भारतीय क्रिकेट कप्तान महेन्द्र सिंह धोनी ने रविवार को आस्ट्रेलिया के खिलाफ त्रिकोणीय श्रंखला के अपने पहले मैच में पराजय का सामना करने के बाद कहा कि वह हार से कुछ सीखकर आगे बढना चाहते हैं लेकिन तेज गेंदबाजों को नयी गेंद से बेहतर प्रर्दशन करना होगा। धोनी ने चार विकेट की हार के बाद कहा.. मैं नतीजों के बारे में ज्यादा नहीं सोचता लेकिन मैं हमेशा हार से कुछ न कुछ सीखकर आगे बढना चाहता हूं। इससे आने वाले टूर्नामेंट जीतने में मदद मिलेगी और हमारी टीम आने वाले मैचों में बेहतरीन प्रर्दशन करेगी। हमें अभी से यह बात दिमाग में रखनी होगी कि चाहे हम किसी भी स्थिति में खेलें. हमें बेहतरीन प्रर्दशन करना होगा। भारत की पारी में छह विकेट लेकर मैन आपं द मैच बने तेज गेंदबाज मिशेल स्टार्क की तारीपं करते हुये .कैप्टन कूल. ने कहा.. मिशेल ने बेहतरीन गेंदबाजी की और रोहित ने भी शानदार शतक लगाया लेकिन सबसे ज्यादा कठिन नयी बॉल के साथ गेंदबाजी करना था। मैच 30वें ओवर तक आस्ट्रेलिया के पाले में था लेकिन 35वें ओवर में हमने वापसी की और एक बार रिवर्स स्विंग मिलने के बाद हमने विपक्षी टीम पर दबाव बनाना शुरू किया।..
उन्होंने कहा.. स्थिति पर बहुत कुछ निर्भर करता है। खासतौर से विके ट किस तरह का है। इसके अलावा ओस की भूमिका भी गेंदबाजों के प्रर्दशन पर असर डालती है हालांकि आज के मैच इसकी कोई भूमिका नहीं रही। 270 के आसपास के लक्ष्य तक विपक्षी टीम को पहुंचने से रोका जा सकता था लेकिन गेंदबाजों को सही समय पर उछाल और स्विंग नहीं मिला। उन्होंने कहा.. सीरीज में खेल रही तीनों टीमें विश्व की बेहतरीन टीमें हैं। लेकिन ओपनरों को जिम्मेदारी उठानी होगी और थोड़ी ज्यादा मेहनत करनी होगी ताकि टीम का स्कोर अधिक हो सके और गेंदबाजों को जीत दिलाने में ज्यादा मशक्कत नहीं करनी पड़े।

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