गोधरा ट्रेन नरसंहार मामले में अपीलों पर सुनवाई शुरू - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

Breaking

प्रबिसि नगर कीजै सब काजा । हृदय राखि कौशलपुर राजा।। -- मंगल भवन अमंगल हारी। द्रवहु सुदसरथ अजिर बिहारी ।। -- सब नर करहिं परस्पर प्रीति । चलहिं स्वधर्म निरत श्रुतिनीति ।। -- तेहि अवसर सुनि शिव धनु भंगा । आयउ भृगुकुल कमल पतंगा।। -- राजिव नयन धरैधनु सायक । भगत विपत्ति भंजनु सुखदायक।। -- अनुचित बहुत कहेउं अग्याता । छमहु क्षमा मंदिर दोउ भ्राता।। -- हरि अनन्त हरि कथा अनन्ता। कहहि सुनहि बहुविधि सब संता। -- साधक नाम जपहिं लय लाएं। होहिं सिद्ध अनिमादिक पाएं।। -- अतिथि पूज्य प्रियतम पुरारि के । कामद धन दारिद्र दवारिके।।

गुरुवार, 19 फ़रवरी 2015

गोधरा ट्रेन नरसंहार मामले में अपीलों पर सुनवाई शुरू

गुजरात उच्च न्यायालय ने 2002 के गोधरा ट्रेन नरसंहार मामले में दोषियों द्वारा दायर अपीलों पर  बुधवार को सुनवाई शुरू की. इनमें से कुछ दोषियों को निचली अदालत ने मौत की सजा सुनाई है.

साल 2011 में विशेष अदालत ने 31 लोगों को दोषी ठहराया था. उनमें से 11 को मौत की सजा सुनाई गई थी जबकि अन्य को नरसंहार के लिए आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई थी. साबरमती एक्सप्रेस में यात्रा कर रहे 59 यात्रियों की तब मौत हो गई थी जब 27 फरवरी 2002 को गोधरा स्टेशन के निकट ट्रेन के एस-6 डिब्बे में आग लगा दी गई थी.

निचली अदालत ने 63 आरोपियों को बरी कर दिया था. बाद में उच्च न्यायालय में कई अपील दायर की गई थी. जो दोषी पाए गए हैं उन्होंने अपनी दोषसिद्धि के खिलाफ अपील दायर की है जबकि राज्य सरकार ने 63 लोगों को बरी किए जाने के फैसले को चुनौती दी है. कुछ अपील मृतकों के रिश्तेदारों ने दायर की है. न्यायमूर्ति अनंत दवे और न्यायमूर्ति जी आर उधवानी की पीठ ने इन अपीलों पर आज से सुनवाई शुरू की.

कोई टिप्पणी नहीं: