भारतीय सिनेमा में भोजपुरी का योगदान महत्वपूर्ण : कुणाल सिंह - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

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बुधवार, 7 जनवरी 2015

भारतीय सिनेमा में भोजपुरी का योगदान महत्वपूर्ण : कुणाल सिंह

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भोजपुरी सिनेमा के महानायक कुणाल सिंह का कहना है कि भारतीय सिनेमा में भोंजपुरी का योगदान महत्वपूर्ण है और आज वह अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बना चुका हैै। भोजपुरी सिने यात्रा सम्मान 2015 के अवसर पर आज यहां कुणाल सिंह.शारदा सिन्हा.उदित नारायण झा.दीपा नारायण झा.रिंकू घोष.अक्षरा सिंह.आलोक रंजन.शक्ति कुमार सिंह.विशुद्ध आनंद और सुनील तिवारी समेत कई लोगो को सम्मानित किया गया। कुणाल सिंह ने कहा कि हिंदुस्तान के सिनेमा से भोंजपुरी को अलग नही किया जा सकता है।भोजपुरी सिनेमा आज अंतराष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बना चुका है।उन्होंने कहा कि वर्तमान दौर में भोजपुरी सिनेमा में कुछ हद तक अश्लीलता आयी है ।मै कभी इस तरह के सिनेमा में काम नही करना चाहता हूँ।कुणाल सिंह को असीम कुमार सिने यात्रा सम्मान से नवाजा गया।

पदमश्री स्वर कोकिला शारदा सिन्हा को लता मंगेश्कर सम्मान से अलंकृत किया गया।शारदा सिन्हा ने कहा..भोजपुरी सिनेमा में काफी बदलाव आया है।यह सही बात है कि परिवर्तन जरूरी है ।अब भोजपुरी सिनेमा में आइटम नंबर का चलन जोरो पर है जो सही नही है।भोजपुरी सिनेमा में संगीत को अधिक महत्व देने की जरूरत है।संगीत हीं भोजपुरी सिनेमा की आत्मा होती है। शारदा सिन्हा ने कहा ..भोजपुरी सिनेमा में लोक संगीत सबसे अधिक जरूरी है।उन्होंने कहा कि हिंदी सिनेमा में भी लोक संगीत का इस्तेमाल किया जाता रहा है।हमे भोजपुरी सिनेमा में संगीत पर ध्यान देने की जरूरत है।इस दौरान शारदा सिन्हा ने पहली भोजपुरी फिल्म गंगा मइया तोहे पियरी चढैबो का टाइटिल गीत गाकर श्रोताों को मंत्रमुग्ध कर दिया। बॉलीवुड के जानेमाने पाश्र्गायक और पदश्रमी उदित नारायण झा को चित्रगुप्त सम्मान से नवाजा गया।उदित नारायण ने कहा कि जब उन्होंने भोजपुरी सिनेमा में कदम रखा था तब संगीतकार चित्रगुप्त ने उनसे अपनी एक फिल्म के लिये गीत गवाया था।इसके बाद चित्रगुप्त के पुत्र आनंदशमिलिंद ने मुझसे सुपरहिट फिल्म कयामत से कयामत तक के लिये गीत गवाये।उदित नारायण ने फिल्म कयामत से कयामत तक का सुपरहिट गाना ..पापा कहते है बड़ा नाम करेगा..गाकर र्दशकों का दिल जीत लिया।

भोजपुरी सिनेमा की माधुरी दीक्षित कही जाने वाली रिंकू घोष ने कहा कि गैर भोजपुरी भाषी होने के बावजूद भोजपुरी सिनेमा ने उन्हें पहचान दिलायी है।उन्होंने कहा कि मैने सुहागन बना दे सजना हमार से भोजपुरी सिनमा में अपनी शुरूआत की थी।र्दशकों से मुझे बेहद प्यार मिला है और मैं उनकी आभारी हूॅ।रिंकू घोष को कुमकुम अवार्ड से सम्मानित किया गया। बिहार के कला एंव संस्कृति मंत्री और जानेमाने गीतकार विनय बिहारी ने कहा कि भोजुपरी को आठवी अनूसूची में लाने के लिये प्रयास किया जा रहा है।उन्होंने कहा कि बिहार के राजगीर में सिनेमा स्टूडियो की स्थापना की जायेगी।इस दौरान विनय बिहारी ने भोजपुरी गीत गाकर समां बांध दिया।उन्होंने कहा कि वह हे भोले बाबा तोहे कावंर चढ़ैबो का निर्माण करने जा रहे है। अवार्ड समारोह को अमिताभ पराशर.माही खान और आर्यन ने होस्ट किया।अवार्ड समारोह में आचार्य सुर्दशन ने भोजपुरी में लिखी ..रामायण.. विनय बिहारी और उदित नारायण झा को भेंट की।इस दौरान अवार्ड समारोह के आयोजक रवि राज पटेल रचित भोजपुरी पिंल्मों का सफरनामा पुस्तक का भी विमोचन किया गया।भोजपुरी सिनेमा का सफरनामा का प्रकाशन प्रभात प्रकाशन ने किया है। रवि राज पटेल ने बताया कि भोजपुरी सिने यात्रा सम्मान पहली बार आयोजित किया गया है ।उन्होंने अवार्ड समारोह में कलाकारो के हिस्सा लेने पर आभार व्यक्त करते हुये कहा कि इस तरह आयोजन आगे भी जारी रहेगा।

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