विदिशा (मध्यप्रदेश) की खबर 14 फ़रवरी - Live Aaryaavart

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शुक्रवार, 14 फ़रवरी 2020

विदिशा (मध्यप्रदेश) की खबर 14 फ़रवरी

कन्हैया के प्रगटोत्सव से भक्ति में रमा इमलिया गांव
जब-जब धरती पर पाप बढ़े, तब-तब भगवान इंसान बने: पं. अंकितकृष्ण तेनगुरिया
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विदिशा- ग्राम इमलिया (ढोलखेड़ी) में चल रही सात दिवसीय श्रीमद् भागवत कथा के चौथे दिन पंडित अंकितकृष्ण तेनगुरिया ने भगवान श्रीराम के जन्म की कथा सुनाई गई। महाराजश्री ने कहा कि सभी कार्य के पीछे कोई न कोई कारण अवश्य होता है किन्तु परमात्मा की कृपा अकारण होती है। इसक पीछे कोई कारण नहीं होता है हमें केवल  कर्म की शुद्धता पर बल देने की जरुरत होती है। उन्होंने कहा जितनी कर्म की शुद्धता होगी, भगवान उतनी ही व्यक्ति पर कृपा करेंगे। कर्मों पर जोर डालते हुए उन्होंने कहा कि हमारे जीवन में कर्म करना वश में है इसलिए व्यक्ति को कर्म करते रहना चाहिए और सब कर्मों को ईश्वर के अधीन छोड़ देना चाहिए। निश्चित ही प्रभु बहुत दयाल हैं वह समय आने पर कृपा जरूर बरसाते हैं। पंडाल में मौजूद श्रोताओं पर श्रीमद् भागवत कथा में भागवत रस की वर्षा होती रही। महाराज बटुकजी ने कथा में आगे श्रीकृष्ण जन्म उत्सव की काथा सुनाई। उन्होंने कहा कि मनुष्य को भगवान कृष्ण की लीलाओं को सुनना गाना चाहिए। इससे मनुष्य में सांसारिक रस समाप्त होकर धार्मिक रस का प्रवाह होता है। महाराजश्री ने श्रीकृष्ण जन्म की लीला का मनोहारी वर्णन किया। इस मौके पर उन्होंने कहा कि राजा परीक्षित से शुकदेव कहते हैं कि संसार का कल्याण करने के लिए भगवान अवतार लेते हैं औऱ धरती पर जब-जब धर्म की हानि होती है। तब तब राक्षसों का वध करने के लिए भगवान प्रगट होते हैं । इसी तरह कंस के अत्याचार को मिटाने के लिए भगवान ने मनुष्य रूप धारण कर धरती पर प्रगट हुए, उन्होंने कारागार में बंद देवकी और वासुदेव पर भगवान की महंती कृपा हुई । जैसे ही भगवान के जन्म की कथा सुनाई , भगवान के बालरुप की एक सुंदर झांकी के दर्शन करने को मिले। इस अवसर पर गोकुल में आनंद भयों जय कन्हैयालाल की हाथी घोड़ा पालकी जय कन्हैयालाल की सहित अनेक भजन सुनाकर श्रद्धालुओं को आनंदित कर दिया। भजनों पर पंडाल में मौजूद श्रद्धालु झूमकर नाचने लगे। ऐसा लग रहा था इमलिया गांव भक्तों के आनंद से स्वयं आनंदित था । इस अवसर पर कथास्तल को एक उत्सव की भांती सजाया गया था। मंच सहित पूरे पंडाल में गुब्बारे से सजा था। जैसे घर में बेटा होने पर उत्सव मनाया जाता है वैसे ही सभी लोग उत्सुक थे। माताएं-बहनें पीले वस्त्र धारण कर कथा में शामिल हुई। आचार्य सत्येंद्र महाराज और आकाश दुबे ने बताया कि कथा के पांचवे दिन भगवान की बाललीलाओं से संबंधित कथा होगी, इस अवसर पर भगवान को छप्पन भोग लगाया जाएगा। गोवर्धन नाथ की पूजा अर्चना की जाएगी. इस अवसर पर मुख्य यजमानों ने जोड़े के साथ पूजा अर्चना की और कथा के अंत में सभी ग्रामीणों ने बटुकजी महाराज से कन्हैया के जन्मोत्सव की बधाई भी लीष कथा में बड़ी संख्या में क्षेत्रवासी पहुंच रहे हैं। कथा 17 फरवरी तक दोपहर 1 से शाम 4 बजे तक चल रही है।

