सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र और राज्यों से प्रतिक्रिया मांगी. - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

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शुक्रवार, 4 नवंबर 2011

सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र और राज्यों से प्रतिक्रिया मांगी.

सांसदों के खिलाफ लंबित आपराधिक मामलों पर त्वरित अदालती कार्यवाही की मांग करती एक जनहित याचिका पर सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को केंद्र और राज्यों से प्रतिक्रिया मांगी और कहा कि 162 सांसदों पर विभिन्न आपराधिक मामले बेहद परेशान करने वाले हैं ।

न्यायमूर्ति पी सतशिवम की अध्यक्षता वाली एक पीठ ने कहा कि मामले पर सोच विचार की जरूरत है और उन्होंने केंद्र और राज्यों को नोटिस जारी करते हुए एक महीने के भीतर अपनी प्रतिक्रिया देने को कहा ।

पूर्व मुख्य चुनाव आयुक्त जेएम लिंगदोह की याचिका पर न्यायालय ने यह आदेश सुनाया जिसमें उन्होंने मांग की थी कि सांसदों के खिलाफ लंबित मामलों को जल्द निपटारे के लिए त्वरित न्यायालय में भेजा जाना चाहिए।

लिंगहोह की ओर से हाजिर होते हुए वरिष्ठ अधिवक्ता राजीव धवन ने दलील दी कि 162 सांसद विभिन्न आपराधिक मामलों में संलिप्त हैं जिनमें 76 के खिलाफ मामले गंभीर प्रवृत्ति के हैं और उन्हें समय पर निपटारे के लिए त्वरित अदालत भेजा जाना चाहिए।

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