चुनावी बयानबाजी में लोकतांत्रिक मर्यादाओं का ख्याल रखें नेता: राम नाईक - Live Aaryaavart (लाईव आर्यावर्त)

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सोमवार, 6 फ़रवरी 2017

चुनावी बयानबाजी में लोकतांत्रिक मर्यादाओं का ख्याल रखें नेता: राम नाईक

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वाराणसी, 05 फरवरी, उत्तर प्रदेश के राज्यपाल राम नाईक ने सभी नेताओं से अपने बयानों में लोकतांत्रिक मर्यादाओं का ख्याल रखते हुए चुनावी आचार संहिता का पालन करने के साथ ही सरकारी, राजनीतिक एवं सामाजिक कार्यों से जुड़े सभी पर्क्षों और राज्य के तमाम मतदाताओं से शांतिपूर्ण शतप्रतिशत मतदान का लक्ष्य हासिल करने में अपनी भूमिका निभाने की अपील की है। वाराणसी के काशी हिंदू विश्वविद्यालय (बीएचयू) में आयोजित 30वीं फेडरेशन कप वॉलीबाल चैंपियनशिप के उद्घाटन के बाद श्री नाईक ने संवाददाताओं के सवाल पर कहा कि राज्य में 2012 के विधानसभा चुनाव में 59 फीसदी और 2014 के लोकसभा चुनाव में 59 फीसदी से अधिक मतदान हुआ था। देश के सबसे बड़े राज्य उत्तर प्रदेश में लगभग 40 फीसदी लोगों ने मतदान में भाग नहीं लिया था। इतनी बड़ी संख्या में मतदाताओं के अपने जनप्रतिनिधि के चुनाव करने से दूर रहना बेहद निराशाजनक है। इस बार के विधानसभा चुनाव में हर हाल में इस पर ध्यान दिया जाना चाहिए। उन्होंने कल दो राज्यों में संपन्न हुए विधानसभा चुनावों में गोवा के 83 और पंजाब के करीब 79 फीसदी मतदान का जिक्र करते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश के राजनीतिक दलों के नेताओं एवं कार्यकर्ताओं तथा सरकारी अधिकारियों एवं कर्मचारियों से इस बार के विधानसभा चुनाव में शतप्रतिशत मतदान के लिए हर संभव प्रयास करना चाहिए। उन्होंने कहा, “मैं राज्य के सभी मतदाताओं से प्रार्थना करता हूं कि वे यह विचार करें कि कैसे शतप्रतिशत मतदान संभव हो सकता हैं।” श्री नाईक ने नेताओं के तरह-तरह के बयान दिये जाने के सवाल पर चुनावी प्रचार में जुटे राजनीतिक दलों के नेताओं, उम्मीदवारों और कार्यकर्ताओं को चुनावी बयानबाजी करते वक्त लोकतांत्रिक मर्यादाओं के स्तर का ख्याल रखने की नसीहत दी। 

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