लक्ष्य से अधिक राशि जमा करने पर कलेक्टर सम्मानित हुए
सशस्त्र सेना झंडा दिवस पर जिले को प्राप्त लक्ष्य से अधिक राशि सैनिक कल्याण की समामेलित विशेष निधि (एएसएफ) में जमा कराने पर आज राज्यपाल श्री रामनरेश यादव ने राजभवन में भोपाल संभागायुक्त श्री एसबी सिंह एवं विदिशा कलेक्टर श्री एमबी ओझा को प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया है। ज्ञातव्य हो कि सशस्त्र सेना झंडा दिवस पर जिले को तीन लाख 47 हजार रूपए जमा करने का लक्ष्य प्राप्त हुआ था। लक्ष्य के विरूद्व चार लाख 29 हजार 153 रूपए जमा कराए गए है जो लक्ष्य से 82 हजार 153 रूपए अधिक है। भोपाल संभाग में विदिशा जिला सर्वाधिक राशि जमा करने वाला प्रथम जिला है।
प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना
प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना के अंतर्गत हर खेत को पानी पहुंचाने एवं प्रति बूंद अधिक फसल का वृहद लक्ष्य है। जिसके अंतर्गत सिंचाई विभाग, कृषि विभाग, ग्रामीण विकास विभाग, उद्यानिकी एवं वन विभाग में संचालित योजनाओं का समन्वय करते हुए वर्षा जल को सतही तथा भूजल संवर्धन हेतु उपयोग करने के लिए लघु, मध्यम तथा बड़ी सिंचाई परियोजनाएं ली जाना है ताकि नवीन तथा पुराने जल संरचनाओं में सुधार कर हर खेत को पानी के शत-प्रतिशत सिंचाई के लक्ष्य को प्राप्त किया जा सकें। उक्त योजना अंतर्गत जिले की सिंचाई आयोजना तैयार करने का कार्य नोड्ल विभाग कृषि विभाग के समन्वय से किया जा रहा है। जिसके तारतम्य में 9 मार्च से 13 मार्च तक विभिन्न विकासखण्ड स्तर पर सुझाव आमंत्रण दिवस का आयोजन किया गया है। विकासखण्ड स्तर पर जनप्रतिनिधियों एवं कृषकों तथा अन्य हितसाधकों के सुझाव पर विचार करते हुए कार्ययोजना बनाई जाना है।
उद्वेश्य
खेत पर पानी की भौतिक पहंुच बढाने और सुनिश्चित सिंचाई के तहत कृृषि योग्य क्षेत्र (हर खेत को पानी का विस्तार, पानी के स्त्रोत, वितरण और उसके कुशल उपयोग की एकता, उचित प्रौद्योगिकियों और प्रथाओं के माध्यम से पानी का सबसे अच्छा उपयोग करना।
नोडल विभाग
कृषि विभाग के क्रियान्वयन के लिए नोड्ल विभाग होगा। कृषि मंत्रालय और राज्य सरकार के बीच सभी संचार के साथ और नोड्ल विभाग के माध्यम से किया जाएगा। हालांकि पीएमकेएसवाय (हर खेत को पानी), पीएमकेएसवाय तरह चार घटकों के लिए लागू करने के विभागों(प्रति अधिक फसल ड्राॅप) और वाटर शेड विकास संबंधित कार्यक्रम मंत्रालय, विभाग द्वारा निर्णय लिया जाएगा। कृषि, बागवानी, ग्रामीण विकास, जल संसाधन, सिंचाई, कमान क्षेत्र विकास, वाटरशेड विकास, मृदा संरक्षण, पर्यावरण और वन, विभागों भूजल संसाधन के साथ काम करेंगे।
कन्वर्जेंस
महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना, राष्ट्रीय कृषि विकास योजना, जवाहर लाल नेहरू राष्ट्रीय सौर मिशन और ग्रामीण विद्युतीकरण कार्यक्रम की तरह योजनाओं, ग्रामीण अवसंरचना विकास निधि, संसद सदस्य स्थानीय क्षेत्र विकास योजना, सदस्य विधान के विधानसभा स्थानीय क्षेत्र विकास योजना के सदस्य, स्थानीय निकाय फंड इत्यादि।
हर खेत को पानी
लघु सिंचाई के माध्यम से नए पानी के स्त्रोंतो के सृजन, मरम्मत, बहाली और जल निकायों के नवीनीकरण, परम्परागत जल स्त्रोंतो, निर्माण वर्षा जल संचयन संरचनाओं को ले जाने की क्षमता को मजबूत बनाने, कमान क्षेत्र विकास को मजबूत बनाने और खेत के लिए स्त्रोत से वितरण नेटवर्क का निर्माण, जल निकायों के लिए जल प्रबंधन और वितरण प्रणाली में सुधार अपनी पूरी क्षमता के लिए उपयोग नहीं किया जाता है, जो उपलब्ध स्त्रोत का लाभ लेने के लिए। कमांड क्षेत्र के कम से कम 10 प्रतिशत सूक्ष्म, परिशुद्वता सिंचाई के तहत कवर किया जाना है। यह पानी दुर्लभ क्षेत्रों के बहुत सारे जल निकायों से लिफ्ट सिंचाई है जहां अलग स्थान के स्त्रोत से पानी के मोड, कम ऊंचाई पर नदियों पर ध्यान दिए बिना सिंचाई कमांड के आईडब्ल्यूएमपी और मनरेगा से परे आवश्यकताओं के पूरक है।
प्रति अधिक फसल ड्राॅप
कार्यक्रम प्रबंधन राज्य, जिला सिंचाई योजना, वार्षिक कार्य योजना के अनुमोदन की तैयारी, निगरानी आदि, खेत बारिश से तोपो की तरह कुशल जल वाहन और सटीक पानी आवेदन उपकरणों को बढ़ावा देना। अस्तर इनलेट, आउटलेट, गाद जाल, वितरण प्रणाली आदि की तरह की गतिविधियों के लिए मनरेगा के तहत विशेष रूप से स्वीकार्य सीमा, सूक्ष्म सिंचाई संरचनाओं के निर्माण के नलकूपों सहित स्त्रोत सृजन गतिविधियों के पूरक है और कुंआ खोदा करने के लिए भू-जल उपलब्ध है। नहर प्रणाली का मुख्य उद्धेश्य होगा कि टेल क्षेत्र में आवश्यकता के अनुरूप पानी की उपलब्धता सुनिश्चित कराई जाए वही बारिश के दौरान नहरों में पानी भरा रहे के प्रबंध करना।
फोटोयुक्त मतदाता सूची हेतु पुर्नरीक्षण कार्यक्रम जारी
राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा नगरीय निकायों की फोटोयुक्त मतदाता सूची के सतत पुर्नरीक्षण संबंधी कार्यक्रम जारी किया गया है। जिसके अनुसार 22 मार्च को राजनैतिक दलों को मतदाता सूची उपलब्ध कराई जाएगी। प्रारूप मतदाता सूची के संबंध में सार्वजनिक सूचना का प्रकाशन और दावे तथा आपत्तियां प्राप्ति का कार्य 11 अपै्रल से प्रारंभ होगा। दावे तथा आपत्तियां प्राप्त करने की अंतिम तिथि 26 अपै्रल नियत की गई है। प्राप्त दावों तथा आपत्तियों का निराकरण के लिए अंतिम तारीख तीन मई तथा दावे आपत्तियों के निराकरण पश्चात्, परिवर्धन, संशोधन, विलोपन की पाण्डुलिपि एवं फार्म क, ख, ग और घ पांच मई को वेण्डर को डाटा एन्ट्री के लिए उपलब्ध कराया जाएगा। सात मई को वेण्डर से प्राप्त चेकलिस्ट का निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी द्वारा जांच कार्य किया जाएगा। दस मई को वेण्डर द्वारा मतदाता सूची, अनुपूरक सूची का मुद्रण कर जिला कार्यालय को उपलब्ध कराई जाएगी। और इसी दिन मतदाता सूची का अंतिम प्रकाशन तथा मतदाता सूची राजनैतिक दलो को वेण्डरों के माध्यम से उपलब्ध कराई जाएगी।
