केन्द्रीय कोयला मंत्री श्रीप्रकाश जायसवाल ने कहा कि जरूरी है कि देश में फास्ट ट्रैक अदालत की स्थापना हो, ताकि बलात्कारी को जल्द से जल्द सजा मिल सकें. बलात्कार के मामलों में देर से न्याय मिलने का जिक्र करते हुए उन्होंने इस बात पर जोर दिया. जायसवाल ने कहा कि उस बलात्कार पीड़ित युवती ने, जो बलिदान देकर संदेश दिया है उसे पढ़ा जाना चाहिये. उस बलात्कार पीड़ित युवती ने सभी सरकारों फिर चाहे वह केन्द्र की हो या राज्य की, यह संदेश दिया है कि कि अब व्यवस्था को बदलिये, क्योंकि इस व्यवस्था के तहत देश में महिलायें और लड़कियां पूरी तरह से सुरक्षित नहीं हैं.
जायसवाल ने कहा कि उस युवती की मौत के बाद देश में हुए आंदोलन के पीछे व्यवस्था बदलने का ही संदेश है. यह तो सब जानते हैं कि देश में संविधान है, पुलिस है, कानून है. बलात्कारी के खिलाफ कार्रवाई होगी, लेकिन इतना जघन्य कांड आज किया है और उसे सजा 10 से 15 साल बाद मिलेगी. उन्होंने कहा कि युवती के इस बलिदान और जनता के इस आंदोलन ने देश के लोगों को झकझोरा है और सरकार ने फास्ट ट्रैक अदालत की स्थापना की है, ताकि बलात्कार के मामलों की सुनवाई तेजी से हो और जल्द निपटरा हो जाये. उन्होंने कहा कि बलात्कार पीड़ित युवती की मौत ने देश के नागरिकों को अपने नजरिये और अपनी सोच में परिवर्तन का संदेश दिया है.
महिलाओं के प्रति देश में जो सोच है जब तक उसमें परिवर्तन नहीं किया जायेगा, तब तक हमारे देश में न तो पूरी तरह से इस तरह की घिनौनी घटनायें रूकेंगी और न ही महिलायें और लड़कियां सुरक्षित रहेंगी. जायसवाल से पूछा गया कि जब केन्द्र में सरकार आपकी है तो किस तरह की व्यवस्था बदलने की बात आप कर रहे है इस पर उन्होंने कहा कि व्यवस्था बदलने के लिये देश भर में फास्ट ट्रैक अदालत हो, निचली अदालत, उच्च न्यायालय और उच्चतम न्यायालय में न्यायाधीशों और न्यायिक अधिकारियों की संख्या बढ़ानी चाहिये. उन्होंने कहा कि नियमों में इस तरह से संशोधन हो कि बलात्कार के मामलों को एक निर्धारित समय में निपटारा हो. व्यवस्था बदलने के बहुत सारे तरीके है, जिसकी पहल केन्द्र सरकार ने कर दी है, लेकिन अब राज्य सरकारें इसको अमल में लाये.
केन्द्र सरकार के पास दिल्ली और केंद्र शासित प्रदेश की सरकारें है. जब व्यवस्था में बदलाव होगा तो पूरे देश में बदलाव होगा राज्यों की सभी सरकारों को इसके लिये आगे आना होगा. इसी तरह जनता भी सोचे और अपने नजरिये में बदलाव लाये. महिलाओं के प्रति सम्मान की भावना लाये तभी इस देश में बदलाव आयेगा और महिलायें एवं बेटियां सुरक्षित रह सकेंगी.
राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के नेता मोहन भागवत के शादी को सौदा बताने वाले कथित बयान और भाजपा सांसद अनुराग ठाकुर के फेसबुक पर दी गयी टिप्पणी की बाबत पूछे गये सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ और भारतीय जनता पार्टी के नेता ऐसे गैर जिम्मेदाराना बयान अकसर देते रहते हैं. जिन पार्टियों के नेताओं की न कोई मर्यादा है और न विचारधारा उनके गैर जिम्मेदाराना बयानों पर कोई टिप्पणी करना उचित नहीं है और ऐसे बयानों पर कोई जवाब नहीं देता हूं.

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