सीहोर (मध्यप्रदेश) की खबर 02 जुलाई - Live Aaryaavart

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शुक्रवार, 2 जुलाई 2021

सीहोर (मध्यप्रदेश) की खबर 02 जुलाई

सेवादल कांग्रेस के जिलाध्यक्ष खंगराले द्वारानर्सेस बहनों के आंदोलन का किया समर्थन

  •  पूर्व नपाध्यक्ष राकेश राय ने की आंदोकारियों से चर्चा

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सीहेार। जिला चिकित्सालय के परिसर में नर्सेस एसोशिएशन मध्य प्रदेश के बेनर तले अपनी जायज मागों को लेकर धरना प्रदर्शन एवं आंदोलन कर रहीं है। स्टाफ नर्सेस बहनों की समस्याओं के निकारण के लिए जिला कांग्रेस सेवादल ने पूर्ण समर्थन दिया। इस अवसर पर सेवादल कांग्रेस के जिला अध्यक्ष नरेंद्र खंगराले ने बताया की आंदोलनरत स्टाफ नर्सेस बहनों की जायज मागों तथा मौलिक अधिकारों को लेकर सेवादल कांग्रेस के प्रदेश सचिव तथा पूर्व नपाध्यक्ष राकेश राय जिला कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष डॉ बलवीर तोमर को अपना मांग पत्र सौपा। आंदोलनरत बहनों ने बताया की नर्सेस एसोसिएशन कई बार मध्य प्रदेश शासन एवं जिला प्रशासन को ज्ञापन के माध्यम से स्टाफ नर्सेस बहनों की लंबित मोगों को लेकर समय समय पर अवगत कराते आ रहे है। लेकिन अबतक मांगों पर विचार नहीं किया जा रहा है। वर्तमान में पूरादेश इस बात को मान चुका है की कोविड 19 जैसी गंभीर महामारी में स्टाफ नर्सेस सबसे ज्यादा फं्रटलाईन वर्कर के रूप में उभर कर सामने आई है। देश के आए इस संकट कर घड़ी में अपना पूरा योगदान दिया तथा कहीे कहीं पर स्टाफ नर्सेस बहनों को जान भी गवांनी पड़ी स्टाफ नर्सेस बहनों की समर्पण भावना को लेकर कई सामाजिक संगठनों ने स्टाफ नर्सेस बहनों के पैर छु कर शॉल श्रीफल से सम्मानित किया गया लेकिन मध्य प्रदेश की निक्कमी हटधर्मि भाजपा सरकार द्वारा हमारी मांगों को नहीं माना जा रहा है। जिसे लेकर मध्य प्रदेश में मांगों को लेकर लड़ाई जारी ह। श्रीराय एवं श्री तोमर के द्वारा स्टाफ नर्सेस बहनों की समस्याओं को ध्यान से सुना गया। एवं शीघ्र निराकरण का आश्वासन देते हुए बताया की सेवादल कांग्रेस के माध्यम से प्रदेश तथा जिला स्तर पर स्टाफ नर्सेस बहनों के साथ आंदोलन किए जाएंगे एवं स्टाफ नर्सेस बहनों को हर संभव तनमनधन से मदद की जाएगी। स्टाफ नर्सेस बहनों के द्वारा पूर्ण समर्थन किए जाने पर सेवादल कांग्रेस का आभार व्यक्त किया गया। इस अवसर पर प्रमुख रूप से सेवादल कांग्रेस जिला सीहेार के प्रभारी विजय जौहरी, जिला कांग्रेस कमेटी के कार्यवाहक अध्यक्ष नईम नबाव, वरिष्ठा कांग्रेस नेता दर्शन सिंह वर्मा, जिला कांग्रेस कमेटी अ,जा विभाग अध्यक्ष सीताराम भारती क्षेत्रीय पार्षद आरती नरेंद्र खंगराले, राजा बडे भाइ डॉ अनीस खान, प्रीतम दयाल चौरसिया, सुरेश साबू, सुनील दुबे मांगीलाल टिमरइ गायंत्री चंद्रवंशी, जितेंद्र सिंह, जितेंद्र चंद्रवंशी, मीरा रैकवार, आशा गुप्ता, नीतू सिंह, घनश्याम जाटव, कमल सूर्यवंशी, मधुसुधन अग्रवाल, अनिल गबाटिया, देवकारण जांगडे आदि कांग्रेस कार्यकर्ता उपस्थित रहे। 


प्रसूता के दम तोड़ने की घटना की जांच के कलेक्टर ने दिए  निर्देश


जिला अस्पताल के गेट पर प्रसूता के दम तोड़ने की घटना को संज्ञान लेते हुए कलेक्टर श्री चंद्र मोहन ठाकुर ने मुख्य स्वास्थ्य एवं चिकित्सा अधिकारी को जांच के निर्देश दिए हैं। साथ ही उन्होंने यह भी निर्देश दिए हैं, कि आज ही इस घटना की जांच कर रिपोर्ट प्रस्तुत की जाए। सीएमएचओ श्री सुधीर कुमार डेहरिया ने बताया कि जांच दल गठित कर दिया गया है। जांच रिपोर्ट आने पर शीघ्र कार्रवाई की जाएगी।


प्रसूता की अस्पताल लाने के पूर्व ही हो चुकी थी मृत्यु, अस्पताल स्टाफ अपनी ड्यूटी पर था तैनात


जिला चिकित्सालय में प्रसूता श्रीमती दीपिका पत्नी प्रीतम निवासी चांदबड़ की मृत्यु का समाचार दैनिक समाचार पत्रों में प्रकाशित हुआ था। जिसमें प्रसूता को अस्पताल लाने पर अस्पताल का गेट बंद होने का उल्लेख किया गया है। इस घटना के संबंध में वस्तुस्थिति से अवगत कराते हुए सिविल सर्जन . अषोक कुमार मांझी जानकारी दी कि यह है कि अस्पताल के गेट 24 घंटे खुले रहे है तथा ड्यूटी पर स्टाफ भी उपस्थित रहता है। एक जुलाई 2021 की मध्य-रात्री को भी अस्पताल का गेट खुला था। उस समय डॉ. सुनिता बरूआ महिला चिकित्सक डयूटी पर उपस्थित थी। उन्होंने प्रसूता को देखा तथा जांच के उपरांत पाया कि प्रसूता की हृदय की धड़कन एवं श्वांस की गति पहले से ही बंद हो चुकी थी। ईसीजी की फ्लेट लाइन आई थी। इससे प्रतीत  होता है कि प्रसूता की मृत्यु जिला चिकित्सालय लाने के पूर्व ही हो चुकी थी।


जिले में अब तक 231.6 मिलीमीटर औसत वर्षा दर्ज


जिले में 01 जून से 02 जुलाई 2021 तक 231.6 मिलीमीटर औसत वर्षा दर्ज की गई है। जो कि गत वर्ष इसी अवधि में हुई औसत वर्षा से 51.9 मिलीमीटर कम है। जिले की वर्षा ऋतु में सामान्य औसत वर्षा 1148.4 मिलीमीटर है। अधीक्षक भू-अभिलेख द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार 01 जून से 01 जुलाई 2021 तक जिले के वर्षामापी केन्द्र सीहोर में 271.6  मिलीमीटर, श्यामपुर में 211.0, आष्टा में 213.0, जावर में 195.0 इछावर में 225.0,  नसरुल्लागंज में 280.0, बुधनी में 289.0 रेहटी में 168.0 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई है।


बीते 24 घंटे में 0.0 मिलीमीटर औसत वर्षा

जिले में बीते 24 घंटे में प्रातः 08 बजे तक 0.0 मिलीमीटर औसत वर्षा दर्ज की गई। वर्षामापी केन्द्र सीहोर में 0.0, श्यामपुर में 0.0, आष्टा में 0.0, जावर में 0.0, इछावर में 0.0, नसरुल्लागंज में 0.0, बुधनी में 0.0, रेहटी में 0.0, मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई है।


हितग्राहियों को नियमित एवं निर्धारित दर पर राशन उपलब्ध कराने के कलेक्टर ने दिए निर्देश

  • शासकीय उचित मूल्य दुकानों की दुकानों की जांच एवं कार्यवाही के कलेक्टर ने दिए निर्देश

सार्वजनिक वितरण प्रणाली के अन्तर्गत उचित मूल्य दुकानों से राशन सामग्री हितग्राहियों को निर्धारित दर एवं मात्रा में प्रदाय की जाती है। खाद्य नागरिक एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग के आदेशानुसार जिला दंडाधिकारी श्री चन्द्र मोहन ठाकुर ने दुकानदारों द्वारा अनुचित लाभ प्राप्त करने की दृष्टि से हितग्राही को कम सामग्री प्रदाय करने पर कार्रवाई करने के सभी एसडीएम को निर्देश दिए हैं। इसी प्रकार शासन ने अधिक कीमत प्राप्त करने अथवा निःशुल्क राशन प्रदाय करने की दशा में राशि प्राप्त करने की स्थिति संज्ञान में आती है तो विक्रताओं के विरूद्ध कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं। पूर्व में तीन माह के खादन्न के हितग्राहियों के बायोमेट्रिक सत्यापन द्वारा कराया जा रहा है। शासकीय उचित मूल्य दुकानदार द्वारा इसमें फर्जी वितरण दर्शाकर अनुचित लाभ प्राप्त करने का प्रयास किया जा सकता है। कलेक्टर श्री ठाकुर ने उचित मूल्य दुकानों से राशन सामग्री हितग्राहियों को निर्धारित दर तथा मात्रा में नियमित रूप से प्राप्त हो तथा अनियमितता करने वाले पर कठोर कार्यवाही के निर्देश दिए हैं। किसी भी दुकान में अनियमितता पाए जाने पर दोषी विक्रेता को चोर बाजारी निवारण तथा आवश्यक वस्तु प्रदाय अधिनियम 1980 के अंतर्गत निरुद्ध  करने की कार्यवाही के साथ-साथ विभाग के अधिकारियों की संलिप्तता पाए जाने पर उनके खिलाफ भी कार्यवाही के लिए विभाग को पत्राचार कर अवगत करने के लिए कहा गया है। यह सुनिश्चित किया जाए कि जिले में सामग्री का वितरण पात्र हितग्राहियों को नियमित रूप से निर्धारित दर एवं मात्रा में मिले।


जिले में अधिकांश रकबे पर हुई खरीफ फसल की बोवनी, कृषि विभाग ने दी किसानों का सलाह


जिले में अधिकांश क्षेत्र में खरीफ फसल सोयाबीन, मूंग, उड़द, ज्वार तथा मक्का की बुआई की है। खरीफ फसल दस से पन्द्रह दिन की हो चुकी है। कृषि उपसंचालक श्री आरएस जाट ने किसानों को सलाह दी है, कि अभी फसलों में किसी भी प्रकार का खरपतवार नाशक दवाओं उपयोग नही करें, क्योंकि कुछ दिनों से वर्षा नही होने से दवाओं का उपयोग कारगार नही रहेगा। इसके स्थान पर डोरा, कुल्पा तथा हाथ निंदाई करे। ताकि भूमि में नमी का संरक्षण हो सकें। फसल में कीटव्याधि का प्रकोप होने पर तत्काल उपचार करें। कृषि वैज्ञानिकों के अनुसार सोयाबीन फसल में यूरिया उर्वरकों के प्रयोग से रोग तथा कीट प्रकोप की संभावना अधिक हो जाती है।


नवीन पशुधन बीमा योजनांतर्गत बीमा कराने की अपील


पशुपालक अपने पशुधन का बीमा करायें। राष्ट्रीय पशुधन मिशन अंतर्गत नवीन पशुधन बीमा योजना का क्रियान्वयन किया जा रहा है। योजना में पशुपालकों को पशु की मृत्यु होने पर हुई आर्थिक हानि में राहत मिलती है। योजना में समस्त पशुधन जैसे गाय, भैंस, घोड़ा, बकरी आदि को शामिल किया गया है। योजनांतर्गत प्रति परिवार अधिकतम पांच पशुओं का बीमा करा सकते हैं। बीमे की अधिकतम राशि 55 हजार रूपये तक हो सकती है तथा प्रीमियम दर एक वर्ष के लिए 2.92 प्रतिशत है जिसमें सामान्य वर्ग के लिए 50 प्रतिशत अनुदान तथा बीपीएल, एससी, एसटी के लिए 70 प्रतिशत अनुदान शासन द्वारा दिया जाता है। पशुपालक अधिक जानकारी के लिए अपने निकटतम पशु चिकित्सालय प्रभारी से संपर्क कर सकते हैं।


इग्नू में प्रवेश हेतु 15 जुलाई तक ऑनलाइन आवेदन

इन्दिरा गाँधी राष्ट्रीय मुक्त विश्वविद्यालय, द्वारा संचालित लगभग 256 से अधिक पाठ्यक्रमों में प्रवेश की प्रक्रिया शुरू हो गई है। आवेदन ऑनलाइन स्वीकार किए जायेंगे। जिसकी अंतिम तिथि 15 जुलाई है। प्रवेश से संबंधित विस्तृत जानकारी के लिए इग्नू की ई-मेल rcbhopal.ignou.ac.in पर संपर्क किया जा सकता है। इग्नू में सभी स्नातक स्तर के पाठ्यक्रम मसलन कला, वाणिज्य एवं विज्ञान विषयों में स्नातक, बीएसडब्लू, एमएस डब्लू, एमकाम आदि पाठ्यक्रम मे प्रवेश लिया जा सकता है। अध्ययन केन्द्रों के माध्यम से क्षेत्र में रह रहें  उत्तीर्ण विद्यार्थी एवं महाविद्यालय के अध्ययनरत विद्यार्थी इग्नू द्वारा संचालित पाठ्यक्रम जैसे मानवाधिकार, पर्यावरण, उपभोक्ता संरक्षण, मार्गदर्शन, व्यवहारिक अंग्रेजी, अंग्रेजी में अध्यापन, में प्रवेश प्राप्त कर अपना ज्ञान बढ़ा सकते हैं। साथ ही विभिन्न प्रकार की रोजगार विधाओं में पारंगत हो सकते हैं। इन्दिरा गाँधी राष्ट्रीय मुक्त विश्वविद्यालय ऐसे विद्यार्थियों को भी उच्च शिक्षा से जुड़ने का अवसर प्रदान करता है जिन्होंनें 10 वी या 12 वी की औपचारिक परीक्षा उत्तीर्ण न की हो।


अब आशा सहयोगी आशा पर्यपेक्षक कहलाएंगी, अब आशा सहयोगी आशा पर्यवेक्षक के पदनाम से जानी जाएंगी


मिशन संचालक, एनएचएम मध्यप्रदेश श्रीमती छवि भारद्वाज ने इस संबंध में निर्देश जारी किए है। आशा कार्यकर्ताओं द्वारा किये गये कार्यों व मूल्यांकनए अनुश्रवण एवं सहयोगी मार्गदर्शन के लिये आशा सहयोगी 10 से 12 आशाओं के क्षेत्र में कार्यरत है तथा आशाओं के कार्यों का समग्र रूप से पर्यवेक्षण करती है। इसे ध्यान में रखते हुए आशा सहयोगी के नाम में परिवर्तन कर आशा पर्यवेक्षक को आशा सुपरवाईजर किया गया है।


तीसरी लहर से आमजन को बचाने की तैयारियों में जुटी प्रदेश सरकार-मुख्यमंत्री श्री चौहान

  • बिरसा मुण्डा चिकित्सा महाविद्यालय शहडोल को मॉडल चिकित्सा सेंटर के रूप में किया जाएगा विकसित कोरोना की तीसरी लहर को रोकने के लिये की जा रही तैयारियों की समीक्षा की

मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि कोरोना संक्रमण की दूसरी लहर के दौरान चिकित्सकों, नर्सिंग तथा पैरामेडिकल स्टॉफ की मेहनत से संक्रमण पर नियंत्रण पा लिया गया है। लेकिन कोरोना वायरस अभी खत्‍म नहीं हुआ है। विशेषज्ञों द्वारा कोरोना संक्रमण की तीसरी लहर की आशंका जताई जा रही है, इससे बचने के लिए पूर्व से ही तैयारियाँ आवश्यक हैं। प्रदेश सरकार तीसरी लहर से होने वाले नुकसान को बचाने के लिए वैज्ञानिक तरीके अपनाकर तैयारियाँ कर चुकी हैं। प्रदेश में जन-भागीदारी मॉडल को पुन: अपनाया जाकर कोरोना की तीसरी लहर को नियंत्रित किया जायेगा। मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने आज बिरसा मुण्डा चिकित्सा महाविद्यालय शहडोल में कोरोना संक्रमण की संभावित तीसरी लहर को रोकने के लिये की जा रही तैयारियों की समीक्षा की। बैठक में खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री श्री बिसाहूलाल सिंह, जनजातीय कार्य मंत्री सुश्री मीना सिंह, चिकित्सा शिक्षा मंत्री श्री विश्वास सांरग, पंचायत एवं ग्रामीण विकास राज्य मंत्री एवं शहडोल जिले के प्रभारी मंत्री श्री रामखेलावन पटेल सहित जन-प्रतिनिधि एवं अधिकारी उपस्थित थे। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने बिरसा मुण्डा चिकित्सा महाविद्यालय शहडोल परिसर में कदम्ब का पौधा भी रोपा। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि मेडिकल कॉलेज शहडोल को उत्कृष्ट कॉलेज के रूप में विकसित किया गया है। चिकित्सा की सभी आधुनिक सुविधाएँ यहाँ उपलब्ध हैं। समय-समय पर जो आवश्यकताएँ होगी उन्हें राज्य सरकार प्राथमिकता के साथ पूरी करेगी। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि मेडिकल कॉलेज के चिकित्सक इसे आदर्श चिकित्सा सेंटर के रूप में विकसित करेंए जिससे दूर-दराज से आये मरीजों को यहाँ बेहतर स्वास्थ्य लाभ मिल सके। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने मेडिकल कॉलेज में बच्चों के लिये बेड्सए आईसीयू तथा एसडीयू यूनिट बढ़ाने की प्रशंसा भी की। उन्होंने कहा कि कोरोना संक्रमण के दौरान अगर यह मेडिकल कॉलेज नहीं होता तो शहडोल संभाग में कोरोना की स्थिति भयावह हो सकती थी। कोरोना संक्रमण को रोकने के लिए जागरूकता अभियान चलाने, टेंस्टिंग में वृद्धि करने, आइसोलेशन, कान्टेक्ट ट्रेसिंग कराने और कोरोना से बचाव के सभी उपायों को अपनाना होगा। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि डॉक्टर भगवान का रूप होते हैंए कोविड संक्रमण की लड़ाई उनके बिना नहीं जीती जा सकती है। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि शहडोल संभाग ने टीकाकरण के क्षेत्र में मिसाल पेश की है जिसका अनुसरण प्रदेश ही नहीं पूरा देश करेगा। चिकित्सा शिक्षा मंत्री श्री विश्वास कैलाश सारंग ने डाक्टर्स-डे के अवसर पर चिकित्सकों को बधाई देते हुए कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने कोरोना संक्रमण से बचाव के मध्यप्रदेश मॉडल की सराहना की है। मुख्यमंत्री श्री चौहान के नेतृत्व में प्रदेश में तीसरी लहर की तैयारियां को अंजाम दिया गया है। आयुक्त शहडोल संभाग श्री राजीव शर्मा ने बैठक में संभाग के तीनों जिलों में कोरोना संक्रमण के बचाव हेतु की जा रही अधोसंरचना तैयारियों, जन-भागीदारी मॉडल और आपदा प्रबंधन समितियों की जानकारी दी। मेडिकल कॉलेज के डीन डॉ. मिलिंद शिलारकर ने बताया कि कॉलेज में वर्तमान में 448 बेड्स की क्षमता को बढ़ाकर 604 बेडस किया जा रहा है। बच्चों के लिए 20 आईसीयू बेड्सए 30 सामान्य बेड्स के साथ 240 ऑक्सीजन सपोर्टेड बेड्स को बढ़ाकर 430 बेड्स किया जा रहा है। कॉलेज में 50 किलो लीटर ऑक्सीजन क्षमता वाले उपकरण लगाए जा रहे हैं। स्वयं-सेवी संस्थाओं की मदद से 1 करोड़ रूपये लागत वाली एयर सेपरेशन यूनिट प्रारंभ की जा रही है।


तीन जुलाई को लगेगी कोवैक्सीन की सिर्फ सेकेण्ड डोज


तीन जुलाई शनिवार को कोवैक्सीन की सिर्फ सेकेण्ड डोज ही लगाई जाएगी। जिन हितग्राहियों की सेकेण्ड डोज के लिए समयावधि पूर्ण हो चुकी है वे कोविड वैक्सीनेशन के लिए पात्र होंगे। जिला टीकाकरण अधिकारी डा.एमके चंदेल ने जानकारी दी कि जिले में कोवैक्सीन के 9 हजार 906 चिन्हित हितग्राही छूटे हुए हैं। वैक्सीन का प्रथम डोज लगने के उपरांत द्वित्तीय डोज कोवैक्सीन के लिए 28 दिन की समयावधि निर्धारित है।


जिले में आज एक भी व्यक्ति कोरोना पॉजिटिव नहीं मिला, वर्तमान में कोरोना एक्टिव पॉजिटिव की संख्या 02


पिछले 24 घंटे के दौरान प्राप्त रिपोर्ट में जिले में आज एक भी व्यक्ति कोरोना पॉजिटिव नहीं मिला है। सीएमएचओ कार्यालय से प्राप्त जानकारी के अनुसार जिले में अब तक कुल कोरोना पॉजिटिव व्यक्तियों की संख्या 10131 है। वर्तमान में एक्टिव पॉजिटिव 02 हैं। कुल रिकवर व्यक्तियों की संख्या 10014 हैं। कुल कोविड संक्रमित मृत व्यक्तियों की संख्या 115 है। आज 1158 सैम्पल लिए गए है। जांच के लिए सीहोर शहरी क्षेत्र से 258, श्यामपुर से 235, विकासखंड नसरुल्लागंज से 200, आष्टा से 240,  बुधनी से 69 तथा इछावर से 156 सेंपल लिए गए हैं। अभी तक कुल जांच के लिए भेजे गए सेंपल 175522 हैं जिनमें से 163691 सैंपलों की रिपोर्ट निगेटिव आई है। आज 1209 सैंपलों की रिपोर्ट निगेटिव आई है। कुल 1158 सैंपलों की रिपोर्ट आना शेष है। पैथोलॉजी द्वारा कोरोना वायरस सेंपल की रिजेक्ट संख्या कुल 00 है। जिले में जो व्यक्ति होम क्वारंटाइन में हैं उनके निवास स्थान से सीधे संवाद हेतु जिला स्तरीय कोविड-19 कॉल सेंटर स्थापित किया गया है। जिसका संपर्क नंबर- 07562-1075 है। जिला स्तर पर जिला कोविड कमांड कंट्रोल सेंटर का मोबाइल नंबर 9425400273, 7987652577, 9425400453 पर कॉल सेंटर पर संपर्क किया जा सकता है। राज्य स्तर पर 104/181 नंबर पर कॉल करके भी टेलीमेडिसिन सेवा का लाभ लिया जा सकता है। 104 नंबर पर ई परामर्श सेवा का भी लाभ लिया जा सकता है। होम क्वारंटाईन व्यक्तियों तथा उनके परिजनों के लिए हेल्पलाइन नंबर 18002330175 जारी किया गया है। होम क्वारंटाईन व्यक्ति अथवा उनके परिजन इमोशनल वेलनेस अथवा साइकोलॉजिकल सपोर्ट एवं अन्य जरूरी परामर्श मानसिक सेवा प्रदाताओं से नि%शुल्क प्राप्त कर सकते हैं। मोबाइल मेडिकल यूनिट द्वारा होम आइसोलेट व्यक्तियों की सतत निगरानी की जा रही है।


सम्पत्तियों को सूचीबद्ध करने के गृह मंत्री ने दिए निर्देश, लोक परिसम्पत्तियों के प्रबंधन संबंधी मंत्रिमण्डल समिति की बैठक सम्पन्न


गृह मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्रा ने मंत्रिमण्डल समिति की बैठक की अध्यक्षता करते हुए लोक परिसम्पत्तियों को शासन हित में सूचीबद्ध करने के निर्देश दिये। उन्होंने सभी लोक परिसम्पत्तियों का चिन्हांकन कर आवश्यक कार्यवाही करने को कहा। बैठक में वित्त मंत्री श्री जगदीश देवड़ा ने सम्पत्तियों के प्रबंधन के लिये अब तक की गई कार्यवाही के संबंध में अधिकारियों को समस्त जानकारी प्रस्तुत करने को कहा। बैठक में किसान-कल्याण तथा कृषि विकास मंत्री श्री कमल पटेल वर्चुअली सम्मिलित हुए। डॉ. मिश्रा ने प्रदेश और देश में मौजूद मध्यप्रदेश की लोक परिसम्पत्तियों के बेहतर प्रबंधन के लिये उनका चिन्हांकन कर सूचीबद्ध करने के कार्य में तेजी लाने को कहा है। उन्होंने कहा है कि सम्पत्तियों को सूचीबद्ध कर शासन हित में बेहतर और त्वरित निर्णय लिये जायेंगे। बैठक में बताया गया कि अब तक 275 लोक परिसम्पत्तियों को पोर्टल पर अपलोड किया जा चुका है। सम्पत्तियों के चिन्हांकन और अपलोडिंग का कार्य जारी है। बैठक में अपर मुख्य सचिव सामान्य प्रशासन श्री विनोद कुमार, प्रमुख सचिव श्री नीरज मण्डलोई, श्री अनिरुद्ध मुखर्जी, श्री मनीष रस्तोगी, श्री उमाकांत उमराव और अन्य अधिकारीगण उपस्थित थे।


दिव्यांगजन का खेल-परिसर और नेशनल इन्स्टीट्यूट ऑफ मेंटल हेल्थ प्रदेश के लिए अनूठी सौगात - मुख्यमंत्री श्री चौहान

  • दिव्यांगों को पहचान पत्र देने में मध्यप्रदेश प्रथम, प्रदेश के सभी 52 जिलों में बनेंगे जिला दिव्यांग पुनर्वास केन्द्र
  • मुख्यमंत्री श्री चौहान की केन्द्रीय सामाजिक न्याय और अधिकारिता मंत्री श्री गेहलोत के साथ बैठक सम्पन्न

मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि भारत सरकार की ओर से सीहोर में बनने वाला नेशनल इन्स्टीट्यूट ऑफ मेंटल हेल्थ एण्ड रिसर्च और ग्वालियर में दिव्यांगजनों के लिए निर्मित हो रहा खेल परिसर प्रदेश के लिए अनूठी सौगात है। राज्य सरकार दिव्यांगजन के कल्याण के लिए निरंतर सक्रिय है। प्रदेश में लगभग 6 लाख दिव्यांगजन को पहचान पत्र उपलब्ध कराये गये हैं। केन्द्र सरकार द्वारा भी इस दिशा में भरपूर सहयोग प्रदान किया जा रहा है। मुख्यमंत्री श्री चौहान केन्द्रीय सामाजिक न्याय और अधिकारिता मंत्री श्री थावरचंद गेहलोत के साथ मंत्रालय में बैठक को संबोधित कर रहे थे। बैठक में सामाजिक न्याय एवं निरूशक्तजन कल्याण मंत्री श्री प्रेम सिंह पटेल, मुख्य सचिव श्री इकबाल सिंह बैंस, प्रमुख सचिव सामाजिक न्याय एवं निरूशक्तजन कल्याण श्री प्रतीक हजेला, आयुक्त निरूशक्तजन श्री संदीप रजक सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।


मेंटल हेल्थ पर संचालित होंगे पाठ्यक्रम

जानकारी दी गई कि सीहोर में भारत सरकार द्वारा 179 करोड़ 40 लाख रूपये की लागत से इन्स्टीट्यूट ऑफ मेंटल हेल्थ एण्ड रिसर्च का निर्माण किया जा रहा है। इसके लिए राज्य शासन द्वारा 25 एकड़ भूमि नि:शुल्क उपलब्ध कराई गई है। जून 2022 तक पूर्ण होने वाले इस राष्ट्रीय स्तर के संस्थान में मेंटल हेल्थ पर सर्टिफिकेट कोर्स और प्रशिक्षण गतिविधियाँ संचालित की जायेंगी। ग्वालियर में 170 करोड़ की लागत से दिव्यांगजनों के लिए बन रहे खेल-परिसर के लिए राज्य सरकार द्वारा 34 एकड़ भूमि निरूशुल्क उपलब्ध कराई गई है।


दिव्यांगों और ट्रांसजेंडर को पहचान पत्र देने में प्रदेश देश में प्रथम

केन्द्रीय मंत्री श्री थावरचंद गेहलोत ने दिव्यांगजनों को पहचान पत्र जारी करने में देश में प्रथम रहने पर मुख्यमंत्री श्री चौहान को बधाई दी। बैठक में जानकारी दी गई कि भारत सरकार द्वारा निर्धारित 6 लाख 7 हजार 313 के लक्ष्य के विरूद्ध 5 लाख 97 हजार 170 दिव्यांगजन को पहचान पत्र जारी किये गये हैं। मंत्री श्री गेहलोत ने कहा कि ट्रांसजेंडरों को पहचान पत्र देने में भी मध्यप्रदेश देश में प्रथम रहा है। यह सराहनीय है। इस पहचान पत्र के आधार पर ट्रांसजेंडरों को कोरोना कर्फ्यू अवधि में दो बार आर्थिक सहायता भी उपलब्ध कराई गई। बताया गया कि भोपाल कलेक्टर द्वारा 8 जनवरीए 2021 को ट्रांसजेण्डर व्यक्तियों को सर्वप्रथम पहचान पत्र जारी किये गये।


पेंशन राशि के भुगतान के लिए केन्द्र शासन से अनुरोध

मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि सामाजिक सहायता कार्यक्रम के अंतर्गत संचालित इंदिरा गांधी राष्ट्रीय वृद्धावस्था, विधवा और निरूशक्तजन पेंशन योजनाओं में प्रदेश में 33 लाख 43 हजार हितग्राही लाभान्वित हो रहे हैं। इनमें से 11 लाख 38 हजार हितग्राहियों को राज्य सरकार की ओर से पेंशन का भुगतान किया जा रहा है। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने इन 11 लाख 38 हजार हितग्राहियों के लिए भी केंद्र सरकार की ओर से पेंशन राशि के भुगतान का अनुरोध किया।


दिव्यांगजनों की सुगमता के लिए शासकीय भवनों में रैम्प व लिफ्ट की व्यवस्था

मुख्यमंत्री श्री चौहान ने दिव्यांगजनों की सुगमता के लिए प्रदेश के शासकीय भवनों में रैम्प और लिफ्ट आदि के निर्माण के लिए 81 करोड़ सात लाख रूपये कि स्वीकृति केन्द्र सरकार से जल्द जारी करने का अनुरोध किया।


