सरकार द्वारा वाहनों पर उत्पाद शुल्क में दी गई चार प्रतिशत की छूट को वापस लिए जाने के बाद देश की अग्रणी यात्री कार कंपनी मारुति सुजुकी इंडिया लिमिटेड ने आज अपनी कारों की कीमत में 7850 रुपए से लेकर 31600 रुपए तक की बढोतरी कर दी. सरकार ने एक जनवरी से उत्पाद शुल्क में दी गई चार प्रतिशत की छूट को खत्म कर दिया था। मारुति की लोकप्रिय छोटी कार अल्टो की कीमत में 8500 रुपए से 12700 रुपए तक की बढोतरी हुई है । वैग्न आर के दाम 12500 रुपए से 15700 रुपए बढाये गए हैं. स्विफ्ट की कीमत में 15850 रुपए से 25150 रुपए . डिजायर के दाम 17500 रुपए से 26650 रुपए . सेलेरियो 13600 रुपए से 17200 रुपए महंगी हो गई है । अर्टिगा के दाम में 18750 रुपए से 27750 रुपए का इजाफा हुआ है।कंपनी की प्रीमियम वर्ग की सियाज की कीमत 22450 रुपए से 31600 रुपए बढाई गई है ।ओमनी 7850 रुपए से 9950 रुपए तक महंगी हुई है ।
इसी तरह से हैचबैक कार बीट की कीमतें 4.2 लाख रुपये से 6.28 लाख रुपये तक हो गयी है। सेल हैचबैक की कीमतों में 20458 रुपये से 36387 रुपये तक की वृद्धि हुयी है और अब इस कार की कीमत 4.66 लाख रुपये से 7.18 लाख रुपये तक हो गयी है। सेल सेडान की कीमतों में 22365 रुपये से 35820 रुपये तक की वृद्धि की गयी है। इसकी कीमत 5.49 लाख रुपये से लेकर 8.05 लाख रुपये तक हो गयी है। कंपनी ने क्रुज सेडान की कीमतों में 46960 रुपये से 55561 रुपये तक की बढोतरी की है। इसकी कीमत 14.26 लाख रुपये से 16.85 लाख रुपये तक हो गयी है। बहुपयोगी वाहन इंज्वाय की कीमतों में 24901 रुपये से 35319 रुपये तक की वृद्धि हुयी है और अब इसकी कीमतें 6.10 लाख रुपये से 8.62 लाख रुपये तक हो गयी है। इसी तरह से तवेरा के दाम 24799 रुपये से 60982 रुपये तक तक बढाये है और इसकी कीमत अब 9.25 लाख रुपये से 11.29 लाख रुपये तक हो गयी है।प्रीमियम वर्ग की कार बनाने वाली कंपनी होंडा कार्स इंडिया ने सबसे पहले कल अपनी कारों की कीमतों में 60 हजार रुपये तक की वृद्धि कर दी थी।
मारूति सुजुकी के अध्यक्ष आर.सी. भार्गव ने हाल ही में कहा था कि उत्पाद शुल्क में छूट की अवधि नहीं बढाये जाने पर उनकी कंपनी भी इसका भार उपभोक्ताों पर डालेगी। इस बीच कंपनी के सूत्रों ने कहा कि अगले कुछ दिनों में इस संबंध में निर्णय लिया जायेगा। मोदी सरकार ने आटोमोबाइल उद्योग और टिकाउं उपभोक्ता वस्तु क्षेत्र की कंपनियों को उत्पाद शुल्क में दी गयी छूट की अवधि 31 दिसंबर 2014 के आगे नहीं बढायी। उसके बाद से ही आटोमोबाइल कंपनियों के वाहनों की कीमतों में बढोतरी करने की चर्चा चल रही है। सरकार ने पूर्ववर्ती संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन ..संप्रग.. सरकार द्वारा इन दोनो उद्योगों को उत्पाद शुल्क में दी गयी छूट की अवधि जून 2014 में छह महीने के लिए बढायी थी। संप्रग सरकार ने फरवरी 2014 में पेश अंतरिम बजट में कंपनियों को यह छूट देने की घोषणा की थी। छोटी कार मोटरसाइकिल स्कूटर और व्यावसायिक वाहनों पर उत्पाद शुल्क को 12 प्रतिशत से कम कर आठ प्रतिशत एसयूवी पर इसे 30 से कम कर 24 प्रतिशत मिड साइज सेडान कार पर 24 से घटाकर 20 प्रतिशत और बडी कारों पर 27 फीसदी से कम कर 24 प्रतिशत किया गया था।

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