वाहन¨ं में लाल, पीली बत्ती उपय¨गकर्ता आदेश संश¨धित
हरदा 5 अगस्त 13/राज्य शासन ने 10 जुलाई के जारी आदेश में संश¨धन कर वाहन¨ं में लाल-पीली बत्ती उपय¨गकर्ता के नये आदेश जारी किये हैं। म¨टरयान नियम-1989 के नियम 108 में प्रदत्त शक्तिय¨ं के अनुसरण में पूर्व के आदेश क¨ अधिक्रमित करते हुए नये आदेश जारी कर वाहन¨ं पर लाल-पीली बत्ती का प्रय¨ग करने की अनुज्ञा प्रदान की गयी है।यान के अग्रशीर्ष भाग पर जब यान प्रदेश में कहीं भी ड्यूटी पर ह¨ लाल बत्ती का प्रय¨ग राज्य के राज्यपाल, मुख्यमंत्री, मुख्य न्यायाधीश उच्च न्यायालय, महाधिवक्ता, अपर महाधिवक्ता, विधानसभा अध्यक्ष, विधानसभा उपाध्यक्ष, मंत्रीगण, राज्य मंत्रीगण, उच्च न्यायालय¨ं के न्यायाधीश, नेता प्रतिपक्ष, ल¨कायुक्त, उप ल¨कायुक्त, अध्यक्ष राज्य मानव अधिकार आय¨ग, मुख्य सचिव अ©र पुलिस महानिदेशक क¨ अपने वाहन¨ं के अग्रशीर्ष भाग पर, जब वाहन प्रदेश में कहीं भी ड्यूटी पर ह¨ं। लाल बत्ती लगाने की पात्रता ह¨गी।यान के अग्रशीर्ष भाग पर उनके अधिकार क्षेत्र में जिन्हें पीली बत्ती लगाने की पात्रता ह¨गी, वे हैं शासन द्वारा मंत्री/राज्य मंत्री का दर्जा प्राप्त गणमान्य, मुख्य सचिव के समकक्ष अधिकारी, मध्यप्रदेश शासन के प्रमुख सचिव, पुलिस महानिदेशक के समकक्ष अधिकारी, नगर निगम¨ं के महाप©र अपने अधिकार क्षेत्र में, संभागीय आयुक्त अपने संभाग¨ं में, क्षेत्रीय पुलिस महानिरीक्षक अपनी रेंज में, कलेक्टर/अपर कलेक्टर अपने जिले में, जिला एवं सत्र न्यायाधीश/अपर जिला न्यायाधीश/मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी/समस्त न्यायिक अधिकारी अपने जिले में, पुलिस अधीक्षक/अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अपने जिले, अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व)/एस.डी.एम./एस.डी.अ¨.पी./सी.एस.पी. (अपने अनुभाग में), कार्यपालिक दण्डाधिकारी (अपने कार्यक्षेत्र में) अ©र राज्य शिष्टाचार अधिकारी।र¨गिय¨ं क¨ जाने के लिए प्रयुक्त एम्बूलेंस में लगाई गई पर्पल ग्लास वाली ब्लिंकर किस्म की लाल लाइट, टाॅप लाइट के रूप में फ्लैशर सहित या रहित नीली लाइट का उपय¨ग उन अति गणमान्य व्यक्तिय¨ं की एस्कार्टिंग करने वाले तक सीमित ह¨गा ज¨ लाल लाइट का उपय¨ग करने के हकदार हैं। उस दशा में जब यान गणमान्य व्यक्तिय¨ं क¨ नहीं ले जा रहा ह¨ यथास्थिति लाल, नीली या पीली लाइट का उपय¨ग नहीं किया जायेगा अ©र उसे काले आवरण से ढँका जायेगा। पीली बत्ती की अनुज्ञा प्राप्त पदाधिकारिय¨ं क¨ सक्षम प्राधिकारी, क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी/अतिरिक्त क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी, जिला परिवहन अधिकारी द्वारा जारी प्रमाण-पत्र¨ं क¨ म¨टर यान की विंडस्क्रीन पर चस्पा कर प्रदर्शित करना अनिवार्य ह¨गा।
शांति समिति की बैठक सम्पन्न
हरदा 5 अगस्त 13/कलेक्टर रजनीश श्रीवास्तव की अध्यक्षता में आज जिला कार्यालय के सभाकक्ष में शांति समिति की बैठक सम्पन्न हुई। बैठक में पुलिस अधीक्षक दीपक वर्मा, संयुक्त कलेक्टर अनिल पटवा, डिप्टी कलेक्टर दीपक वैद्य सहित अधिकारीगण एवं शांति समिति के सदस्यगण मौजूद थे। बैठक में कलेक्टर ने संबंधितों को ईद के मद्देनजर मार्गो की साफ-सफाई, लाईट की व्यवस्था, आवारा पशुओं के विचरण पर रोक लगाने, यातायात व्यवस्था दुरूस्त रखने, दूषित फल और खाद्य सामाग्री के विक्रय की रोकथाम के निर्देश संबंधितों को दिए।
पेड न्यूज का खर्च प्रत्याशी के व्यय लेखा में जोड़ा जायेगा
हरदा 5 अगस्त 13/ जिले में आगामी विधानसभा निर्वाचन की प्रारंभिक तैयारियां व्यापक स्तर पर जारी हैं। पेड न्यूज पर किया गया व्यय प्रत्याशी के चुनावी व्यय लेखा में जोड़ा जायेगा। पेड न्यूज पर प्रतिदिन निगरानी रखी जायेगी। यह बात आज यहाँ कलेक्टोरेट सभाकक्ष में कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी रजनीष श्रीवास्तव ने पेड न्यूज पर निगरानी रखने के संबंध में गठित जिला स्तरीय मीडिया सर्टिफिकेशन एवं मानीटरिंग कमेटी एमसीएमसी की बैठक की अध्यक्षता करते हुए कही। कलेक्टर ने जिला स्तरीय मीडिया सर्टिफिकेशन एवं मानीटरिंग कमेटी के दायित्वों का उल्लेख करते बताया कि समिति समाचार पत्रों एवं न्यूज चैनेलों में प्रसारित चुनाव संबंधी समाचारों की सतत निगरानी रखेगी तथा संदेहास्पद समाचारों की जांच करेगी कि वह समाचार पेड न्यूज है अथवा नहीं ।बैठक में जिला स्तरीय मीडिया सर्टिफिकेशन एवं मानीटरिंग कमेटी के सदस्यगण वनमण्डलाधिकारी (उत्पादन) मधु व्ही राज,अ.वि.अ. एवं रिटर्निग आफिसर विधानसभा क्षेत्र टिमरनी (अजजा) अंबाराम पाटीदार, तहसीलदार एवं असिस्टेंड रिटर्निंग आफिसर विधानसभा क्षेत्र हरदा भास्कर गाचले, सेवा निवृत्त प्रधान पाठक श्री राधेश्याम गौर ,पीआरओ एवं उप जिला निर्वाचन अधिकारी अनिल पटवा भी मौजूद थे।
उपयोग के लिये लें व्यवसायिक श्रेणी का कनेक्शन
हरदा 5 अगस्त 13/ खराब ट्रांसफार्मर का केवल कतिपय लोगों के द्वारा बिल नहीं भरनें की वजह से नहीं बदला जाना आपत्तिजनक है। कंम्पनी इन लोगों से बिजली बिल बकाया की वसूली करे। कलेक्टर रजनीष श्रीवास्तव ने ये निर्देष बिजली कंम्पनी के अधिकारी को दिए हैं। मध्यक्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी के डीजीएम सुमित अग्रवाल ने बताया कि ऐसे उपभोक्ता जो अपने आवासीय परिसर में रेस्ट हाउस, गेस्ट हाउस, कोचिंग क्लास या ब्यूटी पार्लर आदि चलाते हैं, उन्हे अपने घरेलू विद्युत कनेक्शन को व्यवसायिक श्रेणी में परिवर्तित कराने को कहा गया है, अन्यथा उनके विरूद्ध जुर्माना लगाकर कड़ी कार्रवाई की जायेगी। मध्यक्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी उपभोक्ता हित में कार्य कर रही है। उपभोक्ता ने जिस प्रयोजन के लिये कनेक्शन लिया है, उसी के अनुसार विद्युत का उपभोग करें। यदि किसी उपभोक्ता ने निश्चित लोड़ का घरेलू कनेक्शन लिया है तो उसी क्षमता के अनुरूप बिजली उपयोग में लायें। ऐसा देखा जाता है कि कंपनी के अधिकारियों-कर्मचारियों द्वारा सघन चैकिंग अभियान के दौरान घरेलू कनेक्शन लेने वाले उपभोक्ता बिजली का उपयोग व्यवसायिक तरीके से करते हैं। सामान्यतः उपभोक्ताओं के द्वारा घरों में घरेलू (गैर व्यवसायिक) कनेक्शन लिये जाते हैं तथा वे इसका उपयोग व्यवसायिक तरीके से करते हैं, जो अवैधानिक है। सघन चैकिंग के दौरान घरेलू कनेक्शन लिये हुए घरों में व्यवसायिक गतिविधियों के लिये बिजली के उपयोग पाए जाने पर उन्हें दोषी माना जायेगा और उपभोक्ताओं से जुर्माना भी वसूला जायेगा। उपभोक्ता जो अपने परिसर का उपयोग व्यवसायिक गतिविधियों के लिये कर रहे हैं, वे यथाशीघ्र अपने कनेक्शन को प्रयोजन के अनुसार परिवर्तित करा लें। इसके लिये उपभोक्ता अपने करीबी विद्युत वितरण केन्द्र में आवेदन कर अपने घरेलू श्रेणी के कनेक्शन को व्यवसायिक श्रेणी में परिवर्तित कराने के लिये आवेदन दे सकते हैं। उनके आवेदन पर शीघ्र कार्रवाई करते हुए कंपनी उनका घरेलू कनेक्शन तत्काल व्यवसायिक श्रेणी के कनेक्शन में परिवर्तित करा देगा।

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