प्रदेश के सभी 52 जिलों में बनेंगे जिला दिव्यांग पुनर्वास केन्द्र

मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि प्रदेश के 24 जिलों के लिए स्वीकृत जिला दिव्यांग पुनर्वास केंद्रों के बजट आवंटन प्रस्ताव केन्द्र शासन को भेजे गये हैं। दिव्यांग पुनर्वास केन्द्रए दिव्यांगों के लिए उपयोगी और लाभकारी हैं। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने प्रदेश के समस्त 52 जिलों में दिव्यांग पुनर्वास केंद्रों के लिए बजट स्वीकृत करने का अनुरोध किया। केन्द्रीय मंत्री श्री गेहलोत ने इस पर सहमति प्रदान करते हुए एक सप्ताह में प्रस्ताव भारत सरकार को भेजने के निर्देश दिये।


समर्पित और सेवाभावी स्वयंसेवी संस्थाओं को ही दी जाये जिम्मेदारी

मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि समर्पित और सेवाभावी स्वयं-सेवी संस्थाओं को ही दिव्यांग कल्याण और पुनर्वास से संबंधित दायित्व सौंपे जाएँ। स्वयं-सेवी संस्थाओं द्वारा संचालित केंद्रों के हितग्राहियों की स्थिति की समीक्षा भी नियमित रूप से सुनिश्चित की जाएँ।


रात 11 से सुबह 6 बजे तक रहेगा रात्रिकालीन कोरोना कर्फ्यू


जिले में कोरोना संक्रमण की दर में कमी को देखते हुए समय-समय पर कोरोना कर्फ्यू के प्रतिबंधों में शिथिलता के संबंध में आदेश जारी किए गए है। जिला दण्‍डाधिकारी श्री चन्द्र मोहन ठाकुर ने संशोधित आदेश जारी किए हैं। इस आदेश के तहत जिले के समस्त नगरीय क्षेत्रों में अब रात्रि कोरोना कर्फ्यू रात 10 बजे के स्थान पर रात 11 बजे से सुबह 6 बजे तक रहेगा। यह आदेश तत्काल प्रभावशील होकर आगामी आदेश तक लागू रहेगा।


आबकारी विभाग ने छापामार कार्रवाई कर अवैध मदिरा जप्त की


जिले में अवैध मदिरा के विरुद्ध कलेक्टर श्री चन्द्र मोहन ठाकुर के निर्देश पर आबकारी विभाग निरंतर कार्रवाई की जा रही है। आबकारी अमले ने सीहोर, दोराहा, आष्टा, बुदनी, नसरूल्लागंज में 29 प्रकरणों में कार्रवाई करते हुए 74.6 लीटर देशी़, विदेशी, कच्ची मदिरा और 11383 किलोग्राम महुआ लाहन जप्त किया है। आबकारी अधिकारी कीर्ति दुबे ने बताया कि इन तीनों प्रकरणों में कार्रवाई करते हुए मप्र आबकारी अधिनियम 1915 की विभिन्न धाराओं के अन्तर्गत कोरोना कर्फ्यू की अवधि में 29 प्रकरण दर्ज कर 74.6 लीटर देशी, विदेशी, कच्ची मदिरा तथा 11383 किग्रा महुआ लाहन जप्त किया है जिसकी अनुमानित कीमत 5 लाख 69 हजार 150 रुपये है। इस कार्यवाही में आबकारी उपनिरीक्षक चन्दरसिंह और टीम शामिल थी।


डोर टू डोर सर्वे कर पात्र हितग्राहियों को योजनाओं का लाभ दिलाएं

  • संभागायुक्त श्री कियावत ने की महिला एवं बाल विकास कार्यों की सम्भाग-स्तरीय समीक्षा

कोविड संक्रमण रोकने के लिए महिला एवं बाल विकास के मैदानी अमले ने सराहनीय कार्य किया। सभी बधाई के पात्र हैं पर अब लॉक-डाउन के कारण रूके कार्यों को प्राथमिकता पर करने का समय आ गया है। यह निर्देश महिला एवं बाल विकास विभाग की संभागीय स्तरीय समीक्षा बैठक में संभागायुक्त श्री कवीन्द्र कियावत ने दिए। उन्होंने कहा कि आंगनबाड़ी कार्यकर्ता डोर टू डोर सर्वे करके समग्र जानकारी एकत्र कर पात्र हितग्राहियों को विभाग की योजनाओं का लाभ दिलाएं। लाडली लक्ष्मी, प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना, फोस्टर केयर, मुख्यमंत्री बाल सहायता सहित सभी योजनाओं के फार्म तत्क्षण भरवाएं। पात्र व्यक्ति के प्रकरण की स्वीकृति यथाशीघ्र की जाए। सर्वे टीम अन्य संबंधित विभागों की योजनाओं का लाभ हितग्राहियों को दिलाने में सहयोग करें, जैसे स्वास्थ्य विभाग की प्रसूति सहायता, जननी सुरक्षा, राष्ट्रीय परिवार सुरक्षा, संबल योजना के पात्र हितग्राहियों की जानकारी अन्य विभागों को भेजी जाए। हितग्राहियों को लाभ लेने के लिए जागरूक किया जाए। श्री कियावत ने कहा कि सभी योजनाओं के हितग्राहियों की जानकारी विभाग के पोर्टल पर उपलब्ध रहे।


लाड़ली लक्ष्मी योजना के तहत बेटियों की छात्रवृत्ति समय पर उनके खाते में जाए

संभागायुक्त श्री कियावत ने निर्देश दिए कि सर्वे टीम बनाकर डोर टू डोर सर्वे कराया जाए। सर्वे के पहले टीम को एक दिवसीय प्रशिक्षण दिया जाए। टीम अपने साथ योजनाओं के फार्म भी रखे, पात्र हितग्राहियों से तत्क्षण फार्म भरवाए जाएं। रिहायशी इलाकों में भी कई ऐसे घर होंगे जहाँ पात्र हितग्राही हो सकते हैं। नगर पालिका और नगरीय निकायों में मेप लेकर सघन सर्वे कराया जाए। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और सहायिका की टीम सर्वे में एक भी घर न छोड़े। सर्वे कर निश्चित फार्मेट में जानकारी लेख बद्ध करके लाएं। जितना अच्छा सर्वे होगा परिणाम उतने ही अच्छे आएंगे। सर्वेकर्ता टीम से प्रमाण-पत्र लें कि उनके क्षेत्र में कोई भी पात्र हितग्राही नहीं छूटा है। लाडली लक्ष्मी बेटियों को 6,9, 11 एवं 12वीं कक्षा की छात्रवृत्ति समय पर उनके खाते में जमा की जाए।


