केन्द्र सरकार ने बिहार की तीन तापविद्युत परियोजनाओं के लिए एक कोयला ब्लॉक आवंटित किया है। यह जानकारी यहां शुक्रवार को राज्य के एक मंत्री ने दी। राज्य के ऊर्जा मंत्री बिजेन्द्र प्रसाद यादव ने कहा, "लम्बे इंतजार के बाद कोयला ब्लॉक आवंटित किया गया है।" मंत्री ने बताया कि भागलपुर के पीरपैंती, लखीसराय के कजरा और बक्सर के चौसा की आगामी परियोजनाओं के लिए पश्चिम बंगाल में एक कोयला ब्लॉक आवंटित किया गया है।
यादव ने कहा, "बिहार को विकास के लिए अधिक बिजली की जरूरत है।" उन्होंने कहा कि कोयला ब्लॉक मिलने की सूचना बिहार सरकार को दी गई है। अब सरकार इन परियोजनाओं को जल्द से जल्द पूरा करने की कोशिश करेगी। बिजली विभाग के अधिकारी ने बताया कि इन तीनों परियोजनाओं की बिजली उत्पादन क्षमता 1,320 मेगावाट है। इस तरह इन परियोजनाओं के प्रारंभ होने से बिहार को 3,960 मेगावाट अतिरिक्त बिजली मिलगी। तीनों योजनाओं में बिहार की 85 फीसदी हिस्सेदारी है।
सात-सात हजार करोड़ रुपये की लागत से बनने वाली इन तीनों परियोजनाओं के लिए जमीन अधिग्रहण का कार्य पूरा हो चुका है। उल्लेखनीय है कि बिहार को वर्तमान समय में रोजाना लगभग 3,000 मेगावाट बिजली की आवश्यकता है। राज्य में सिर्फ 100 मेगावाट का उत्पादन हो रहा है और केंद्र सरकार 1,800 मेगावाट से कम बिजली की आपूर्ति कर रही है। इस तरह राज्य को 1,100 मेगावाट बिजली की कमी का सामना करना पड़ रहा है।

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