मरीजो को शत प्रतिशत चिकित्सीय सुविधाएं मिले-संभागायुक्त 
मेडीकल कॉलेज की कार्यकारिणी समिति की बैठक में अनेक निर्णय
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भोपाल संभागायुक्त श्रीमती कल्पना श्रीवास्तव की अध्यक्षता में शुक्रवार को अटल बिहारी वाजपेयी शासकीय स्वशासी चिकित्सा महाविद्यालय की 11वीं कार्यकारिणी समिति की बैठक सम्पन्न हुई। उक्त बैठक में मेडीकल कॉलेज और श्रीमंत माधव राव सिंधिया जिला चिकित्सालय के माध्यम से मरीजो को शत प्रतिशत चिकित्सीय सुविधाएं मिले के पुख्ता प्रबंध सुनिश्चित करने के निर्देश संभागायुक्त द्वारा दिए गए। संभागायुक्त श्रीमती श्रीवास्तव ने अनेक मुद्दो पर मेडीकल कॉलेज के डीन, जिला चिकित्सालय के सीएस एवं अपर कलेक्टर के संयुक्त टीम के द्वारा भ्रमण कर आवश्यक संसाधनों की पूर्ति एवं चिकित्सकों की उपस्थिति की व्यवस्था सुनिश्चित कराई जाए। उन्होंने पैरामेडीकल स्टॉफ की पूर्ति हेतु क्रियान्वित व्यवस्था के संबंध में भी पूछताछ की। उक्त बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि मेडीकल कॉलेज में जहां कैंसर हास्पिटल बनना था उस स्थल पर पार्किंग की व्यवस्था को मूर्तरूप दिया जा रहा है। यहां 444 फोर व्हीलर तथा 814 टू व्हीलर एवं अन्य वाहन एक साथ पार्क किए जा सकेंगें। ओपीडी पंजीयन का डिजीटल किया जाए तथा जिला चिकित्सालय को ई-हास्पिटल हेतु आवश्यक प्रबंधो के लिए टेण्डर प्रक्रिया की जाए। इस दौरान इमरजेन्सी एवं रात्रिकालीन चिकित्सा व्यवस्था के संबंध में भी जानकारियां प्रस्तुत की गई। संभागायुक्त श्रीमती कल्पना श्रीवास्तव ने आयुष्मान भारत योजना के तहत जिले में हुए पंजीयन तथा जिले के समस्त पीएससी केन्द्रों में क्रियान्वित व्यवस्थाओं की जानकारी प्राप्त की। उन्होंने कहा कि मेडीकल कॉलेज और जिला चिकित्सालय में आवश्यकता के अनुरूप ओटी एवं आईसीयू वार्डो का संचालन किया जाए। पदो की पूर्ति नही हो पाती है तब तक टेण्डर प्रक्रिया के तहत कार्यो का सम्पादन कराया जाए जिसमें खासकर अस्पताल की साफ सफाई के प्रबंधन पर जोर दिया। मेडीकल कॉलेज के चिकित्सकों का भी ओपीडी हेतु ड्यूटी अवर तय किए जाएं। इमरजेन्सी के दौरान तत्काल इलाज शुरू हो इस हेतु वैकल्पिक व्यवस्था पर भी उन्होंने बल दिया। संभागायुक्त द्वारा जिला चिकित्सालय की ओपीडी में हर रोज कितने मरीज आते है के संबंध में भी जानकारी प्राप्त की। विधायक श्री शशांक भार्गव ने बैठक में निर्माण कार्यो के कारण हो रही दिक्कतो के संबंध में पूछताछ की। जिसमें मुख्य रूप से ओटी में स्ट्रेक्चर के लाने ले जाने में दिक्कते ना आए इस हेतु नवीन व्यवस्था का क्रियान्वयन करने, शौचालयो का पानी वापिस आ रहा है साथ ही दरवाजो में चटखनी नही लगी है। उन्होंने पुश वाले नल जो रेल्वे द्वारा उपयोग किए जाते है को लगाने की सलाह दी। विधायक श्री भार्गव ने जन सहयोग से संचालित हो रहे डायलेसिस सेन्टर में बिजली आपूर्ति के संबंध में भी चर्चा की। उन्होंने कहा कि सिटी हास्पिटल से बिजली की आपूर्ति की जाए। उक्त डायलेसिस सेन्टर में चिकित्सक हेतु प्रबंध सुनिश्चित करने के निर्देश संभागायुक्त द्वारा दिए गए है। स्वास्थ्य विभाग के संयुक्त संचालक ने अवगत कराया कि डायलेसिस सेन्टर पर बीएलधारी मरीजो को सुविधाओं प्रदाय की जाती है तो प्रति मरीज पांच सौ रूपए की राशि अन्य केन्द्रो की भांति इस केन्द्र को भी उपलब्ध कराई जाएगी। जिला चिकित्सालय में सोनोग्राफी के लिए संबंधित मरीजो को सात दिन बाद की डेट मिल रही है जिसे गंभीरता से लेते हुए उन्होंने सोनोग्राफी मशीनो की मांग पत्र संचालनालय को प्रेषित करने के निर्देश दिए है। इसी प्रकार जिला चिकित्सालय में पांच पलंग बिस्तर की घोषणा स्वीकृति का आदेश शीघ्र उपलब्ध कराने की अपेक्षा संबंधितों से व्यक्त की गई है।कलेक्टर श्री कौशलेन्द्र विक्रम सिंह ने मेडीकल कॉलेज में शत प्रतिशत वेस्टर्न शौचालय स्थापित कराए गए कार्य पर असंतोष जाहिर करते हुए निर्माण ऐजेन्सी को निर्देश दिए है कि डीन द्वारा जिन कक्षों में देशी शौचालय स्थापित कराए जाने का सुझाव दिया जाता है उन कक्षो में इंडियन शौचालय बनाए जाने का कार्य किया जाए। कलेक्टर श्री सिंह ने मेडीकल कॉलेज के भवनों को अधिग्रहण पूर्व डीन के द्वारा संरचनाओं के निर्माण में जो सुझाव दिए गए है का पालन किया जाए। इसी प्रकार जिला चिकित्सालय के संबंध में भी उनके द्वारा निर्देश दिए गए है। कलेक्टर श्री सिंह ने अपर कलेक्टर, मेडीकल कॉलेज के डीन, जिला चिकित्सालय के सीएस तथा निर्माण ऐजेन्सी संयुक्त रूप से उन कक्षो का भ्रमण करें जहां आने जाने में दिक्कते हो रही है साथ ही चिकित्सीय सुविधाओं के क्रियान्वयन में असुविधाएं परलिक्षित हो रही है और सुधार कार्य हेतु निर्माण ऐजेन्सी को निर्देशित करें। उन्होंने जिला चिकित्सालय मुख्य मार्ग पर किसी भी प्रकार के खाद्य विक्रय पदार्थो की बिक्री ना हो इसके लिए चिन्हित स्थल पर हॉकर जोन बनाए जाने पर सहमति व्यक्त की गई है। मेडीकल कॉलेज के सभागार कक्ष में सम्पन्न हुई उक्त बैठक में समिति के सदस्यगणों के अलावा जिला पंचायत सीईओ श्री मयंक अग्रवाल, अपर कलेक्टर श्री वृदांवन सिंह के अलावा मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ केसी अहिरवार, सिविल सर्जन सह अधीक्षक डॉ संजय खरे के अलावा मेडीकल कॉलेज एवं जिला चिकित्सालय के चिकित्सकगण तथा विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद थे।

