अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद ने कश्मीरी छात्रों के द्वारा राष्ट्र विरोधी नारे लगाए जाने के विरोध में डीएम कार्यालय पर प्रदर्शन करते हुए जिलाधिकारी के जरिए मुख्यमंत्री को ज्ञापन प्रेषित कर काश्मीरी छोत्रों के विरूद्ध कार्यवाही की मांग की है। परिषद के कार्यकर्ता जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचे और वहां प्रदर्शन किया। इस दौरान वक्ताओं ने कहा कि मंगलवार को देश द्रोही अफजल गुरू की फांसी की घटना के परिपेक्ष्य में राजधानी दून में कुछ कश्मीरी छात्रों ने प्रदर्शन किया और राष्ट्र विरोधी नारे लगाए।
वक्ताओं ने कहा कि उन छात्रों ने अपने हाथों में राष्ट्र विरोधी स्लोगन की तख्तियां और बैनर लेकर शहर के विभिन्न स्थानों से होते हुए जुलूस के रूप में घंटाघर पर प्रदर्शन किया जो निंदनीय व आपत्तिजनक है, कोई भी राष्ट्रवादी संगठन इस तरह की गतिविधियों को बर्दाश्त नहीं करेगा। उन्होंने कहा कि इस तरह के सैकड़ों छात्र दून के विभिन्न महाविद्यालयों एवं संस्थानों में अध्ययनरत हैं और अध्ययन के बहाने राष्ट्र विरोधी गतिविधियों मे लिप्त हैं, जो उत्तराखण्ड सहित संपूर्ण देश के लिए खतरे का सूचक है। उन्होंने कहा कि इन छात्रो को स्थानीय प्रशासन के मामूली धाराओं के अंतर्गल निषेध करने के बाद छोड दिया गया है जबकि उनके पास से जो आपत्तिजनक सामग्रियां, तख्तियां व प्लेकार्ड जब्त किए गए है वह स्थिति की सजीवता बताने के लिए पयापर््त हैं, फिर कैसे जिला प्रशासन व पुलिस ने उन्हें राष्ट्र द्रोह के आरोप में बरी कर दिया। े।
(राजेन्द्र जोशी)
1 टिप्पणी:
I fully agreed with ABVP and appreciate their strong protests in this regard.
एक टिप्पणी भेजें