पेट्रोल की बढ़ी कीमतों से नाराज़ तृणमूल कांग्रेस के 24 सांसदों ने अपना इस्तीफा पार्टी प्रमुख ममता बनर्जी को सौंप दिया है. इन सभी सांसदों को दिल्ली में रहने के लिए कहा गया है ताकि मंगलवार को प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह से मुलाकात में कीमत कम करने पर दबाव बनाया जा सके.
पेट्रोल की कीमतों में बढ़ोतरी और महंगाई से नाराज ममता बनर्जी सरकार पर दबाव बनाते हुए मंगलवार को दिल्ली में प्रधानमंत्री से मुलाकात करेंगी. ममता बनर्जी ने घटक दलों को विश्वास में लिये बिना पेट्रोल की कीमतों में बढ़ोत्तरी से नाराजगी जताई थी और यूपीए से समर्थन वापस लेने की बात कही थी. ऐसा लगता है ममता बनर्जी और विपक्ष द्वारा बनाया जा रहा दबाव काम करने लगा है.
सूत्रों से मिल रही खबरों के मुताबिक सरकारी तेल कंपनियां पेट्रोल के दाम घटाने की तैयारी में हैं. पेट्रोल के दाम 30 से 35 पैसे प्रति लीटर कम हो सकते हैं. अगले 15 दिनों में ये कटौती हो सकती है. बताया जा रहा है कि अंतर्राष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में तीन डॉलर प्रति बैरल की कमी आई है. साथ ही सरकार के सहयोगी दलों की नाराजगी को देखते हुए तेल कंपनियों ने दाम में कटौती करने का फैसला किया है. 13वीं बार बढ़ोतरी के बाद ये पहला मौका है जब तेल कंपनियां पेट्रोल के बढ़े दाम कम करेंगी.

1 टिप्पणी:
It is very surprising news.But every thing is possible in the world.
Meenakshi Srivastava
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