पेट के कीड़ों से होती हैं कई बीमारियां: कलेक्टर
- नेषनल डी-वर्मिंग डे पर बच्चों को खिलाई गयी एल्बेण्डाजोल की गोली
छतरपुर/10 फरवरी/पेट में पाये जाने वाले कीड़ों के कारण विभिन्न प्रकार की बीमारियां पैदा होती हैं। पेट के कीड़े धीरे-धीरे दिमाग तक पहुंच जाते हैं, जिससे मानसिक बीमारियां हो जाती हैं। इसके अलावा बच्चों में ,ाून की कमी, थकान एवं कमजोरी भी हो जाती हैं। इन बीमारियों को दूर करने के लिये बच्चों के पेट में पाये जाने वाले कीड़ों को खत्म करना जरूरी है। इसके लिये षासन द्वारा प्रति वर्ष दो बार नेषनल डी-वर्मिंग डे मनाकर बच्चों को एल्बेण्डाजोल की गोली खिलायी जाती है एवं सीरप पिलायी जाती है। यह विचार कलेक्टर डाॅ. मसूद अख्तर ने षहर के किषोर सागर स्थित माॅडल बेसिक स्कूल में आयोजित नेषनल डी-वर्मिंग डे के अवसर पर व्यक्त किये। उन्होंने कहा कि एल्बेण्डाजोल की गोली कड़वी नहीं होती है बल्कि मीठी होती है। इसलिये इसे आसानी से खाया जा सकता है। उन्होंने कहा कि विभिन्न बीमारियों से बचने के लिये इस गोली का सेवन बच्चों के अलावा बड़े लोग भी कर सकते हैं। उन्होंने इस अवसर पर बच्चों को षुभकामनायें देते हुये पढ़-लिखकर आगे बढ़ने की समझाईष दी। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डा. विनोद कुमार गुप्ता ने कहा कि एल्बेण्डाजोल एक कृमिनाषक दवा है। इस दवा के सेवन से पेट में पाये जाने वाले कीड़े नष्ट हो जाते हैं। जिससे इन कीड़ों के कारण होने वाली बीमारियों से बचा जा सकता है। उन्होंने कहा कि यह दवा लेने से बच्चे की बुद्धि का विकास होता है और प्रगति में सहायक है। उन्होंने अवगत कराया कि एक से पांच वर्ष तक के बच्चों को एल्बेण्डाजोल सीरप पिलाई जाना है एवं छः से उन्नीस साल के बच्चों को एल्बेण्डाजोल की एक गोली खिलायी जाना है। दवा खिलाये जाने का यह अभियान 14 फरवरी तक जारी रहेगा। उन्होंने बताया कि इसके तहत जिले के सभी बच्चों को दवा खिलायी जानी है। उन्होंने कहा कि कि गोली का सेवन चबा-चबा कर करना है। इसके बाद पानी पीना है। उन्होंने अपील करते हुये कहा कि कोई भी बच्चा दवा खाने से वंचित नहीं रहे। कार्यक्रम में उपस्थित मुख्य अतिथि कलेक्टर डाॅ. अख्तर, विषेष अतिथि सीईओ जिपं डाॅ. सतेन्द्र सिंह, भोपाल से आयीं स्वास्थ्य विभाग की उप संचालक डा. सीमा भटनागर, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डा. गुप्ता, सिविल सर्जन डा. आर एस त्रिपाठी, षिषु एवं बाल्य रोग विषेषज्ञ डाॅ. संगीता चैबे एवं अन्य अधिकारियों ने बच्चों को अपने हाथों से दवा खिलायी। इसके पहले अधिकारियों ने स्वयं भी एल्बेण्डाजोल की गोली खायी। कार्यक्रम का संचालन आईईसी सलाहकार श्रीमती दीप्ति जैन द्वारा किया गया। कार्यक्रम में जिला षिक्षा अधिकारी श्री एस एन तिवारी, डीपीसी श्री एस के षर्मा, डा. प्रजापति सहित स्कूली बच्चे, षिक्षक एवं आमजन उपस्थित थे।
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