भारतीय बेंचमार्क सेंसेक्स 3 साल में पहली बार 21 हजार के पार पहुंच गया। रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (आरबीआई) की अगली मौद्रिक नीति से पहले ही बैंकिंग और रियल्टी शेयरों में तेजी दर्ज की गई। अंतरराष्ट्रीय बाजारों में आई सुस्ती के बावजूद घरेलू बाजारों में मजबूती देखने को मिल रही है। मजे की बात ये है कि बीएसई के सभी इंडेक्स हरे निशान में हैं और निफ्टी साल की नई ऊंचाई पर पहुंचने में कामयाब हो गया है। दिग्गज शेयरों के साथ मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में अच्छी तेजी आई है। हालांकि, कारोबार की शुरुआत में ही डॉलर की तुलना में रुपया 6 पैसे गिर गया। रुपया 61.65 पर पहुंच गया जबकि पिछले सत्र के दौरान यह 61.59 के स्तर पर बंद हुआ था।
बीएसई का 30 शेयरों वाला प्रमुख इंडेक्स सेंसेक्स 250 अंक की मजबूती के साथ 21,011.55 के स्तर पर कारोबार कर रहा है। इससे पहले यह स्तर पर नवंबर 2010 में देखा गया था। वहीं एनएसई का 50 शेयरों वाला प्रमुख इंडेक्स निफ्टी 66.43 अंक चढ़कर 6,244.75 के स्तर पर कारोबार कर रहा है।
अंतरराष्ट्रीय बाजारों की बात करें तो बुधवार को अमेरिकी बाजार 0.5 फीसद की कमजोरी पर बंद हुए। 4 दिन लगातार नए रिकॉर्ड स्तर बनाने के बाद एसएंडपी 500 इंडेक्स 1,750 के स्तर के नीचे बंद हुआ। दुनियाभर के बाजारों में कमजोरी और मिलेजुले तिमाही नतीजों के असर से अमेरिकी बाजार गिरावट के साथ बंद हुए।

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