विदिशा (मध्यप्रदेश) की खबर 27 मई - Live Aaryaavart

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सोमवार, 27 मई 2019

विदिशा (मध्यप्रदेश) की खबर 27 मई

ट्रांसफर हुए अधिकारियों, कर्मचारियों को शीघ्र भारमुक्त करें विशेष अभियान चलाकर सीमांकन कार्यो को पूरा करें 

vidisha news
विदिशा, दिनांक 27 मई 2019कलेक्टर श्री कौशलेन्द्र विक्रम सिंह ने आज लंबित आवेदनों की समीक्षा बैठक में विभागो के जिलाधिकारियों को निर्देश दिए है कि अण्डर ट्रांसर्फर अधिकारियों, कर्मचारियोें को अतिशीघ्र भारमुक्त कर जिला कार्यालय को अवगत कराएं। उन्होंने खासकर जिला स्थानांतरण बोर्ड द्वारा किए गए ट्रांसर्फर के अनुपालन में संबंधितों को एक दिवस के भीतर भारमुक्त करने की कार्यवाही क्रियान्वित कर की गई कार्यवाही से अवगत कराएं।  कलेक्टर श्री सिंह ने राजस्व अधिकारियांे को निर्देश दिए है कि सीमांकन संबंधी समस्त प्रकरणों के निराकरण हेतु यह उचित अवसर है वर्तमान में खेतो में किसी भी प्रकार की फसलें खडी नही है अतः सीमांकन संबंधी कार्य एक सप्ताह में विशेष अभियान चलाकर शत प्रतिशत आवेदनों का निराकरण किया जाएगा। उन्होंने उपरोक्त कार्यो के संबंध में समस्त एसडीएमों को निर्देश दिए है कि आवेदनकर्ता जरीब अथवा टोटल मशीन जिससे भी सीमांकन कराना चाहता है उनके कार्यो को प्राथमिकता से पूरा कराया जाए। उन्होंने पटवारी और राजस्व अधिकारियों की तहसील स्तरीय बैठक आयोजित कर उन्हें लक्ष्य निर्धारित करते हुए समयावधि में सीमांकन कार्य पूरा करने के निर्देश प्रसारित करते हुए क्रास मानिटरिंग की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।  कलेक्टर श्री सिंह ने कहा कि अब सभी विभागों के अधिकारियों का मैन फोकस विभागीय योजनाओं के क्रियान्वयन के साथ-साथ मुख्यमंत्री हेल्प लाइन तथा वरिष्ठ कार्यालयों से प्राप्त होने वाले आवेदनों के साथ-साथ अखबारो की प्राप्त पेपर कंटिग संबंधी समस्याओं के निदान हेतु विशेष पहल की जाए।  कलेक्टर ने कहा कि जिले में मुख्यमंत्री हेल्पलाइन के निराकृत आवेदनों में आवेदकों की संतुष्टि का प्रतिशत आशातीत परलिक्षित नही हो रहा है अतः विभागों के अधिकारी, स्थानीय कार्यालय अथवा उपखण्ड कार्यालयों में पृथक से बैठक आहूत कर सीएम हेल्पलाइन के आवेदनों के निराकरण में नवाचार कर शत प्रतिशत निराकरण करने की पहल करें।  कलेक्टर श्री सिंह ने विभागों के जिलाधिकारियों को सचेत करते हुए कहा कि एक सप्ताह की अवधि में सीएम हेल्पलाइन, टीएल एवं वरिष्ठ कार्यालयों के प्राप्त आवेदनों का निराकरण शत प्रतिशत नही किया गया तो संबंधित अधिकारी की सीआर मंें इस बात का उल्लेख किया जाएगा कि अमूक अधिकारी के द्वारा शासकीय कार्यो में उदासीनता बरती जा रही है क्यांेे ना इनका वेतन रोकने की कार्यवाही की जाए। विभाग प्रमुख को अवगत कराते हुए सहमति प्राप्ति उपरांत संबंधित अधिकारियों के वेतन आहरण नही किए जाएंगे।  कलेक्टर श्री सिंह ने बताया कि सूखाराहत और प्राकृतिक प्रकोप के प्रकरणो में पीड़ितो के लिए शासन द्वारा छह करोड़ की राशि उपलब्ध् कराई गई है उन्होंनंे जिले के समस्त तहसीलदारों को निर्देश देते हुए कहा कि तहसील स्तरीय प्राप्त प्रस्तावों के आधार पर राशि जारी करने का कार्य जिला कार्यालय के द्वारा किया जा रहा है। राशि प्राप्ति के दो दिवस के भीतर ही पीड़ितों के बैंक खातो में स्वीकृत राशि जमा कराने की कार्यवाही क्रियान्वित कर आवेदकांे के साथ-साथ जिला कार्यालय को सूचित करें।  कलेक्टर श्री सिंह ने जिलाधिकारियों को मौखिक चेतावनी देते हुए कहा कि बैठक में स्वंय जिलाधिकारी ही उपस्थित हो। अपने प्रतिनिधि को भेजने के पहले मेरे संज्ञान में लाएं। जिन मामलों में सहमति व्यक्त की जाती है तदोपरांत उन विभागो के प्रतिनिधि ही बैठक में उपस्थित हो। कलेक्टर श्री सिंह ने समस्त राजस्व अधिकारियों से कहा कि राजस्व वसूली और राजस्व प्रकरण के निराकरणों का यह उचित समय है। इसे भी अभियान के रूप में क्रियान्वित करते हुए पट्टा वितरण के लिए पात्रताधारियों का चयन करें।  जिला चिकित्सालय के साथ-साथ ब्लाक स्तरीय शासकीय अस्पतालों के संबंध में आए दिन कमियांयुक्त खबरे अखबारो में प्रकाशित हो रही है जिसे गंभीरता से लेते हुए कलेक्टर श्री सिंह ने समस्त एसडीएम को निर्देश दिए कि शासकीय अस्पतालों का औचक निरीक्षण करें। समय पर चिकित्सक व अन्य स्टाफ मौजूद रहकर मरीजो का इलाज करें कि क्रास मानिटरिंग व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। उन्होंने अस्पतालों की साफ-सफाई और पुताई पर विशेष जोर देते हुए कहा कि अस्पताले स्वच्छ दिखे इसके लिए स्थानीय स्तर पर उपलब्ध आवंटन का उपयोग कर कार्यो को शीघ्रतिशीघ्र पूरा कराएं।  कलेक्टर श्री सिंह ने राजस्व अधिकारियों को चैपालों का पुनः आयोजन करने के निर्देश दिए है। उन्होंने कहा कि सायंकाल चैपालों के माध्यम से ग्रामीणजनों की अनेक समस्याआंे का निदान एक ही छत के नीचे किया जा रहा था अतः निर्वाचन संबंधी आचार संहिता समाप्ति के उपरांत ग्रामों में एसडीएम, जनपद सीईओ के संयुक्त प्रयासों से ग्राम चैपालों का आयोजन किया जाए।  कलेक्टर श्री सिंह ने विदिशा नगर को अतिक्रमण विमुक्त कराने के लिए कार्ययोजना तैयार कर उसका क्रियान्वयन करने के निर्देश राजस्व अधिकारियों को मुख्य नगरपालिका अधिकारी को संयुक्त रूप से दिए। उन्होंने कहा कि अवैध कालोनियों पर कार्यवाही की जाए। विदिशा नगर का यातायात बाधित ना हो इसके लिए चिन्हित स्थलों पर पार्किंग व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।  कलेक्टर श्री सिंह ने सभी विभागों के अधिकारियों को बैठक में निर्देश दिए है कि हर विभाग अब नवाचार के माध्यम से अपने-अपने विभागीय कार्यो की प्रगति परलिक्षित हो के पुख्ता प्रबंध सुनिश्चित करें। उन्होंने स्कूल शिक्षा और स्वास्थ्य विभाग के माध्यम से क्रियान्वित बिन्दुओं के संबंध में निर्देश दिए है कि नीति आयोग के मापदण्डो पर शिक्षा व स्वास्थ्य बिन्दुओ का शत प्रतिशत क्रियान्वयन किया जाए।  नवीन कलेक्टेªट के सभाकक्ष में सम्पन्न हुई उक्त बैठक में विभागों के लंबित आवेदनों पर अब तक क्या कार्यवाही की गई है कि बिन्दुवार जानकारियां संबंधित विभागों के जिलाधिकारियों द्वारा प्रस्तुत की गई। बैठक में जिला पंचायत सीईओ श्री मयंक अग्रवाल, अपर कलेक्टर श्री वृदांवन सिंह के अलावा उप जिला निर्वाचन अधिकारी श्री लोकेन्द्र सरल डिप्टी कलेक्टर श्रीमती आरती यादव के अलावा बासौदा, सिरोंज, लटेरी, ग्यारसपुर, कुरवाई के एसडीएम समेत विभिन्न विभागों के जिलाधिकारी मौजूद थे। 