सायलो पर 13 केन्द्रों की खरीदी होगी
समर्थन मूल्य पर गेहूं उपार्जन कार्य हेतु 13 खरीदी केन्द्र क्रमशः विपणन सहकारी समिति विदिशा एवं सेवा सहकारी समिति क्रमशः विदिशा, पैरवारा, खमतला, सौथर, डाबर, अहमदपुर, जैतपुरा, पीपरहूंठा, लश्करपुर, हांसुआ, भदारबडागांव और ठर्र के पंजीकृत किसानों का गेहूं सायलो उपार्जन केन्द्र पर क्रय कर भण्डारित किया जाएगा।
सात वेयर हाउसो पर गेहंू उपार्जन कार्य होगा
समर्थन मूल्य पर गुणवत्ता पूर्ण गेहूं उपार्जन करने, परिवहन व्यय को सीमित करने और उपार्जन स्थल पर मैकेनाईज्ड सुविधा उपलब्ध कराने के दृष्टिकोण से पायलेट प्रोजेक्ट के रूप में जिले के सात वेयर हाउसों पर समर्थन मूल्य पर पहली बार गेहूं उपार्जन का कार्य किया जाएगा। जिन वेयर हाउसों से उपार्जन केन्द्रों को जोडा गया है उनमें शुभम वेयर हाउस विदिशा से उपार्जन केन्द्र वन, खेजडाबर्री एवं बंधेरा को, न्यु किसान विदिशा करारिया वेयर हाउस से सांकलखेडाखुर्द एवं दुपारिया को, यश एवं न्यू यश वेयर हाउस विदिशा खामखेडा से खामखेडा एवं करेला को, अन्नपूर्णा वेयर हाउस ढोलखेडी को इमलिया एवं करारिया, एमबीएससी वेयर हाउस गंजबासौदा से मार्केटिंग बासौदा, जीवाजीपुर, मार्केटिंग बासौदा मंडी, हथौडा, ककरावदा, खरपरी एवं बरेठ को, उदय वेयर हाउस से पैक्स नटेरन, ताजखजूरी, सेउ एवं कागपुर को, गिरधर वेयर हाउस से देवखजूरी एवं उपार्जन केन्द्र हिनोतिया को जोड़ा गया है। इन वेयर हाउसों पर उपार्जन संबंधी तमाम व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के निर्देश प्रसारित किए गए है।
सिरोंज में पहला सीजेरियन आपरेशन हुआ
सिरोंज के राजीव गांधी जन चिकित्सालय में 14 मार्च को पहला सीजेरियन आपरेशन हुआ है कि जानकारी देते हुए मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डाॅ बीएल आर्य ने बताया कि सिरोंज के जन चिकित्सालय में भर्ती ग्राम गरेठा की रेखा बाई की स्थिति डिलेवरी हेतु विदिशा रिफर करने की नही थी। इस कारण से डाॅक्टर टीम तत्काल सिरोंज रवाना की गई। टीम में डाॅ लीना शर्मा, डाॅ मेघा रंम्भाल, डाॅ एके श्रीवास्तव, डाॅ बंसल और सिरोंज की बीएमओ डाॅ विजय लक्ष्मी नागवंशी के द्वारा सफल सीजेरियन आपरेशन किया है। जच्चा बच्चा दोनो पूर्ण स्वस्थ है। आपरेशन के उपरांत रेखा बाई के यहां बालक का जन्म हुआ है।

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