शत-प्रतिशत टीकाकरण से ही रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ेगी

संभागायुक्त श्री कियावत ने निर्देश दिए कि स्वास्थ्य विभाग से समन्वय कर कोरोना महामारी के कारण सामान्य टीकाकरण से छूटे बच्चों एवं गर्भवती माताओं का अभियान चलाकर शत-प्रतिशत टीकाकरण कराएं। मंगलवार और शुक्रवार को आंगनबाड़ी में अधिकाधिक टीकाकरण के लक्ष्य को ध्यान में रखकर कारगर प्रयास किए जाएं। उन्होंने कहा कि टीकाकरण का शत-प्रतिशत लक्ष्य जुलाई माह के अंत तक पूरा करें। टीकाकरण में कोई शिथिलता या चूक न हो। शत-प्रतिशत टीकाकरण से की जन समुदाय की रोक प्रतिरोधक क्षमता बढ़ेगी।


पोषण वाटिका स्वास्थ्य के लिये अमृत समान

संभागायुक्त श्री कियावत ने पोषण वाटिका योजना की समीक्षा करते हुए कहा कि परिवारों को पोषण के लिये आत्म- निर्भर बनाएं। प्रत्येक घर में थोड़ी बहुत जगह ऐसी होती है जिसमें साग-सब्जी या छोटे फलदार वृक्ष लगाए जा सकते हैं, इस तरह सभी सदस्यों को शुद्ध प्राणवायु के साथ ताजा फल और सब्जी भी मिलेगी जिसके उपयोग से शरीर की प्रतिरोधी क्षमता भी बढ़ेगी। सभी सुरक्षित चाहर दीवारी वाली आंगनबाड़ियों में सहजन, नीम, अमरूद, सीताफल आदि के पौधारोपण के साथ प्रति घर एक पोधे के लिए सबको प्रेरित करें। सभी को पौधों का महत्व समझाएं और लोगों को स्वस्थ जीवन से जोड़ें। इस मुहिम में स्थानीय, जनप्रतिनिधियों, सामाजिक संगठनों और अन्य विभागों को जोड़कर हर घर में पौधारोपण कराएं। पोषण वाटिका में उत्पादित फल, सब्जियां स्वास्थ्य के लिए अमृत का कार्य करेंगी।


बच्चे देश और समाज की अमूल्य निधि

संभागायुक्त श्री कियावत ने निर्देश दिये कि पिछले 10 से 12 साल में जन्मे और पंजीकृत बच्चे का अभियान चलाकर ट्रेसिंग की जाए कि सभी बच्चे अपने परिवार में सुरक्षित हैं कि नहीं। गुमशुदा ऐसे बच्चे जिनकी थाने में रिपोर्ट न हुई हो, की पता सहित जानकारी एक की जाए। पुलिस विभाग की सहायता से प्राथमिकता के आधार पर ऐसे सभी बच्चों की तलाश की जाएगी। उन्होंने कहा कि हमारे बच्चे देश और समाज की अमूल्य निधि हैं और उनकी सुरक्षा हमारा सर्वोपरि दायित्व है। वीडियो कान्फ्रेंस में संयुक्त आयुक्त श्री अनिल कुमार द्विवेदी एवं विभाग के अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे। वीडियो कान्फ्रेंस के माध्यम से संभाग के सभी जिलों के डीपीओ, सीडीपीओ, सेक्टर सुपरवाइजर्स को संभागायुक्त द्वारा अन्य आवश्यक निर्देश भी दिए गए।


कोरोना की तीसरी लहर का सामना करने के लिए तैयारियाँ जारी - मुख्यमंत्री श्री चौहान

  • कोरोना के कष्ट को भूलें नहीं - सावधानी जरूरी है, भोपाल का काटजू सिविल अस्पताल बना 200 बिस्तरीय डेडिकेटेड कोविड हॉस्पिटल -मुख्यमंत्री श्री चौहान ने किया लोकार्पण

मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि राज्य शासन कोरोना की संभावित तीसरी लहर का सामना करने के लिए हर संभव तैयारी कर रही है। डॉ. कैलाश नाथ काटजू सिविल अस्पताल को डेडिकेटेड कोविड अस्पताल के रूप में विकसित करना इसी दिशा में एक कदम है। मुख्यमंत्री श्री चौहान काटजू सिविल अस्पताल के 200 बिस्तरीय डेडिकेटेड कोविड अस्पताल के रूप में उन्नयन उपरांत लोकार्पण समारोह को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा है कि कोरोना संक्रमण की दूसरी लहर के कष्टों को हम भुलायें नहीं। कोरोना अभी गया नहीं है। यह सच है कि प्रदेश में प्रकरण कम हो रहे हैं। तीन दिन पहले प्रदेश में 38 प्रकरण थे, कल 40 थे और आज 43 हो गये। यह भी कटु सत्य है कि कोरोना का डेल्टा प्लस वेरियंट कई देशों में कहर बरपा रहा है। केरल और महाराष्ट्र में कोरोना प्रभावितों की संख्या बढ़ रही है। लॉकडाउन बचाव का स्थाई समाधान नहीं है। इससे कई घरों के रोजगार और कारोबार टूट जाते हैं। सावधानी में ही सुरक्षा है। तीसरी लहर से बचाव के लिए कोविड अनुकूल व्यवहार का पालन और सभी सावधानियाँ रखना जरूरी हैं। सांसद साध्वी प्रज्ञा सिंह, विधायक श्री पीसी शर्मा और श्री विष्णु खत्री और केयर इंडिया संस्था के श्री मनीष माथुर भी कार्यक्रम में उपस्थित थे। मध्यप्रदेश गान के साथ कार्यक्रम आरंभ हुआ।