नीति आयोग के मापदण्डो की समीक्षा 

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कलेक्टर श्री कौशलेन्द्र विक्रम सिंह ने शुक्रवार को कलेक्ट्रेट के सभाकक्ष में नीति आयोग की निर्धारित मापदण्डो का क्रियान्वयन कराने वाले विभागों के कार्यो की समीक्षा की। उक्त बैठक में जिला पंचायत सीईओ श्री मयंक अग्रवाल के अलावा मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ केसी अहिरवार के अलावा जिला शिक्षा अधिकारी, डीपीसी, पशु चिकित्सा विभाग के अलावा आयोग से अनुबंधित स्वंयसेवी संस्थाओं के प्रतिनिधि मौजूद थे। कलेक्टर श्री सिंह ने स्कूल शिक्षा विभाग के माध्यम से मुख्यतः तीन बिन्दुओं पर कार्य करने के निर्देश दिए गए है जिसमें क्वालिटी इम्पू्रव के तहत कक्षा एक से लेकर आठवीं तक के विद्यार्थियों की हाजिरी का ऑन लाइन सिस्टम उक्त व्यवस्था की मानिटरिंग के लिए उनके द्वारा प्रत्येक विकासखण्ड में तीन-तीन अधिकारियों को रूटीन अनुसार जिम्मेदारी सौंपी गई है। इसके अलावा किस विद्यार्थी को क्या आता है और क्या नही आता का प्रदर्शन चार्ट के माध्यम से किया जाए ताकि रेण्डम चैकिंग प्रणाली के दौरान निरीक्षणकर्ता सुगमता से जान सकें कि अमुक बच्चे को क्या नही आता और उसके अध्यापन कार्य में क्या सुधार हुआ है। उन्होंने बेस लाइन, मीडिल लाइन के तहत अब तक हुए कार्यो पर संतोष जाहिर करते हुए इसमें और अधिक सुधार लाने पर बल दिया है। कलेक्टर श्री सिंह ने कहा कि हर बच्चे की कॉपी चेक करने की पद्वति क्रियान्वित की जाए। सिलेबस के आधार पर प्रति सप्ताह चेप्टर पढ़ाया जाए और जिसमें वह पीछे रह जाता है तो उसे अतिरिक्त कोचिंग की तर्ज पर पढ़ाने की व्यवस्था की जाए। उन्होंने प्रत्येक बच्चे की कॉपी की जांच कर त्रुटियों को लाल पेन से अंकित किया जाए और संबंधित बच्चे से कई बार अभ्यास कराया जाए ताकि उसकी त्रुटि में सुधार हो सकें। कलेक्टर श्री सिंह ने स्कूलों में ऑन लाइन हाजिरी का शत प्रतिशत दाखिला हो कि मानिटरिंग का दायित्व जिला शिक्षा अधिकारी को दिया वही क्रास मानिटरिंग की जबावदेंही जिला पंचायत सीईओ को सौंपी है। कलेक्टर श्री सिंह ने जिला शिक्षा अधिकारी और डीपीसी को सख्त हिदायत देते हुए कहा कि नीति आयोग के मापदण्ड में स्कूल शिक्षा विभाग की मुख्य बिन्दु बच्चा कक्षा में आए, मास्टर पढ़ाए, कमजोर बच्चों पर विशेष ध्यान देकर उसकी कमजोरी को दूर करने के संसाधन जुटाए जाएं।  कलेक्टर श्री सिंह ने प्रत्येक स्कूलो में पालक और टीचर्स की संयुक्त बैठक आहूत करने के निर्देश दिए है ताकि ऐसे बच्चे जो लंबे समय से स्कूल नही आ रहे है उन कारणों का दूर किया जा सकें। उक्त बैठक व्यवस्था हेतु ग्राम के पंचायत सचिव को अधिकृत किया गया है। इस प्रकार की बैठक प्रत्येक माह पंचायत भवन में आयोजित करने के निर्देश उनके द्वारा दिए गए है।कलेक्टर श्री सिंह ने कहा कि बाढ़, अतिवर्षा के कारण क्षतिग्रस्त स्कूलों में मरम्मत कार्य शीघ्र किया जाए। उन्होंने एक शाला एक परिसर की अवधारणा को अक्षरशः फालो किया जाने के निर्देश दिए है। कलेक्टर श्री सिंह ने कहा कि प्रत्येक स्कूल में शौचालय क्रियाशील रहे इसके लिए वहा पानी के प्रबंध हेतु एक मोटर व टंकी रखवाने का कार्य किया जाए। साथ ही शौचालय की सफाई हेतु सफाईकर्मी की अवधारणा से उन्होंने अवगत कराया। कलेक्टर श्री सिंह ने कहा कि प्रत्येक विकासखण्ड में कम से कम दस स्कूल आदर्श एमडीएम के संचालन से जाने जाए। उक्त स्कूलों में बकायदा बच्चों को भोजन करने हेतु डायनिंग टेबल के प्रबंध किए जाए साथ ही स्वच्छता पर विशेष ध्यान दिया जाए। कलेक्टर श्री सिंह ने जिपं सीईओ को निर्देश दिए कि सरपंचों को मेरी ओर से एक अपील जारी की जाए कि जन सहयोग, जन भागीदारी से उनकी पंचायत के स्कूलों में डायनिंग टेबिल की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। कलेक्टर श्री सिंह के द्वारा उक्त बैठक में स्वास्थ्य, स्किल डेव्हलपमेंट, स्वरोजगारीमुखी योजनाओं, प्रशिक्षण तथा निजी कंपनियों के द्वारा रोजगार मेला आयोजन के संबंध में किए गए प्रबंधो की समीक्षा की गई है।

