भारत के शीर्ष पुरुष बैडमिंटन खिलाड़ी पारुपल्ली कश्यप ने रविवार को शानदार प्रदर्शन करते हुए राष्ट्रमंडल खेलों के 20वें संस्करण के आखिरी दिन एकल वर्ग का स्वर्ण पदक जीत लिया। यह बैडमिंटन में भारत की ऐतिहासिक सफलता है। एमिरेट्स एरेना में हुए स्पर्धा के फाइनल मुकाबले में कश्यप ने सिंगापुर के डेरेक वोंग को 21-14, 11-21, 21-19 से हरा दिया। यह मैच 61 मिनट चला। राष्ट्रमंडल खेलों के मौजूदा संस्करण में भारत का बैडमिंटन में यह पहला स्वर्ण पदक है। भारत ने पुरुष एकल में कांस्य भी जीता है। भारत के आरएमवी गुरुसाई दत्त ने यह सफलता हासिल की है।
रविवार को ही महिला युगल वर्ग में ज्वाला गुट्टा और अश्विनी पोनप्पा की मौजूदा चैम्पियन भारतीय जोड़ी स्वर्ण के लिए फाइनल मुकाबला खेलेंगी। कश्यप ने पहला गेम सिर्फ 15 मिनट में अपने नाम किया लेकिन इसके बाद वोंग ने शानदार वापसी करते हुए दूसरा गेम 17 मिनट में 21-11 से अपने नाम कर मैच को रोमांचक मोड़ पर लाकर खड़ा कर दिया। तीसरे व निर्णायक गेम मे कश्यप ने अपने प्रतिद्वंद्वी को छकाने का हर एक मौके को लपकने का प्रयास किया और इसमें उन्हें सफलता भी मिली लेकिन वोंग ने कई मौकों पर कश्यप को पीछे हटने पर मजबूर किया।
एक समय दोनों खिलाड़ी 19-19 से बराबरी पर थे और ऐसा लग रहा था कि मैच टाई ब्रेकर पर जाकर खत्म होगा या फिर वोंग पासा पलट देंगे लेकिन इसके बाद कश्यप ने लगातार दो अंक हासिल करते हुए मैच और स्वर्ण अपने नाम किया। मैच के बाद कश्यप ने अपनी टी-शर्ट उतारकर इस जीत का जश्न मनाया। कश्यप ने 2010 में दिल्ली में आयोजित 19वें राष्ट्रमंडल खेलों में कांस्य पदक जीता था। यह इन खेलों के 20वें संस्करण में भारत का 15वां स्वर्ण है।

कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें