NCW को गिरफ्तारी का अधिकार नहीं - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

Breaking

प्रबिसि नगर कीजै सब काजा । हृदय राखि कौशलपुर राजा।। -- मंगल भवन अमंगल हारी। द्रवहु सुदसरथ अजिर बिहारी ।। -- सब नर करहिं परस्पर प्रीति । चलहिं स्वधर्म निरत श्रुतिनीति ।। -- तेहि अवसर सुनि शिव धनु भंगा । आयउ भृगुकुल कमल पतंगा।। -- राजिव नयन धरैधनु सायक । भगत विपत्ति भंजनु सुखदायक।। -- अनुचित बहुत कहेउं अग्याता । छमहु क्षमा मंदिर दोउ भ्राता।। -- हरि अनन्त हरि कथा अनन्ता। कहहि सुनहि बहुविधि सब संता। -- साधक नाम जपहिं लय लाएं। होहिं सिद्ध अनिमादिक पाएं।। -- अतिथि पूज्य प्रियतम पुरारि के । कामद धन दारिद्र दवारिके।।

सोमवार, 13 अक्टूबर 2014

NCW को गिरफ्तारी का अधिकार नहीं

राष्ट्रीय महिला आयोग (एनसीडब्ल्यू) को महिलाओं का उत्पीड़न करने के दोषी और समन को नजरअंदाज करने वाले लोगों को गिरफ्तार करने का अधिकार नहीं मिला। विधि मंत्राल ने आयोग को गिरफ्तार करने और सजा देने की शक्ति प्रदान करने के प्रस्ताव को खारिज कर दिया। विधि मंत्रालय ने आयोग की अध्यक्ष और सदस्यों के लिए दो अलग अलग चयन समितियां होने पर भी सवाल खड़े किए।

सूत्रों ने कहा कि विधि मंत्रालय का नजरिया है कि आयोग को गिरफ्तार करने और सजा देने की शक्तियां नहीं दी जा सकतीं क्योंकि यह पुलिस तथा न्यायपालिका के क्षेत्राधिकार में आता है। विधि मंत्रालय ने यह भी कहा कि आयोग की अध्यक्ष और अन्य सदस्यों के चयन के लिए एक ही चयन समिति पर्याप्त है। आयोग को ज्यादा मजबूत बनाने के प्रयास में, महिला एवं बाल विकास (डब्ल्यूसीडी) मंत्रालय की योजना है कि राष्ट्रीय महिला आयोग को महिलाओं  के उत्पीड़न और हिंसा के मामलों से निपटने के लिए राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग के बराबर शक्तिशाली बनाया जाए। मंत्रालय के प्रस्ताव के अनुसार, महिला आयोग के समन नजरअंदाज करने वाले लोगों को जेल में डाला जा सकता है। डब्ल्यूसीडी मंत्रालय चाहता है कि महिला आयोग असरदार संस्था बने ताकि यह जेल भेजने की सिफारिश कर सके और मामलों को अदालत भेज सके।

गौरतलब है कि राष्ट्रीय महिला आयोग अधिनियम 1990 के अध्याय तीन के अनुसार, आयोग के पास संविधान तथा अन्य कानूनों के तहत महिलाओं को सुरक्षा मुहैया कराने से जुड़े सभी मामलों में जांच करने का अधिकार है। आयोग को महिलाओं की सुरक्षा को असरदार तरीके से लागू करने के  लिए सिफारिश करने का भी अधिकार है। आयोग महिलाओं को उनके अधिकारों से वंचित, महिला संरक्षण देने वाले कानूनों के लागू नहीं होने की खबरों पर और समानता तथा विकास का उद्देश्य हासिल करने के लिए स्वत: संज्ञान लेने के लिए स्वतंत्र है।


कोई टिप्पणी नहीं: