोदी सरकार के निशाने पर एक और पुलिस अधिकारी - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

Breaking

प्रबिसि नगर कीजै सब काजा । हृदय राखि कौशलपुर राजा।। -- मंगल भवन अमंगल हारी। द्रवहु सुदसरथ अजिर बिहारी ।। -- सब नर करहिं परस्पर प्रीति । चलहिं स्वधर्म निरत श्रुतिनीति ।। -- तेहि अवसर सुनि शिव धनु भंगा । आयउ भृगुकुल कमल पतंगा।। -- राजिव नयन धरैधनु सायक । भगत विपत्ति भंजनु सुखदायक।। -- अनुचित बहुत कहेउं अग्याता । छमहु क्षमा मंदिर दोउ भ्राता।। -- हरि अनन्त हरि कथा अनन्ता। कहहि सुनहि बहुविधि सब संता। -- साधक नाम जपहिं लय लाएं। होहिं सिद्ध अनिमादिक पाएं।। -- अतिथि पूज्य प्रियतम पुरारि के । कामद धन दारिद्र दवारिके।।

गुरुवार, 11 अगस्त 2011

मोदी सरकार के निशाने पर एक और पुलिस अधिकारी

गुजरात सरकार ने आईपीएस संजीव भट्ट को निलंबित करने के बाद अब डीआईजी राहुल शर्मा के खिलाफ चार्जशीट जारी कर दिया है। मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी ने डीआईजी राहुल शर्मा के खिलाफ चार्जशीट को मंजूरी दे दी है। शर्मा पर आरोप है कि उन्होंने नौकरी के सेवा शर्तों का उल्लंघन किया और गोधरा दंगे की जांच करनेवाले नानावटी कमिशन की गोपनीयता कानून का उल्लंघन करके कई जानकारियां मुहैया कराईं।

राहुल शर्मा ने एसआईटी को जानकारी दी कि दंगे के वक्त नरोदा पाटिया में आनेवाले फोन कॉल्स के रेकॉर्ड नष्ट कर दिए गए हैं। केंद्रीय सूचना प्रसारण मंत्री अंबिका सोनी ने गुरूवार को एक बयान में कहा है कि गुजरात की नरेंद्र मोदी सरकार सच को दबाने की कोशिश कर रही है।

सीनियर आईपीएस अफसर संजीव भट्ट को सोमवार रात गुजरात सरकार ने सस्पेंड कर दिया। साल 2002 में गोधरा कांड के बाद गुजरात में हुए दंगों के मामले में भट्ट का गुजरात सरकार के साथ टकराव चल रहा है। नरेंद्र मोदी सरकार ने तत्काल प्रभाव से इंस्पेक्टर जनरल रैंक के अफसर भट्ट के निलंबन का आदेश दिया। गुजरात सरकार ने निलंबित करने के कारणों के बारे में बताया है कि भट्ट का आचरण सही नहीं है।

भट्ट ने पहले मोदी पर गोधरा कांड के बाद हुए दंगों के दौरान सरकारी तंत्र के दुरुपयोग का आरोप लगाया था। उन्होंने हाल में आरोप लगाया कि दंगा मामलों पर एसआईटी जांच का ब्योरा राज्य सरकार के टॉप लॉ अफसर को लीक किया गया। उन्होंने मोदी पर यह भी आरोप लगाया था कि उन्होंने दंगों के दौरान मदद के लिए मुस्लिमों की ओर से लगाई जाने वाली गुहार की पुलिसकर्मियों से अनदेखी करने को कहा था।

कोई टिप्पणी नहीं: