बिहार के मुजफ्फरपुर शहर में अपने घर से अपहृत की गई 11 साल की लड़की की बरामदगी के लिए दायर बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका पर सर्वोच्च न्यायालय ने सोमवार को केंद्र और बिहार सरकार को नोटिस जारी किया। जस्टिस आर.एम. लोढ़ा और जस्टिस अनिल आर. दवे की खंडपीठ ने अधिवक्ता डी. वैद्यनाथन की दलीलें सुनने के बाद नोटिस जारी किया। अधिवक्ता ने खंडपीठ को बताया कि 18-19 सितंबर की दरम्यानी रात को नवरुणा चक्रवर्ती के अपहरण के मामले में पुलिस ने अभी तक कुछ भी नहीं किया है। नोटिस का जवाब छह सप्ताह में मांगा गया है।
यह याचिका दिल्ली विश्वविद्यालय में कानून की पढ़ाई कर रहे मुजफ्फरपुर के छात्रों ने दायर की है। छात्रों ने मामले के विवेचना अधिकारी उप निरीक्षक अमित कुमार पर दिल्ली आ कर छात्रों को धमकाने का आरोप लगाया है।

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