अविवादित नामांतरण बंटवारा के प्रकरणों का निराकरण अभियान चलाकर 

कलेक्टर श्री कौशलेन्द्र विक्रम सिंह ने जिले के समस्त अनुविभागीय राजस्व अधिकारियों के अलावा तहसीलदारों एवं नायब तहसीलदारों को पत्र प्रेषित कर निर्देश दिए है कि जिले में अविवादित नामांतरण, बंटवारा के प्रकरणों  का निराकरण अभियान चलाकर निराकरण किया जाए। राज्य शासन द्वारा अविवादित नामांतरण एवं बंटवारा के समस्त प्रकरणों को 31 मार्च तक शत प्रतिशत निराकरण करने के निर्देश दिए गए है। निराकरण उपरांत की गई कार्यवाही का आरसीएमएस पोर्टल पर दर्ज करने की भी कार्यवाही समय सीमा में क्रियान्वित की जाए।

विशेष ग्राम सभा
जिले में आविवादित नामांतरण बंटवारा के प्रकरणों के निराकरण हेतु फरवरी माह की 17, 19, 20 को विशेष ग्रामसभा आयोजित करने के निर्देश कलेक्टर द्वारा जारी किए गए है। ग्रामसभाओं की तिथियों का व्यापक प्रचार प्रचार हर स्तर पर करने के निर्देश उनके द्वारा जारी किए गए है। प्रत्येक ग्रामसभा की कार्यवाही का विवरण लिखा जाए। ग्रामसभा में पटवारी अनिवार्य रूप से उपस्थित हो और अधिकतम आवेदन उक्त ग्रामसभा में प्राप्ति का कार्य किया जाए।

आवेदन प्राप्त करना
कलेक्टर श्री सिंह के द्वारा सभी तहसीलदार, नायब तहसीलदार एवं पटवारियों को निर्देश दिए गए है कि नामांतरण का आवेदन पत्र विहित प्रारूप में एवं बंटवारा आवेदन अपने स्तर से तैयार कराकर उनके प्रारूप उपलब्ध कराएं। आवेदन पत्र प्राप्ति हेतु पटवारियों को अधिकृत किया गया है। पटवारी हल्के के ग्रामों में इनका प्रचार प्रसार कर लंबित आवेदनों को प्राप्त करेंगे। इस कार्य में  पटवारी, कोटवार, आंगनबाडी केन्द्र एवं ग्राम पंचायत का सहयोग प्राप्त किया जाएगा। प्राप्त आवेदन पटवारी अपने रजिस्टर में सूचीबद्व करेंगे तथा यथाशीघ्र तहसीलदार, नायब तहसीलदार को प्रस्तुत करेंगे। पटवारी आवेदन की पावती आवेदक को देंगे तथा पटवारी से प्राप्त होने वाले आवेदन की पावती प्रवाचक द्वारा पटवारी को दी जाएगी। तहसीलदार, नायब तहसीलदार प्रति दिन प्राप्त होने वाले आवेदनों को आरसीएमएस पोर्टल पर दर्ज करेंगे।

आदेश पारित
प्रकरणों की सुनवाई एवं आदेश पारित करने की कार्यवाही 31 मार्च के पूर्व शत प्रतिशत कर अभिलेखों की दुरूस्ती कार्य हेतु पटवारी को भेजे जाएंगे। आदेश प्रति पटवारी को प्रदान करने की पावती प्रकरण में रखी जाएगी।

स्कूल शिक्षा मंत्री का दौरा कार्यक्रम

स्कूल शिक्षा मंत्री डॉ प्रभुराम चौधरी शुक्रवार 14 फरवरी की रात्रि 11 बजे विदिशा आएंगे और सर्किट हाउस में रात्रि विश्राम करेंगे। स्कूल शिक्षा मंत्री डॉ चौधरी शनिवार 15 फरवरी की दोपहर एक बजे अहिरवार समाज संघ का प्रांतीय अधिवेशन कार्यक्रम में शामिल होंगे। उक्त कार्यक्रम सम्राट अशोक गार्डन बस स्टेण्ड के पास अनुपम मेगा सिटी डंडापुरा में आयोजित किया गया है। स्कूल शिक्षा मंत्री डॉ चौधरी सायं पांच बजे विदिशा से भोपाल के लिए प्रस्थान करेंगे।

कागपुर की शासकीय उचित मूल्य दुकान निलंबित

एसडीएम श्री प्रवीण प्रजापति ने सार्वजनिक वितरण प्रणाली में निर्धारित प्रावधानों का उल्लघंन करने पर सेवा सहकारी समिति गढ़ला द्वारा संचालित शासकीय उचित मूल्य दुकान कागपुर को तत्काल प्रभाव से निलंबित करने का आदेश जारी कर दिया है। हितग्राहियों की सुविधाओं को ध्यानगत रखते हुए उक्त दुकान सेवा सहकारी समिति हिनोतिया द्वारा संचालित शासकीय उचित मूल्य दुकान हिनोतिया में अस्थायी रूप से आगामी आदेश तक संलग्न करने का आदेश जारी कर दिया है।

पुराने वाहनों के जुर्माने के भुगतान के लिए 31 मार्च तक मिलेगी छूट

परिवहन विभाग द्वारा मोटरयानों के बकाया कर तथा जुर्माने के भुगतान पर छूट का लाभ दिया जा रहा है। ऐसे वाहन जिनकी आयु 20 वर्ष पूरी हो चुकी है तथा वे परिवहन विभाग से अपना पंजीयन निरस्त करना चाहते हैं तो पंजीयन निरस्त किया जायेगा। ऐसे वाहनों को 90 प्रतिशत छूट दी जायेगी जिन वाहनों में रोड टैक्स अथवा जुर्माना की राशि लंबित हैं उन्हें यदि वाहन मालिक पंजीयन निरस्त कराना चाहते हैं तो 90 प्रतिशत छूट का लाभ दिया जायेगा। लंबित रोड टैक्स एवं जुर्माने की राशि का एक मुश्त भुगतान करने पर 20 प्रतिशत छूट का लाभ दिया जायेगा। यह लाभ केवल 5 वर्ष तक पूराने वाहनों को ही दिया जायेगा। अधिसूचना जारी होने के दिन से 10 वर्ष से अधिक किंतु 15 वर्ष से कम पूराने वाहनों को बकाया टैक्स के भुगतान में 50 प्रतिशत छूट दी जायेगी। जो वाहन 15 वर्ष से अधिक पूराने हैं उन्हें 70 प्रतिशत बकाया राशि छूट का लाभ दिया जायेगा।  छूट का लाभ 31 मार्च 2020 तक मिलेगा।

पान बरेजे की फसल हानि पर भी मिलेगी अनुदान सहायता

राज्य शासन ने प्राकृतिक आपदा से पान बरेजे आदि की फसल की हानि होने पर अनुदान सहायता दिये जाने का निर्णय लिया है। अब पान बरेजे आदि की 25 से 33 प्रतिशत फसल क्षति होने पर प्रति हेक्टेयर 30 हजार रूपये अथवा प्रति पारी 750 रूपये अनुदान सहायता देय होगी। इसी तरह 33 प्रतिशत से अधिक पान बरेजे फसल क्षति होने पर प्रति हेक्टेयर 40 हजार रूपये अथवा प्रति पारी एक हजार रूपये अनुदान सहायता राशि दिया जाना प्रावधानित किया है।

घेघा रोग की रोकथाम के लिए किया जा रहा आयोडीन युक्त नमक का वितरण

प्रदेश में अनुसूचित जनजाति के परिवारों को घेघा रोग से बचाव के लिए आयोडीन नमक का वितरण किया जा रहा है। प्रदेश के अनुसूचित जनजाति बहुल 89 विकासखण्डों में उचित मूल्य दुकानों से एक रूपये प्रति किलो की दर से आयोडीनयुक्त नमक का वितरण किया जा रहा है। सभी अंत्योदय परिवारों तथा प्राथमिकता श्रेणी के अनुसूचित जनजाति परिवारों को इसका वितरण किया जा रहा है। इस योजना पर अब तक 18 करोड़ 46 लाख रूपये की राशि व्यय की गई है। पूरे प्रदेश में अतिगरीब अनुसूचित जनजाति परिवारों को अंत्योदय अन्न योजना से पीले राशन कार्ड दिये गये हैं। इनके माध्यम से गरीब परिवारों को 2 रूपये प्रति किलो की दर से गेंहू तथा 3 रूपये प्रति किलो की दर से हर परिवार को 35 किलो खाद्यान्न हर माह दिया जा रहा है। बीपीएल कार्ड योजना में परिवारों को 3 रूपये प्रति किलो की दर से गेंहू तथा चार रूपये 50 पैसे की दर से चावल उपलब्ध कराया जा रहा है।  शासन द्वारा अनुसूचित जनजाति वर्ग के छात्रावासों में रहने वाले विद्यार्थियों को रियायती दर पर खाद्यान्न हर माह दिया जा रहा है। इस योजना से प्रत्येक छात्र को 12 किलो 500 ग्राम अनाज एक रूपये प्रति किलो की दर से उपलब्ध कराया जा रहा है। इससे पूरे प्रदेश में लगभग एक लाख 75 हजार अनुसूचित जाति-जनजाति वर्ग के विद्यार्थी लाभांवित हो रहे हैं।

“गौवंश संरक्षण’’ के लिये स्लोगन प्रतियोगिता

“मुख्यमंत्री गौसेवा योजना’’ अंतर्गत “गौवंश संरक्षण’’ के महत्व पर पशुपालन विभाग ने उचण्उलहवअण्पद के माध्यम से स्लोगन प्रतियोगिता आयोजित की है। इसकी पुरस्कार राशि 10 हजार रूपये है। प्रतिष्टियाँ प्रस्तुत करने की अंतिम तिथि 29 फरवरी  नियत की गई है। इस प्रतियोगिता में नागरिक अधिकतम 20 शब्दों में स्लोगन दे सकते है। प्रविष्टि को उसके लॉग-इन विवरण के आधार पर ही प्रतियोगिता में शामिल किया जायेगा। प्राप्त प्रविष्टियों का उपयोग कर सर्वाधिकार गौपालन एवं पशुधन संवर्धन बोर्ड के पास सुरक्षित रहेगा। अधिक जानकारी के लिये वेब पोर्टल उचण्उलहवअण्पद पर संपर्क किया जा सकता है।

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