गैस अथॉरिटी ऑफ इंडिया लिमिटेड (गेल) द्वारा जगदीशपुर (उत्तर प्रदेश) से हल्दिया (पश्चिम बंगाल) तक प्राकृतिक गैस पाइपलाइन बिछाने के लिए गेल एवं बिहार सरकार के उद्योग विभाग के बीच गैस सहयोग समझौते पर बुधवार को हस्ताक्षर किया गया। मुख्य पाइप लाइन बिहार के चार जिलों गया, रोहतास, औरंगाबाद एवं कैमूर से होकर गुजरेगी तथा गया से एक शाखा लाईन पटना, नालंदा, शेखपुरा, लखीसराय एवं बेगूसराय होते हुए बरौनी तक जाएगी। साथ ही शहर में गैस वितरण के लिए पटना समेत अन्य जिलों में इसे विस्तारित किया जाएगा।
उद्योग विभाग के प्रधान सचिव नवीन वर्मा ने बताया कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने इस मौके पर गेल के अध्यक्ष और प्रबंध निदेशक बी.सी. त्रिपाठी से पटना, गया, मुजफ्फरपुर, दरभंगा, भागलपुर, पूर्णिया, बोधगया, बिहार शरीफ एवं राजगीर को भी गैस पाईप लाइन से जोड़े जाने का अनुरोध किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि बोधगया, राजगीर एवं बिहार शरीफ अन्तर्राष्ट्रीय महत्व के शहर हैं। यहां सिटी गैस आपूर्ति सहित सीएनजी आधारित वाहनों के दृष्टिकोण से काफी बड़ी संख्या में उपभोक्ता उपलब्ध हैं।
मुख्यमंत्री ने 1,000 मेगावाट की गैस आधारित बिजली संयंत्र की स्थापना की दिशा में अपेक्षित कार्रवाई करने का निर्देश भी ऊर्जा विभाग के सचिव संदीप पौण्ड्रीक को दिया। त्रिपाठी ने बताया गया कि संयुक्त उपक्रम के रूप में गेल गैस आधारित बिजली संयंत्र की स्थापना के लिए तैयार है। वर्मा ने बताया कि राज्य को गैस की आपूर्ति से बिजली क्षेत्र का विकास होगा तथा वाहनों में सी.एन.जी. के प्रयोग से शहर प्रदूषण रहित होगा। इससे वातावरण में कॉर्बन मोनो ऑक्साइड एवं अन्य जहरीली गैसों की मात्रा घटेगी।
इस मौके पर बिहार की उद्योग एवं आपदा प्रबंधन मंत्री रेणु कुमारी कुशवाहा, विकास आयुक्त आलोक कुमार सिन्हा, योजना एवं विकास विभाग के सचिव विजय प्रकाश समेत कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे।

कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें