नियंत्रक एवं महालेखापरीक्षक (कैग) विनोद राय ने कहा है कि सीबीआई और केंद्रीय सतर्कता आयोग (सीवीसी) जैसी केंद्रीय जांच एजेंसियों को संवैधानिक दर्जा दिया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि इस बदलाव से ये संस्थाएं भ्रष्टाचार से प्रभावी तरीके से निपट पाएंगी। वल्र्ड इकोनॉमिक फोरम (डब्ल्यूईएफ) की भारत पर आयोजित बैठक के दौरान बुधवार को उन्होंने कहा कि यदि आप सच में चाहते हैं कि सीबीआई और सीवीसी जैसे संस्थान भ्रष्टाचार के खिलाफ प्रभावी रूप से काम करें तो आपको रिस्क उठाना पड़ेगा और इन संस्थानों को संवैधानिक दर्जा देने का साहस दिखाना होगा।
श्री राय ने कहा कि सीबीआई और सीवीसी स्वतंत्र प्राधिकरण नहीं हैं और यही कारण है कि इन पर सरकार के हाथ की कठपुतली होने का आरोप लगता है। राय ने यह भी कहा कि यदि आप चाहते हैं कि लोकपाल स्वायत्त और पूर्ण स्वतंत्र होकर काम करे तो आपको संविधान में इसकी गारंटी देनी होगी। डब्ल्यूईएफ के कार्यक्रम में भाग लेने पहुंचे जानेमाने उद्योगपति और सीआईआई के अध्यक्ष आदि गोदरेज के सामने उस समय अजीब स्थिति पैदा हो गई जब उनको अंदर जाने से रोक दिया गया। सुरक्षा गार्डों और डब्ल्यूईएफ के अधिकारियों के साथ गरमा-गरम बहस के बाद ही गोदरेज अंदर जा सके। गोदरेज ने कहा कि डब्ल्यूईएफ की बैठक में पहले ऐसा कभी नहीं हुआ। वे लोगों को अंदर नहीं जाने दे रहे थे। उन्होंने मुझे तभी अंदर जाने दिया जब खूब बहस हुई और मैंने अपना नाम बताया।
बैठक में पहुंचे पाकिस्तान के क्रिकेटर से नेता बने इमरान खान ने कहा कि अब समय आ गया है जब भारत और पाकिस्तान आतंकवाद से लेकर आर्मी तक सभी विवादों को हल कर लें। हालांकि उन्होंने कहा कि जब तक कश्मीर मुद्दा हल नहीं हो जाता मुंबई हमले जैसी आशंका हमेशा बनी रहेगी। तहरीक-ए-इंसाफ पार्टी के प्रमुख इमरान ने कहा कि उनकी पार्टी सत्ता में आती है तो आतंकवादियों को भारत के खिलाफ पाकिस्तान की जमीं पर साजिश नहीं रचने देंगे।
डब्ल्यूईएफ की बैठक में मौजूद कनाडा के प्रधानमंत्री स्टीफन हार्पर ने कहा कि भारत और कनाडा को तेजी से संबंध सुधारने में बॉलीवुडसे सीख लेनी चाहिए। जैसे हीरो और हीरोइन सभी बाधाओं को दूर कर मजबूत संबंधों में बंध जाते हैं वैसे ही दोनों देशों को करना होगा। भारतीय फिल्मों के फैन हार्पर ने कहा कि बॉलीवुड दर्शकों की रुचि कमजोर पडऩे से पहले ही फिल्म का सुखद अंत सुनिश्चित कर देते हैं। ऐसा ही भारत-कनाडा को करना है। आर्सेलरमित्तल ने अपने कर्नाटक में बनने वाले स्टील प्लांट के लिए जमीन का अधिग्रहण पूरा कर लिया है। भारतीय मूल के अरबपति लक्ष्मीनिवास मित्तल केस्वामित्व वाली आर्सेलरमित्तल ने 2006 में झारखंड और उड़ीसा में भी 120 लाख टन क्षमता वाले बड़े स्टील प्लांट लगाने की घोषणा की थी। हालांकि कई कारणों से यह अब तक संभव नहीं हो पाया। बाद में कंपनी ने कर्नाटक में 60 लाख टन क्षमता का छोटा प्लांट लगाने पर ध्यान केंद्रित कर दिया। बैठक में मौजूद आर्सेलरमित्तल इंडिया के प्रमुख विजय भटनागर ने कहा कि कर्नाटक में उनको 2600 एकड़ जमीन का कब्जा मिल गया है।
डब्ल्यूईएफ की बैठक में भाग लेने आए भारती ग्रुप के चेयरमैन सुनील भारती मित्तल ने कहा कि 2जी स्पेक्ट्रम की बोली के लिए रखी गई 14,000 करोड़ रुपये की रिजर्व प्राइस काफी ज्यादा है और इसलिए नीलामी एक दिन में ही पूरी हो जाएगी। मित्तल ने कहा कि हम पहले दिन से ही कह रहे हैं कि रिजर्व प्राइस बहुत ऊंची है। अगले सप्ताह होने वाली 2जी स्पेक्ट्रम की नीलामी के लिए सरकार ने देश के 22 टेलीकॉम जोन में 5 मेगाहट्र्ज तरंगों के लिए न्यूनतम बोली 14,000 रखी है।
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