बिहार के 12 जिलों में बाढ़ का तांडव,अब तक 30 लोगों की डूबकर मौत - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

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सोमवार, 1 अगस्त 2016

बिहार के 12 जिलों में बाढ़ का तांडव,अब तक 30 लोगों की डूबकर मौत

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पटना 31 जुलाई, उत्तर बिहार की सभी प्रमुख नदियों के जलग्रहण क्षेत्रों में रूक-रूक कर हो रही वर्षा से बिहार के बाढ़ प्रभावित 12 जिलों में स्थिति अभी भी गंभीर बनी हुई है वहीं बाढ़ के पानी से अब तक 30 लोगों की डूबकर मौत हो चुकी है । आपदा प्रबंधन विभाग के आधिकारिक सूत्रों ने आज यहां बताया कि जलग्रहण क्षेत्रों में हो रही बारिश से उत्तर बिहार के 12 जिलों में बाढ़ की स्थिति गंभीर बनी हुई है । उत्तर बिहार के पूर्णियां ,किशनगंज, अररिया, दरभंगा, मधेपुरा, भागलपुर ,कटिहार , सहरसा, सुपौल ,गोपालगंज ,पूर्वी चंपारण और मुजफ्फरपुर जिले के 62 प्रखंड के 2162 गांव बाढ़ की चपेट में हैं। सूत्रों ने बताया कि दरभंगा जिले के अलग-अलग थाना क्षेत्रों में आज बाढ़ के पानी में डूब जाने से एक महिला समेत दो लोगों की मौत हो जाने से मरने वालों की संख्या बढ़कर अब 30 हो गयी है । बाढ़ प्रभावित किशनगंज एवं पूर्णियां में सात-सात , सुपौल में आठ , दरभंगा ,कटिहार एवं मधेपुरा में दो-दो और अररिया एवं सहरसा में एक-एक व्यक्ति की अब तक डूबकर कर मौत हुई है । प्रभावित 12 जिलों के 2162 गांव के 27 लाख 50 हजार लोग बाढ़ से प्रभावित हुए हैं । बाढ़ के कारण इन जिलों में 3.39 हेक्टेयर में लगा फसल नष्ट हुआ है । आपदा प्रबंधन विभाग के सूत्रों ने बताया कि प्रभावित जिलों में उंचे एवं सुरक्षित स्थानों पर 415 राहत कैंप बनाये गये है । राहत कैंपों में 296008 लोग शरण लिये हुए है । प्रभावित लोगों की सुविधा के लिए 112 चिकित्सकों की तैनाती की गयी है । इसी तरह 39 पशु शिविर भी बनाये गये है जहां पशु चिकित्सकों को लगाया गया है । सूत्रों ने बताया कि बाढ़ प्रभावित 12 जिलों में राहत वितरण का काम युद्धस्तर पर चलाया जा रहा है ।पीड़ित लोगों के बीच चूड़ा ,गुड़ ,दीया सलाई ,मोमवत्ती ,किरासत तेल समेत अन्य आवश्यक उपभोक्ता सामग्री उपलब्ध करायी जा रही है । पीड़ित लोगों को किसी तरह की कठिनाई न हो इसके लिए संबंधित क्षेत्रों में अधिकारियों को प्रतिनियुक्त किया गया है। विभाग के सूत्रों ने बताया कि बाढ़ को देखते हुए सुपौल,गोपालगंज, मुजफ्फरपुर और दरभंगा में राष्ट्रीय आपदा त्वरित बल (एनडीआरएफ) की टीम को भेजा गया है । इसी तरह खगड़िया,सीतामढ़ी ,पूर्णियां ,भागलपुर, मधुबनी, मघेपुरा में राज्य आपदा त्वरित बल (एसडीआरएफ) की तैनाती की गयी है । एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की दो-दो टीम को फिलहाल सुरक्षित रखा गया है ।


आपदा प्रबंधन विभाग के सूत्रों ने बताया कि बाढ़ प्रभावित अररिया एवं मधेपुरा जिले में जहां त्वरित कार्यबल को राहत एवं बचाव कार्य में लगाया गया है वहीं भोजपुर एवं बक्सर जिले से 25-25 सरकारी नौका अररिया भेजा गया है । इसी तरह खगड़िया एवं मुजफ्फरपुर जिले से 25-25 सरकारी नौका पूर्णियां जिले में राहत कार्य के लिए भेजा गया है । साथ ही दरभंगा जिले से एनडीआरएफ के 20 जवानों को किशनगंज के प्रभावित इलाकों में तैनात किया गया है । सूत्रों ने बताया कि प्रभावित क्षेत्रों में 590 सरकारी देशी नौका और 429 निजी नौका को लगाया गया है । इसी तरह किशनगंज जिले में बचाव एवं राहत कार्य के लिए दो मोटर वोट के साथ एसडीआरएफ के जवानों की तैनाती की गयी है। इसके अलावा किशनगंज के प्रभावित इलाकों में राहत कार्य में तेजी लाने के उद्देश्य से खगड़िया जिले से चार अतिरिक्त मोटर वोट भेजा गया है । आपदा प्रबंधन विभाग के सूत्रों ने बताया कि एसडीआरएफ की एक टीम को मधुबनी जिले से कटिहार जिले के प्रभावित इलाकों में भेजा गया है । इसी तरह सीतामढ़ी जिले से एसडीआरएफ की टीम को पूर्वी चंपारण जिले के प्रभावित क्षेत्रों में तैनाती की गयी है । केन्द्रीय जल आयोग के अनुसार गंगा ,बागमती, कमला बलान, कोसी , घाघरा और महानंदा नदी लाल निशान से कई स्थानों पर उपर है । गंगा नदी साहेबगंज एवं फरक्का में लाल निशान से क्रमश: 21 एवं 65 सेंटीमीटर उपर है । इसी तरह बागमती नदी बेनिबाद में लाल निशान से 32 सेंटीमीटर उपर है । आयोग के अनुसार घाघरा गंगपुरसिसवन में 10 , कमला बलान झंझारपुर में 14, कोसी बालतारा में 134 तथा महानंदा नदी ढेंगराघाट एवं झाबा में लाल निशान से क्रमश: 77 तथा 48 सेंटीमीटर उपर है । इन नदियों के जलस्तर में कल तक कुछ और स्थानों पर वृद्धि होने की संभावना है । इसी तरह गंडक नदी के मोतिहारी , मुजफ्फरपुर , घाघरा नदी के सीवान ,सारण , बूढ़ी गंडक नदी के समस्तीपुर ,मोतिहारी ,खगड़िया , कोसी नदी सुपौल , महानंदा नदी पूर्णियां और बागमती नदी के दरभंगा में वृद्धि होने की संभावना है । इसबीच मौसम विभाग ने अगले 24 घंटे के पूर्वानुमान में कहा है कि बिहार की सभी नदियों के जलग्रहण क्षेत्रों में हल्की वर्षा होने की संभावना है । 

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