मुझे कलाकार कहलाना ही पंसद हैः इरफान खान - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

Breaking

प्रबिसि नगर कीजै सब काजा । हृदय राखि कौशलपुर राजा।। -- मंगल भवन अमंगल हारी। द्रवहु सुदसरथ अजिर बिहारी ।। -- सब नर करहिं परस्पर प्रीति । चलहिं स्वधर्म निरत श्रुतिनीति ।। -- तेहि अवसर सुनि शिव धनु भंगा । आयउ भृगुकुल कमल पतंगा।। -- राजिव नयन धरैधनु सायक । भगत विपत्ति भंजनु सुखदायक।। -- अनुचित बहुत कहेउं अग्याता । छमहु क्षमा मंदिर दोउ भ्राता।। -- हरि अनन्त हरि कथा अनन्ता। कहहि सुनहि बहुविधि सब संता। -- साधक नाम जपहिं लय लाएं। होहिं सिद्ध अनिमादिक पाएं।। -- अतिथि पूज्य प्रियतम पुरारि के । कामद धन दारिद्र दवारिके।।

शनिवार, 7 नवंबर 2015

मुझे कलाकार कहलाना ही पंसद हैः इरफान खान

irfan-khan-actor
पान सिंह तोमर के लिए नेशनल अवॉर्ड जीतने वाले और कई हॉलीवुड फिल्मों में काम कर चुके 49 साल के इरफान खान के लिए यह साल काफी अच्छा रहा है। ‘तलवार’ में उनके काम को सबने खूब पसंद किया और अब उनकी फिल्म ‘जज्बा’ में भी उनके काम को पंसद किया गया। पेश है उनसे बातचीत के कुछ अंश

- आप इस समय कई फिल्मों में काम कर रहे हैं। कैसे मैनेज कर रहे हैं?
मैं कई महीनों से लगातार शूटिंग करके थक चुका हूं। दो महीने से अधिक समय तक यूरोप में था, जहां एक जापानी टीवी शो के लिए काम कर रहा था। इसके बाद भारत लौट कर फिल्म प्रमोशन में लग गया। अब परिवार के साथ छुट्टियां बिताने का मूड है। एक महीने में ही मेरी दो फिल्में रिलीज हुई हैं, इसलिए प्रमोशन का काम भी काफी बढ़ गया था।

- ये साल कैसा रहा है?
मेरे लिए काफी अच्छा रहा। श्तलवारश् में सभी ने मेरे काम की सराहना की, इसके लिए मैं सभी को धन्यवाद देता हूं। उम्मीद है कि आगे भी इसी तरह की फिल्में करता रहूंगा।

- विदेशी फिल्मों व सीरियलों में काम करने का अनुभव कैसा रहा?
पश्चिमी देशों में लोगों का काम करना बॉलीवुड से थोड़ा अलग है। वहां किरदार पर काफी रिसर्च करनी पड़ती है। वहां लोगों का हमें देखने का नजरिया काफी अलग है। वे सोचते हैं कि हम नाचने-गाने वाली फिल्में ज्यादा बनाते हैं। मैं चाहता हूं कि इस सोच में बदलाव आए। हालांकि पिछले कुछ समय में अब यहां भी लोगों का फिल्मों के प्रति नजरिया बदल रहा है।

- किस तरह से लोगों का नजरिया बदला है?
श्लंचबॉक्सश् और ‘पीकू’ जैसी फिल्मों को पसंद कर लोगों ने यह जता दिया है कि सिनेमा में उनकी दिलचस्पी अब बदली है। मैं चाहता हूं कि भारतीय फिल्म निर्माता अब विश्व भर के फैंस को ध्यान में रखकर फिल्में बनानी शुरू करें।

- आप तो स्टार बन गए हैं।
मैं खुद को स्टार नहीं मानता। लोग मुझे जो कहना चाहें वो कह सकते हैं, लेकिन मैं केवल अभिनेता ही कहलाना चाहता हूं। एक साधारण आदमी, जो अपना काम ईमानदारी से करने की इच्छा रखता है। स्टार का तमगा मुझे नहीं चाहिए।

- ‘स्लमडॉग मिलियनेयर’, लाइफ ऑफ पाई और जुरासिक वल्र्ड के बाद अब किस हॉलीवुड फिल्म में दिखेंगे?
इनफर्नो की शूटिंग हो रही है। इसमें टॉम हैंक्स के साथ छोटा-सा किरदार निभा रहा हूं। फिल्म अगले साल रिलीज होगी।

कोई टिप्पणी नहीं: