सीहोर (मध्यप्रदेश) की खबर (27 जुलाई) - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

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सोमवार, 27 जुलाई 2015

सीहोर (मध्यप्रदेश) की खबर (27 जुलाई)

दस्तरोग नियंत्रण पर स्कूल स्तरीय निबंध प्रतियोगिता संपन्न

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सघन दस्तरोग नियंत्रण पखवाडे़ पर स्कूल स्तरीय निबंध प्रतियोगिता का आयोजन आज ए.एन.एम.प्रषिक्षण में संपन्न हुआ जिसमंे सीहोर शहरी क्षेत्र के 10 से भी अधिक स्कूलों के छात्र-छात्राओं ने हिस्सा लिया। प्रतियोगिता में प्रथम, द्वित्तीय, तृतीय छात्र-छात्राओं को 1 हजार, 5 सौ तथा 250 रूपए की नगद राषि देकर पुरस्कृत किया जाएगा वहीं प्रतिभागी समस्त छात्रों को प्रषस्ति पत्र प्रदाय किए जाएंगे। निबंध प्रतियोगिता का विषय सघन दस्तरोग नियंत्रण,उपचार एवं बचाव रखा गया था। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डाॅ.आर.के.गुप्ता ने बताया कि  स्वास्थ्य विभाग द्वारा निबंध प्रतियोेगिता में सहभागिता के लिए जिला षिक्षा अधिकारी सीहोर को पत्र लिखकर सहयोग की अपेक्षा की गई थी। उन्होंने जानकारी दी कि जिला स्वास्थ्य अधिकारी सीहोर डाॅ.दीलिप कटेरिया के मार्गदर्षन में आयोजित निबंध प्रतियोगिता में केन्द्रीय विद्यालय सीहोर, सहित शासकीय उत्कृष्ट उच्च.माध्य.विद्यालय, षास.सुभाष हायर सेकेण्डरी स्कूल, महारानी लक्ष्मीबाई कन्या उच्च.माध्य.विद्यालय, षास. बालक टैगोर हाईस्कूल, सरदार अमरजीत उच्च.माध्य. विद्यालय, सेंट एनी उच्च.माध्य.विद्या. शास.कस्तूरबा गांधी कन्या उच्च.माध्य.विद्या.,शासकीय ग्वालटोली हाईस्कूल, षास.माॅडल हाॅयर सेकेण्डरी स्कूल के करीब 50 छात्र-छात्रओं ने प्रतियोगिता में शामिल हुए। कार्यक्रम  के प्रारंभ में जिला पोषण सलाहकार सुश्री सरीता मरकाम एवं जिला डीपीएचएन श्रीमती गायत्री राव द्वारा दस्त रोग नियंत्रण पर विस्तृत जानकारी प्रदान की गई।  प्रतिभागी स्कूलों के साहित्यिक एवं सांस्कृतिक प्रभारी षिक्षक-षिक्षिका श्रीमती प्रतिभा यादव, श्रीमती पुष्पा गोस्वामी, श्रुती सोनी,प्राचार्य वी.एच.पाल, श्री रमेष शर्मा, श्रीमती कुंती चैधरी, श्रीमती सुनीता राठौर, श्री पवन डिसोरिया, द्वारा स्वच्छता एवं दस्त रोग नियंत्रण, हाथ धुलाई कार्यक्रम पर विस्तार से विचार व्यक्त किए गए। निबंध प्रतियोगिता की माॅनीटरिंग जिला लेखा प्रबंधक श्री सुषांत कुमार एवं जिला टी.बी.समन्वय श्री कीर्तिसिंह द्वारा की गई। निबंध प्रतियोगिता के आयोजन में प्रभारी मीडिया अधिकारी श्री आर.के.तुली,जिला मीडिया सलाहकार श्री शैलेष कुमार,श्री अर्जून सुखेजा, एवं ए.एन.एम.प्रषिक्षण केन्द्र की प्रभारी प्राचार्य श्रीमती विभा मिश्रा उपस्थित थे।

दस्तरोग नियंत्रण पखवाडे़ की होगी सघन माॅनीटरिंग

27 जुलाई से 8 अगस्त 2015 तक संचालित सघन दस्तरोग नियंत्रण पखवाडे़ की सघन माॅनीटरिंग के निर्देष मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डाॅ.आर.के.गुप्ता द्वारा दिए गए है। इस दौरान जिले के करीब 1 लाख 70 हजार से अधिक बच्चों को ओ.आर.एस. के पैकेट.एवं जिंक की टेबलेट वितरित की जाएगी। माॅनीटरिंग के लिए जिला स्वास्थ्य अधिकारी डाॅ.दिलीप कटेरिया,जिला टीकाकरण अधिकारी डाॅ.ए.के.जैन,जिला कार्यक्रम प्रबंधक श्री जुनेद कमाल, जिला पोषण सलाहकार सुश्री सरीता मरकाम, जिला आर.बी.एस.के.कोआॅर्डिनेटर सुश्री दीनू शर्मा,डीसीएम श्री प्रवीण सोनी सहित समस्त बी.एम.ओ.,सेक्टर मेडिकल आॅफिसर, बी.सी.एम. ,सुपरवाईजर को सघन माॅनीटरिंग किए जाने के निर्देष दिए गए है। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डाॅ.आर.के.गुप्ता ने बताया कि  27 जुलाई से 8 अगस्त 2015 तक संचालित दस्त रोग नियंत्रण पखवाडे़ के अंतर्गत जिले 2 माह से 5 साल तक के करीब 1 लाख 70 हजार से अधिक बच्चों को लाभंावित किए जाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। डाॅ.गुप्ता ने बताया कि आष्टा ब्लाॅक के करीब 45 हजार बच्चे, बुदनी 18 हजार, इछावर 21 हजार, नसरूल्लागंज 27 हजार 100, ष्यामपुर को 17 हजार से अधिक बच्चें को लाभांवित किए जाने का लक्ष्य दिया गया है। पखवाडे के अंतर्गत  दिनांक 27 जुलाई से 1 अगस्त तक सघन दस्त रोग नियंत्रण कार्यक्रम संचालित किया जाएगा वहीं 2 से 8 अगस्त 15 तक षिषु आहार संबंधी जानकारी आषा तथा ए.एन.एम. द्वारा बच्चों के परिजनों को दी जाएगी। पखवाडे के दौरान ओआरएस का 1 पैकेट हितग्राही बच्चें को वितरित किए जाने पर 1 रूपए प्रोत्साहन राषि स्वरूप प्रति ओआरएस पैकेट के अनुसार दी जाएगी। ज्ञात हो कि विष्व भर में दस्त बच्चों की बडी संख्या में मौत का सबसे बड़ा कारण है। दस्त से देष में करीब सवा दो लाख बच्चों की मृत्यु प्रति वर्ष होती है। सही समय पर सलाह और दवा से इन बच्चों को मृत्यु से बचाया जा सकता है। डाॅ.गुप्ता ने बताया कि जिंक और ओआरएस को प्रारंभिक और सुरक्षित उपचार के तौर पर माना गया है। माता-पिता को  अपने बच्चों का संपूर्ण टीकाकरण कराया जाना जरूरी है। जिंक दस्त की संख्या और अवधि को कम करता है वहीं शरीर में बीमारी से लड़ने की शक्ति को बढ़ाता है।

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