जनसुनवाई कार्यक्रम का आयोजन आज

कलेक्टर श्री कौशलेन्द्र विक्रम सिंह ने बताया कि निर्वाचन आचार संहिता समाप्ति के उपरांत जनसुनवाई कार्यक्रम का आयोजन मंगलवार 28 मई को जिला पंचायत के सभागार कक्ष में आहूत की गई है। पूर्वानुसार जनसुनवाई कार्यक्रम प्रातः 11 बजे से शुरू होगी। क्र

शासकीय/अशासकीय कार्यालयों में महिलाओं के लिए बुनियादी सुविधा हेतु दिशा निर्देश
सुरक्षित कार्यस्थल एवं जेण्डर सेन्सेटाइजेशन पर कार्यशाला का आयोजन
कलेक्टर श्री कौशलेन्द्र विक्रम सिंह की अध्यक्षता में आज एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन महिला एवं बाल विकास विभाग के माध्यम से किया गया था। कलेेक्टेªट के सभाकक्ष में हुई उक्त कार्यशाला में महिलाओं के लिए  महिलाओं के लिए मुहैया कराई जाने वाली बुनियादी सुविधाओं पर संभागायुक्त द्वारा दिए गए निर्देशो के अनुपालन में कार्यवाही करने के निर्देश दिए गए है।  कलेक्टर श्री सिंह ने जिले में संचालित सभी शासकीय, अशासकीय संस्थाओं में कार्यरत महिला कर्मचारियों के लिए बुनियादी सुविधाएं की उपलब्धता सुनिश्चित कराने के संबंध में दिशा निर्देशयुक्त पत्र सभी कार्यालय प्रमुखों को महिला एवं बाल विकास विभाग के माध्यम से जारी किया गया हैै। कार्यशाला में जो-जो प्रपत्र प्रदाय किए गए है उनमें उल्लेखित जानकारियां अंकित कर समय सीमा में जिला कार्यक्रम अधिकारी को उपलब्ध कराना सुनिश्चित करें।   महिला एवं बाल विकास विभाग के जिला कार्यक्रम अधिकारी श्री बृजेश शिवहरे ने बताया कि कलेक्टर श्री सिंह के द्वारा महिलाओं हेतु बुनियादी व्यवस्थाओं की निगरानी एवं निरीक्षण के लिए जिला स्तर पर डिप्टी कलेक्टर श्रीमती आरती यादव की अध्यक्षता में एक समिति गठित की गई है। गठित समिति नियमित रूप से कार्यालयों का निरीक्षण कर महिलाओं के लिए मुहैया कराई जानी वाली बुनियादी सुविधाओं की पूर्ति जारी गाइड लाइन के अनुरूप हो रही है कि नही का जायजा लेकर निरीक्षण प्रतिवेदन कलेक्टर को उपलब्ध कराएंगे।  प्रत्येक कार्यालय में कार्यरत महिला कर्मचारियों के लिए जो बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराए जाने हेतु पत्र प्रेषित किए गए है उनमें शौचालय की व्यवस्था पृथक से, संतान पालन अवकाश बिना किसी उचित कारण के रोका ना जाएं तथा महिलाओं के लिए कक्ष, कार्नर, रेस्टरूम निर्धारित किए जाएं ताकि महिलाओं की प्रायवेसी हेतु आवश्यक सुविधाएं जैसे इमरजेसी किट आदि उपलब्ध हो। गर्भवती महिला कर्मचारी या उसका छोटा बच्चा हो तो शिशुओं के लिए कार्यालय में सुविधाजनक अनुसार सुरक्षित वातावरण प्रदान किया जाएं।  ऐसे कार्यालय जहां दस से अधिक महिला कर्मचारी कार्यरत है वहां आंतरिक शिकायत समिति (आईसीसी) का गठन किया गया है यदि समिति गठित नही है तो तत्काल कार्य स्थल पर लैगिंग उत्पीड़न अधिनियम 2013 के अंतर्गत समिति का गठन किया जाए। प्रत्येक कार्यालय में आईसीसी के प्रावधानो के तहत सदस्य, अध्यक्ष का नाम तथा महिला हेल्पलाइन नम्बर बोर्ड पर चस्पा किए जाएं। प्रत्येक कार्यालय में सुझाव, शिकायत पेटी अनिवार्य रूप से हो। प्रत्येक कार्यालय में महिला कर्मचारी को दी जाने वाली सुविधाओं को प्रदर्शित किया जाए। सुरक्षित कार्यस्थल के संबंध में कार्यालय प्रमुखों एवं कार्यरत महिलाओं की त्रैमासिक कार्यशाला, गोष्ठी का आयोजन कर सुझावों को अमल किया जाए इत्यादि शामिल है।

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