केयर इंडिया के सहयोग से हुआ उन्नयन

मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि प्रदेश में कोरोना संकट का सामना जन-भागीदारी के आधार पर किया गया है। तीसरी लहर का सामना करने के लिए भी राज्य सरकार, जन-प्रतिनिधि और स्वयंसेवी संस्थाएँ सभी साथ हैं। काटजू डेडिकेटड अस्पताल के उन्नयन में केयर इंडिया संस्थान का सहयोग रहा है। समाज के प्रति दायित्व और सेवा-भाव से संस्था द्वारा अस्पताल का संचालन किया जायेगा। राज्य शासन की ओर से संस्थान को किसी प्रकार का भुगतान नहीं किया जायेगा। अन्य स्थानों पर भी स्वयंसेवी और निजी संस्थाओं से इस प्रकार का सहयोग प्राप्त हो रहा है।


यदि एक पॉजिटिव मिलेगा तो 25 की कांटेक्ट ट्रेसिंग करेंगे

मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि कोरोना की तीसरी लहर से बचाव के लिए टेस्टिंग और ट्रेसिंग सघन रूप से जारी हैं। प्रदेश में प्रतिदिन 75 हजार से अधिक टेस्ट हो रहे हैं। यदि एक व्यक्ति पॉजिटिव मिलता है तो 25 लोगों की कांटेक्ट ट्रेसिंग की जा रही है। यह इस उद्देश्य से है कि संक्रमण बढ़ने की किसी भी स्थिति को तत्काल नियंत्रित किया जा सके। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि टीकाकरण कोरोना से बचाव का सशक्त उपाय है। जिन लोगों ने पहली डोज लगवाई है वे निश्चित समय के बाद टीके की दूसरी डोज अवश्य लगवायें।


बेहतर टीमवर्क से आये परिणाम

स्वास्थ्य मंत्री डॉ. प्रभुराम चौधरी ने कहा कि मुख्यमंत्री श्री चौहान ने बेहतर टीमवर्क के साथ समाज के सभी वर्गों को जोड़ कर जन-भागीदारी का जो मॉडल प्रदेश में विकसित किया वह पूरे देश में एक मिसाल बना।


मुख्यमंत्री श्री चौहान ऑक्सीजन टेंकरों के ड्राइवरों से भी सम्पर्क में रहे

कित्सा शिक्षा मंत्री श्री विश्वास सारंग ने कहा कि मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कोरोना संकट से बचाव के लिए आवश्यक सावधानियों के पालन को जन-आन्दोलन खड़ा कर दिया है। कोरोना संक्रमण की दूसरी लहर के समय मुख्यमंत्री श्री चौहान द्वारा व्यवस्थाओं की लगातार की गई निगरानी के परिणाम स्वरूप ही प्रदेश में कोरोना पर नियंत्रण संभव हो पाया। मंत्री श्री सारंग ने ऑक्सीजन आपूर्ति के लिए प्रतिबद्धता का स्मरण करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री श्री चौहान ने ऑक्सीजन के टेंकरों के आवागमन की स्थिति पर 24 घंटे नजर रखी। इस दौरान टेंकरों की वास्तविक लोकेशन जानने और जल्द से जल्द ऑक्सीजन आपूर्ति के लिए मुख्यमंत्री श्री चौहान ने ऑक्सीजन टेंकरों के चालकों से भी मोबाइल पर संवाद किया और उन्हें प्रेरित किया। मंत्री श्री सारंग ने डेडिकेटेड कोविड सेंटर के लिए मुख्यमंत्री श्री चौहान का आभार माना। 


50 आईसीयू व 150 ऑक्सीजन बेड्स की व्यवस्था

डेडिकेटेड अस्पताल में कुल 200 बिस्तरों में से 50 बिस्तर पर सुसज्जित गहन चिकित्सा इकाई आईसीयू संचालित की जायेंगी।  इसमें वेन्टीलेटर, सक्शन, ऑक्सीजन, औषधि, समस्त आवश्यक उपकरणए जाँच की सुविधा और विशेषज्ञ चिकित्सकों द्वारा उपचार की सुविधा 24X7 उपलब्ध रहेगी। सेंटर में 150 बिस्तरीय ऑक्सीजन सपोर्टेड बेड्स की व्यवस्था भी है।


5 विशेषज्ञ चिकित्सक, 28 मेडिकल ऑफिसर, 38 स्टॉफ नर्सेस की रहेगी व्यवस्था

संस्था में उपकरण, औषधि, सामग्री राज्य शासन तथा केयर इंडिया द्वारा उपलब्ध कराये गये हैं। समस्त बिस्तरों पर सेन्ट्रलाईज पाइपलाइन के माध्यम से ऑक्सीजन सुविधा रहेगी। ऑक्सीजन प्लांट शासन मद और अमेरिकन इंडिया फाउण्डेशन के सहयोग से स्थापित किये जा रहे हैं। वर्तमान में ऑक्सीजन आपूर्ति के लिए 300 जम्बो सिलेण्डर्स की व्यवस्था की गयी है। एक किलो लीटर की क्षमता का लिक्विड मेडिकल ऑक्सीजन टैंक भी स्थापित किया गया है। केयर इंडिया द्वारा 5 विशेषज्ञ चिकित्सकए 28  सुरक्षा व्यवस्था, लैब सुविधाए सीटी स्केन के भुगतान की व्यवस्था के लिए सहयोग किया जायेगा।


नवनिर्मित डेडिकेटेड कोविड अस्पताल

डॉ. कैलाश नाथ काटजू अस्पताल कुल 6 हजार वर्ग मीटर भूमि पर निर्मित हुआ है। सिविल अस्पताल भवन में आधारतल, भू-तल सहित कुल पाँच तल निर्मित हैं, जिसका निर्माण क्षेत्र 15 हजार 920 वर्ग मीटर है। मरीजों की सुविधा की दृष्टि से भवन में 3 लिफ्ट एवं रैम्प इत्यादि की सुविधा उपलब्ध  डॉ. कैलाश नाथ काटजू सिविल अस्पताल द्वारा किया जायेगा। इस अस्पताल के संचालन से स्थानीय स्तर पर आमजन को कोविड-19 का गुणवत्तापूर्ण और स्तरीय उपचार नि:शुल्क उपलब्ध कराया जा सकेगा। मेडिकल कॉलेज तथा अन्य अस्पतालों पर कोरोना मरीजों से आने वाले भार में कमी आयेगी। कोविड-19 की संभावित तीसरी लहर की चुनौती का सामना करने में इस अस्पताल का महत्वपूर्ण योगदान होगा।

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